Exodus · chapter 5 · verse 2
Exodus 5:2 in Hindi
फिरौन ने कहा, यहोवा कौन है, कि मैं उसका वचन मानकर इस्राएलियों को जाने दूं? मैं यहोवा को नहीं जानता, और मैं इस्राएलियों को नहीं जाने दूंगा।
Phiraun ne kahaa, yahovaa kaun hai, ki maim usakaa vachan maanakar israaeliyom ko jaane doom? Maim yahovaa ko naheem jaanataa, aur maim israaeliyom ko naheem jaane doongaa.
Exodus 5:2 in English
- King James Version (KJV)
- And Pharaoh said, Who [is] the LORD, that I should obey his voice to let Israel go? I know not the LORD, neither will I let Israel go.
- World English Bible (WEB)
- Pharaoh said, “Who is the LORD, that I should listen to his voice to let Israel go? I don’t know the LORD, and moreover I will not let Israel go.”
- American Standard Version (ASV)
- And Pharaoh said, Who is Jehovah, that I should hearken unto his voice to let Israel go? I know not Jehovah, and moreover I will not let Israel go.
- Bible in Basic English (BBE)
- And Pharaoh said, Who is the Lord, to whose voice I am to give ear and let Israel go? I have no knowledge of the Lord and I will not let Israel go.
- Darby Translation (DBY)
- And Pharaoh said, Who is Jehovah, to whose voice I am to hearken to let Israel go? I do not know Jehovah, neither will I let Israel go.
- Webster's Bible (WBS)
- And Pharaoh said, Who [is] the LORD, that I should obey his voice to let Israel go? I know not the LORD, neither will I let Israel go.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and Pharaoh saith, 'Who [is] Jehovah, that I hearken to His voice, to send Israel away? I have not known Jehovah, and Israel also I do not send away.'
Read in context
- 1इसके पश्चात् मूसा और हारून ने जाकर फिरौन से कहा, इस्राएल का परमेश्वर यहोवा यों कहता है, कि मेरी प्रजा के लोगों को जाने दे, कि वे जंगल में मेरे लिये पर्व्व करें।
- 2फिरौन ने कहा, यहोवा कौन है, कि मैं उसका वचन मानकर इस्राएलियों को जाने दूं? मैं यहोवा को नहीं जानता, और मैं इस्राएलियों को नहीं जाने दूंगा।
- 3उन्हों ने कहा, इब्रियों के परमेश्वर ने हम से भेंट की है; सो हमें जंगल में तीन दिन के मार्ग पर जाने दे, कि अपने परमेश्वर यहोवा के लिये बलिदान करें, ऐसा न हो कि वह हम में मरी फैलाए वा तलवार चलवाए।
- 4मि के राजा ने उन से कहा, हे मूसा, हे हारून, तुम क्यों लोगों से काम छुड़वाने चाहते हो? तुम जाकर अपने अपने बोझ को उठाओ।
Cross references
- Exodus 3:19 निर्गमन 3:19मैं जानता हूं कि मि का राजा तुम को जाने न देगा वरन बड़े बल से दबाए जाने पर भी जाने न देगा।
- Job 21:15 अय्यूब 21:15सर्वशक्तिमान क्या है, कि हम उसकी सेवा करें? और जो हम उस से बिनती भी करें तो हमें क्या लाभ होगा?
- 2 Kings 18:35 2 राजा 18:35देश देश के सब देवताओं में से ऐसा कौन है, जिस ने अपने देश को मेरे हाथ से बचाया हो? फिर क्या यहोवा यरूशलेम को मेरे हाथ से बचाएगा।
- John 16:3 यूहन्ना 16:3और यह वे इसलिये करेंगे कि उन्हों ने न पिता को जाना है और न मुझे जानते हैं।
- Romans 1:28 रोमियों 1:28और जब उन्हों ने परमेश्वर को पहिचानना न चाहा, इसलिये परमेश्वर ने भी उन्हें उन के निकम्मे मन पर छोड़ दिया; कि वे अनुचित काम करें।
- 2 Thessalonians 1:8 2 थिस्सलुनीकियों 1:8और जो परमेश्वर को नहीं पहचानते, और हमारे प्रभु यीशु के सुसमाचार को नहीं मानते उन से पलटा लेगा।
- Psalm 14:1 भजन संहिता 14:1मूर्ख ने अपने मन में कहा है, कोई परमेश्वर है ही नहीं। वे बिगड़ गए, उन्हों ने घिनौने काम किए हैं, कोई सुकर्मी नहीं।
- Psalm 12:4 भजन संहिता 12:4वे कहते हैं कि हम अपनी जीभ ही से जीतेंगे, हमारे ओंठ हमारे ही वश में हैं; हमार प्रभु कौन है?
- 2 Chronicles 32:19 2 इतिहास 32:19और उन्हों ने यरूशलेम के परमेश्वर की ऐसी चर्चा की, कि मानो पृथ्वी के देश देश के लोगों के देवताओं के बराबर हो, जो मनुष्यों के बनाए हुए हैं।
- 1 Samuel 2:12 1 शमूएल 2:12एली के पुत्रा तो लुच्चे थे; उन्हों ने यहोवा को न पहिचाना।
- Jeremiah 44:16–17 यिर्मयाह 44:16–17जो वचन तू ने हम को यहोवा के नाम से सुनाया है, उसको हम नहीं सुनने की। जो जो मन्नतें हम मान चुके हैं उन्हें हम निश्चय पूरी करेंगी, हम स्वर्ग की रानी के लिये धूप जलाएंगे और तपावन देंगे, जैसे कि हमारे पुरखा लोग और हम भी अपने राजाओं और और हाकिमों समेत यहूदा के नगरों में और यरूशलेम की सड़कों में करते थे; क्योंकि उस समय हम पेट भरके खाते और भले चंगे रहते और किसी विपत्ति में नहीं पड़ते थे।
- 2 Chronicles 32:15 2 इतिहास 32:15अब हिजकिरयाह तुम को इस रीति भुलाने अथवा बहकाने न पाए, और तुम उसकी प्रतीति न करो, क्योंकि किसी जाति या राज्य का कोई देवता अपनी प्रजा को न तो मेरे हाथ से और न मेरे पुरखाओं के हाथ से बचा सका। यह निश्चय है कि तुम्हारा देवता तुम को मेरे हाथ से नहीं बचा सकेगा।