2 Chronicles · chapter 6 · verse 31
2 Chronicles 6:31 in Hindi
कि वे जितने दिन इस देश में रहें, जिसे तू ने उनके पुरखाओं को दिया था, उतने दिन तक तेरा भय मानते हुए तेरे मार्गों पर चलते रहें।
Ki ve jitane din is desh mem rahem, jise too ne unake purakhaaom ko diyaa thaa, utane din tak teraa bhay maanate hue tere maargom par chalate rahen.
2 Chronicles 6:31 in English
- King James Version (KJV)
- That they may fear thee, to walk in thy ways, so long as they live in the land which thou gavest unto our fathers.
- World English Bible (WEB)
- that they may fear you, to walk in your ways as long as they live in the land which you gave to our fathers.
- American Standard Version (ASV)
- that they may fear thee, to walk in thy ways, so long as they live in the land which thou gavest unto our fathers.
- Bible in Basic English (BBE)
- So that they may give you worship, walking in your ways, as long as they are living in the land which you gave to our fathers.
- Darby Translation (DBY)
- that they may fear thee, to walk in thy ways, all the days that they live upon the land which thou gavest unto our fathers.
- Webster's Bible (WBS)
- That they may fear thee, to walk in thy ways, so long as they live in the land which thou gavest to our fathers.
- Young's Literal Translation (YLT)
- so that they fear Thee, to walk in Thy ways, all the days that they are living on the face of the ground that Thou hast given to our fathers.
Read in context
- 29तब यदि कोई मनुष्य वा तेरी सारी प्रजा इस्राएल जो अपना अपना दु:ख और अपना अपना खेद जान कर और गिड़गिड़ाहट के साथ प्रार्थना कर के अपने हाथ इस भवन की ओर फैलाए;
- 30तो तू अपने स्वगींय निवासस्थान से सुन कर क्षमा करना, और एक एक के मन की जानकर उसकी चाल के अनुसार उसे फल देना; (तू ही तो आदमियों के मन का जानने वाला है);
- 31कि वे जितने दिन इस देश में रहें, जिसे तू ने उनके पुरखाओं को दिया था, उतने दिन तक तेरा भय मानते हुए तेरे मार्गों पर चलते रहें।
- 32फिर परदेशी भी जो तेरी प्रजा इस्राएल का न हो, जब वह तेरे बड़े नाम और बलवन्त हाथ और बढ़ाई हुई भुजा के कारण दूर देश से आए, और आकर इस भवन की ओर मुंह किए हुए प्रार्थना करे,
- 33तब तू अपने स्वगींय निवास स्थान में से सुने, और जिस बात के लिये ऐसा परदेशी तुझे पुकारे, उसके अनुसार करना; जिस से पृथ्वी के सब देशों के लोग तेरा नाम जान कर, तेरी प्रजा इस्राएल की नाईं तेरा भय मानें; और निश्चय करें, कि यह भवन जो मैं ने बनाया है, वह तेरा ही कहलाता हैं।
Cross references
- Job 28:28 अय्यूब 28:28तब उस न मनुष्य से कहा, देख, प्रभु का भय मानना यही बुध्दि हैे और बुराई से दूर रहना यही समझ है।
- Exodus 20:20 निर्गमन 20:20मूसा ने लोगों से कहा, डरो मत; क्योंकि परमेश्वर इस निमित्त आया है कि तुम्हारी परीक्षा करे, और उसका भय तुम्हारे मन में बना रहे, कि तुम पाप न करो।
- Acts 9:31 प्रेरितों के काम 9:31सो सारे यहूदिया, और गलील, और समरिया में कलीसिया को चैन मिला, और उसकी उन्नति होती गई; और वह प्रभु के भय और पवित्रा आत्मा की शान्ति में चलती और बढ़ती जाती थी।।
- 1 Samuel 12:24 1 शमूएल 12:24केवल इतना हो कि तुम लोग यहोवा का भय मानो, और सच्चाई से अपने सम्पूर्ण मान के साथ उसकी उपासना करो; क्योंकि यह तो सोचो कि उस ने तुम्हारे लिये कैसे बड़े बड़े काम किए हैं।
- Psalm 128:1 भजन संहिता 128:1क्या ही धन्य है हर एक जो यहोवा का भय मानता है, और उसके मार्गों पर चलता है!
- Psalm 130:4 भजन संहिता 130:4परन्तु तू क्षमा करनेवाला है? जिस से तेरा भय माना जाए।