Deuteronomy · chapter 29 · verse 2
Deuteronomy 29:2 in Hindi
फिर मूसा ने सब इस्त्राएलियों को बुलाकर कहा, जो कुछ यहोवा ने मि देश में तुम्हारे देखते फिरौन और उसके सब कर्मचारियों, और उसके सारे देश से किया वह तुम ने देखा है;
Phir moosaa ne sab istraaeliyom ko bulaakar kahaa, jo kuchh yahovaa ne mi desh mem tumhaare dekhate phiraun aur usake sab karmachaariyom, aur usake saare desh se kiyaa vah tum ne dekhaa hai;
Deuteronomy 29:2 in English
- King James Version (KJV)
- And Moses called unto all Israel, and said unto them, Ye have seen all that the LORD did before your eyes in the land of Egypt unto Pharaoh, and unto all his servants, and unto all his land;
- World English Bible (WEB)
- Moses called to all Israel, and said to them: Your eyes have seen all that the LORD did in the land of Egypt to Pharaoh, and to all his servants, and to all his land;
- American Standard Version (ASV)
- And Moses called unto all Israel, and said unto them, Ye have seen all that Jehovah did before your eyes in the land of Egypt unto Pharaoh, and unto all his servants, and unto all his land;
- Bible in Basic English (BBE)
- And Moses said in the hearing of all Israel, You have seen all the Lord did before your eyes in the land of Egypt to Pharaoh and to all his servants and all his land;
- Darby Translation (DBY)
- And Moses called to all Israel, and said unto them, Ye have seen all that Jehovah did before your eyes in the land of Egypt to Pharaoh, and to all his bondmen, and to all his land:
- Webster's Bible (WBS)
- And Moses called to all Israel, and said to them, Ye have seen all that the LORD did before your eyes in the land of Egypt to Pharaoh, and to all his servants, and to all his land;
- Young's Literal Translation (YLT)
- And Moses calleth unto all Israel, and saith unto them, 'Ye — ye have seen all that which Jehovah hath done before your eyes in the land of Egypt, to Pharaoh, and to all his servants, and to all his land;
Read in context
- 1इस्त्राएलियों से जिस वाचा के बान्धने की आज्ञा यहोवा ने मूसा को मोआब के देश में दी उसके ये ही वचन हैं, और जो वाचा उस ने उन से होरेब पहाड़ पर बान्धी थी यह उस से अलग है।
- 2फिर मूसा ने सब इस्त्राएलियों को बुलाकर कहा, जो कुछ यहोवा ने मि देश में तुम्हारे देखते फिरौन और उसके सब कर्मचारियों, और उसके सारे देश से किया वह तुम ने देखा है;
- 3वे बड़े बड़े परीक्षा के काम, और चिन्ह, और बड़े बड़े चमत्कार तेरी आंखों के साम्हने हुए;
- 4परन्तु यहोवा ने आज तक तुम को न तो समझने की बुद्धि, और न देखने की आंखें, और न सुनने के कान दिए हैं।
Cross references
- Exodus 19:4 निर्गमन 19:4कि तुम ने देखा है कि मै ने मिस्त्रियों से क्या क्या किया; तुम को मानो उकाब पक्षी के पंखों पर चढ़ाकर अपने पास ले आया हूं।
- Exodus 8:12 निर्गमन 8:12तब मूसा और हारून फिरौन के पास से निकल गए; और मूसा ने उन मेंढकों के विषय यहोवा की दोहाई दी जो उस ने फिरौन पर भेजे थे।
- Joshua 24:5–6 यहोशू 24:5–6फिर मैं ने मूसा और हारून को भेजकर उन सब कामों के द्वारा जो मैं ने मि में किए उस देश को मारा; और उसके बाद तुम को निकाल लाया। और मैं तुम्हारे पुरखाओं को मि में से निकाल लाया, और तुम समुद्र के पास पहुंचे; और मिस्त्रियों ने रथ और सवारों को संग लेकर लाल समुद्र तक तुम्हारा पीछा किया।
- Psalm 78:43–51 भजन संहिता 78:43–51कि उस ने क्योंकर अपने चिन्ह मिस्त्रा में, और अपने चमत्कार सोअन के मैदान में किए थे। उस ने तो मिस्त्रियों की नहरों को लोहू बना डाला, और वे अपनी नदियों का जल पी न सके। उस ने उनके बीच में डांस भेजे जिन्हों ने उन्हे काट खाया, और मेंढक भी भेजे, जिन्हों ने उनका बिगाड़ किया। उस ने उनकी भूमि की उपज कीड़ों को, और उनकी खेतीबारी टिड्डयों को खिला दी थी। उस ने उनकी दाखलताओं को ओेलों से, और उनके गूलर के पेड़ों को बड़े बड़े पत्थ्र बरसाकर नाश किया। उस ने उनके पशुओं को ओलों से, और उनके ढोरों को बिजलियों से मिटा दिया। उस ने उनके ऊपर अपना प्रचणड क्रोध और रोष भड़काया, और उन्हे संकट में डाला, और दुखदाई दूतों का दल भेजा। उस ने अपने क्रोध का मार्ग खोला, और उनके प्राणों को मृत्यु से न बचाया, परन्तु उनको मरी के वश में कर दिया। उस ने मिस्त्रा के सब पहिलौठों को मारा, जो हाम के डेरों में पौरूष के पहिले फल थे;
- Psalm 105:27–36 भजन संहिता 105:27–36उन्हों ने उनके बीच उसकी ओर से भांति भांति के चिन्ह, और हाम के देश में चमत्कार दिखाए। उस ने अन्धकार कर दिया, और अन्धियारा हो गया; और उन्हों ने उसकी बातों को न टाला। उस ने मिस्त्रियों के जल को लोहू कर डाला, और मछलियों को मार डाला। मेंढक उनकी भूमि में वरन उनके राजा की कोठरियों में भी भर गए। उस ने आज्ञा दी, तब डांस आ गए, और उनके सारे देश में कुटकियां आ गईं। उस ने उनके लिये जलवृष्टि की सन्ती ओले, और उनके देश में धधकती आग बरसाई। और उस ने उनकी दाखलताओं और अंजीर के वृक्षों को वरन उनके देश के सब पेड़ों को तोड़ डाला। उस ने आज्ञा दी तब अनगिनत टिडि्डयां, और कीड़े आए, और उन्हों ने उनके देश के सब अन्नादि को खा डाला; औश्र उनकी भूमि के सब फलों को चट कर गए। उस ने उनके देश के सब पहिलौठों को, उनके पौरूष के सब पहिले फल को नाश किया।।
Original words (Hebrew)
- Moses · H4872מֹשֶׁה Môsheh
- called · H7121קָרָא qârâʼ
- Israel · H3478יִשְׂרָאֵל Yisrâʼêl
- said · H559אָמַר ʼâmar
- seen · H7200רָאָה râʼâh
- did · H6213עָשָׂה ʻâsâh
- eyes · H5869עַיִן ʻayin
- land · H776אֶרֶץ ʼerets
- Egypt · H4714מִצְרַיִם Mitsrayim
- Pharaoh · H6547פַּרְעֹה Parʻôh
- servants · H5650עֶבֶד ʻebed
- land · H776אֶרֶץ ʼerets