Amos · chapter 9 · verse 14
Amos 9:14 in Hindi
मैं अपनी प्रजा इस्राएल के बंधुओं को फेर ले आऊंगा, और वे उजड़े हुए नगरों को सुधारकर उन में बसेंगे; वे दाख की बारियां लगाकर दाखमधु पीएंगे, और बगीचे लगाकर उनके फल खाएंगे।
Maim apanee prajaa israael ke bandhuom ko pher le aaoongaa, aur ve ujade hue nagarom ko sudhaarakar un mem basenge; ve daakh kee baariyaam lagaakar daakhamadhu peeenge, aur bageeche lagaakar unake phal khaaenge.
Amos 9:14 in English
- King James Version (KJV)
- And I will bring again the captivity of my people of Israel, and they shall build the waste cities, and inhabit [them;] and they shall plant vineyards, and drink the wine thereof; they shall also make gardens, and eat the fruit of them.
- World English Bible (WEB)
- I will bring my people Israel back from captivity, and they will rebuild the ruined cities, and inhabit them; and they will plant vineyards, and drink wine from them. They shall also make gardens, and eat their fruit.
- American Standard Version (ASV)
- And I will bring back the captivity of my people Israel, and they shall build the waste cities, and inhabit them; and they shall plant vineyards, and drink the wine thereof; they shall also make gardens, and eat the fruit of them.
- Bible in Basic English (BBE)
- And I will let the fate of my people Israel be changed, and they will be building up again the waste towns and living in them; they will again be planting vine-gardens and taking the wine for their drink; and they will make gardens and get the fruit of them.
- Darby Translation (DBY)
- And I will turn again the captivity of my people Israel, and they shall build the waste cities, and inhabit them; and they shall plant vineyards, and drink the wine thereof; and they shall make gardens, and eat the fruit of them.
- Webster's Bible (WBS)
- And I will bring again the captivity of my people of Israel, and they shall build the waste cities, and inhabit [them] ; and they shall plant vineyards, and drink the wine of them; they shall also make gardens, and eat the fruit of them.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And I have turned back [to] the captivity of My people Israel, And they have built desolate cities, and inhabited, And have planted vineyards, and drunk their wine, And made gardens, and eaten their fruit.
Read in context
- 12जिस से वे बचे हुए एदोमियों को वरन सब अन्यजातियों को जो मेरी कहलाती है, अपने अधिकार में लें, यहोवा जो यह काम पूरा करता है, उसकी यही वाणी है।।
- 13यहोवा की यह भी वाणी है, देखो, ऐसे दिन आते हैं, कि हल जोतनेवाला लवनेवाले को और दाख रौंदनेवाला बीच बोनेवाले को जा लेगा; और पहाड़ों से नया दाखमधु टपकने लगेगा, और सब पहाड़ियों से बह निकलेगा।
- 14मैं अपनी प्रजा इस्राएल के बंधुओं को फेर ले आऊंगा, और वे उजड़े हुए नगरों को सुधारकर उन में बसेंगे; वे दाख की बारियां लगाकर दाखमधु पीएंगे, और बगीचे लगाकर उनके फल खाएंगे।
- 15मैं उन्हें, उन्हीं की भूमि में बोऊंगा, और वे अपनी भूमि में से जो मैं ने उन्हें दी है, फिर कभी उखाड़े न जाएंगे, तुम्हारे परमेश्वर यहोवा का यही वचन है।।
Cross references
- Isaiah 61:4 यशायाह 61:4तब वे बहुत काल के उजड़े हुए स्थानों को फिर बसाएंगे, पूर्वकाल से पड़े हुए खण्डहरों में वे फिर घर बनाएंगे; उजड़े हुए नगरों को जो पीढ़ी पीढ़ी में उजड़े हुए हों वे फिर नये सिरे से बसाएंगे।।
- Jeremiah 30:3 यिर्मयाह 30:3क्योंकि यहोवा की यह वाणी है, ऐसे दिन आते हैं कि मैं अपनी इस्राएली और यहूदी प्रजा को बंधुआई से लौटा लाऊंगा; और जो देश मैं ने उनके पितरों को दिया था उस में उन्हें फेर ले आऊंगा, और वे फिर उसके अधिकारी होंगे, यहोवा का यही वचन हे।
- Jeremiah 30:18 यिर्मयाह 30:18यहोवा कहता हैे मैं याकूब के तम्बू को बंधुआई से लौटाता हूँ और उसके घरों पर दया करूंगा; ओर नगर अपने ही खण्डहर पर फिर बसेगा, और राजभवन पहिले के अनुसार फिर बन जाएगा।
- Ezekiel 28:26 यहेजकेल 28:26वे उस में निडर बसे रहेंगे; वे घर बनाकर और दाख की बारियां लगाकर निडर रहेंगे; तब मैं उनके चारों ओर के सब लोगों को दण्ड दूंगा जो उन से अभिमान का बर्ताव करते हैं, तब वे जान लेंगे कि उनका परमेश्वर यहोवा ही है।
- Jeremiah 31:28 यिर्मयाह 31:28और जिस प्रकार से मैं सोच सोचकर उन को गिराता और ढाता, नष्ट करता, काट डालता और सत्यानाश ही करता था, उसी प्रकार से मैं अब सोच सोचकर उन को रोपूंगा और बढ़ाऊंगा, यहोवा की यही वाणी है।
- Isaiah 65:21 यशायाह 65:21वे घर बनाकर उन में बसेंगे; वे दाख की बारियां लगाकर उनका फल खाएंगे।
- Psalm 53:6 भजन संहिता 53:6भला होता कि इस्राएल का पूरा उद्धार सिरयोन से निकलता! जब परमेश्वर अपनी प्रजा को बन्धुवाई से लौटा ले आएगा तब याकूब मगन और इस्राएल आनन्दित होगा।।
- Ezekiel 37:25–28 यहेजकेल 37:25–28वे उस देश में रहेंगे जिसे मैं ने अपने दास याकूब को दिया था; और जिस में तुम्हारे पुरखा रहते थे, उसी में वे और उनके बेटे- पोते सदा बसे रहेंगे; और मेरा दास दाऊद सदा उनका प्रधान रहेगा। मैं उनके साथ शान्ति की वाचा बान्धूंगा; वह सदा की वाचा ठहरेगी; और मैं उन्हें स्थान देकर गिनती में बढ़ाऊंगा, और उनके बीच अपना पवित्रास्थान सदा बनाए रखूंगा। मेरे निवास का तम्बू उनके ऊपर तना रहेगा; और मैं उनका परमेश्वर हूंगा, और वे मेरी प्रजा होंगे। और जब मेरा पवित्रास्थान उनके बीच सदा के लिये रहेगा, तब सब जातियां जान लेंगी कि मैं यहोवा इस्राएल का पवित्रा करनेवाला हूँ।
- Jeremiah 31:38–40 यिर्मयाह 31:38–40देख, यहोवा की यह वाणी है, ऐसे दिन आ रहे हैं जिन में यह नगर हननेल के गुम्मट से ले कर कोने के फाटक तक यहोवा के लिये बनाया जाएगा। और मापने की रस्सी फिर आगे बढ़कर सीधी गारेब पहाड़ी तक, और वहां से घूमकर गोआ को पहुंचेगी। और लोथों और राख की सब तराई और किद्रोन नाले तक जितने खेत हैं, घोड़ों के पूवीं फाटक के कोने तक जितनी भूमि है, वह सब यहोवा के लिये पवित्र ठहरेगी। सदा तक वह नगर फिर कभी न तो गिराया जाएगा और न ढाया जाएगा
- Isaiah 62:8–9 यशायाह 62:8–9यहोवा ने अपने दहिने हाथ की और अपनी बलवन्त भुजा की शपथ खाई है: निश्चय मैं भविष्य में तेरा अन्न अब फिर तेरे शत्रुओं को खाने के लिये न दूंगा, और परदेशियों के पुत्रा तेरा नया दाखमधु जिसके लिये तू ने परिश्रम किया है, नहीं पीने पाएंगे; केवल वे ही, जिन्हों ने उसे खत्ते में रखा हो, उस से खाकर यहोवा की स्तुति करेंगे, और जिन्हों ने दाखमधु भण्डारों में रखा हो, वे ही उसे मेरे पवित्रास्थान के आंगनों में पीने पाएंगे।।
- Ezekiel 39:25 यहेजकेल 39:25इसलिये परमेश्वर यहोवा यों कहता है, अब मैं याकूब को बंधुआई से फेर लाऊंगा, और इस्राएल के सारे घराने पर दया करूंगा; और अपने पवित्रा नाम के लिये मुझे जलन होगी।
- Jeremiah 31:23 यिर्मयाह 31:23इस्राएल का परमेश्वर सेनाओं का यहोवा यों कहता है: जब मैं यहूदी बंधुओं को उनके देश के नगरों में लौटाऊंगा, तब उन में यह आशीर्वाद फिर दिया जाएगा: हे धर्मभरे वासस्थान, हे पवित्र पर्वत, यहोवा तुझे आशीष दे!
Original words (Hebrew)
- again · H7725שׁוּב shûwb
- captivity · H7622שְׁבוּת shᵉbûwth
- people · H5971עַם ʻam
- Israel · H3478יִשְׂרָאֵל Yisrâʼêl
- build · H1129בָּנָה bânâh
- waste · H8074שָׁמֵם shâmêm
- cities · H5892עִיר ʻîyr
- inhabit · H3427יָשַׁב yâshab
- plant · H5193נָטַע nâṭaʻ
- vineyards · H3754כֶּרֶם kerem
- drink · H8354שָׁתָה shâthâh
- wine · H3196יַיִן yayin
- make · H6213עָשָׂה ʻâsâh
- gardens · H1593גַּנָּה gannâh
- eat · H398אָכַל ʼâkal
- fruit · H6529פְּרִי pᵉrîy