Ezekiel · chapter 36 · verse 17
Ezekiel 36:17 in Hindi
हे मनुष्य के सन्तान, जब इस्राएल का घराना अपने देश में रहता था, तब अपनी चालचलन और कामों के द्वारा वे उसको अशुद्ध करते थे; उनकी चालचलन मुझे ऋतुमती की अशुद्धता सी जान पड़ती थी।
He manushy ke santaan, jab israael kaa gharaanaa apane desh mem rahataa thaa, tab apanee chaalachalan aur kaamom ke dvaaraa ve usako ashuddh karate the; unakee chaalachalan mujhe rutumatee kee ashuddhataa see jaan padatee thee.
Ezekiel 36:17 in English
- King James Version (KJV)
- Son of man, when the house of Israel dwelt in their own land, they defiled it by their own way and by their doings: their way was before me as the uncleanness of a removed woman.
- World English Bible (WEB)
- “Son of man, when the house of Israel lived in their own land, they defiled it by their ways and by their deeds. Their way before me was as the uncleanness of a woman in her impurity.
- American Standard Version (ASV)
- Son of man, when the house of Israel dwelt in their own land, they defiled it by their way and by their doings: their way before me was as the uncleanness of a woman in her impurity.
- Bible in Basic English (BBE)
- Son of man, when the children of Israel were living in their land, they made it unclean by their way and their acts: their way before me was as when a woman is unclean at the time when she is kept separate.
- Darby Translation (DBY)
- Son of man, when the house of Israel dwelt in their own land, they defiled it by their way and by their doings: their way was before me as the uncleanness of a woman in her separation.
- Webster's Bible (WBS)
- Son of man, when the house of Israel dwelt in their own land, they defiled it by their own way and by their doings: their way was before me as the uncleanness of a removed woman.
- Young's Literal Translation (YLT)
- 'Son of man, The house of Israel are dwelling on their land, And they defile it by their way and by their doings, As the uncleanness of a separated one hath their way been before Me.
Read in context
- 15और मैं फिर जाति- जाति के लोगों से तेरी निन्दा न सुनवाऊंगा, और तुझे जाति- जाति की ओर से फिर नामधराई न सहनी पड़ेगी, और तुझ पर बसी हुई जाति को तू फिर ठोकर न खिलाएगा, परमेश्वर यहोवा की यही वाणी है।
- 16फिर यहोवा का यह वचन मेरे पास पहुंचा,
- 17हे मनुष्य के सन्तान, जब इस्राएल का घराना अपने देश में रहता था, तब अपनी चालचलन और कामों के द्वारा वे उसको अशुद्ध करते थे; उनकी चालचलन मुझे ऋतुमती की अशुद्धता सी जान पड़ती थी।
- 18सो जो हत्या उन्हों ने देश में की, और देश को अपनी मूरतों के द्वारा अशुद्ध किया, इसके कारण मैं ने उन पर अपनी जलजलाहट भड़काई।
- 19और मैं ने उन्हें जाति- जाति में तितर- बितर किया, और वे देश देश में छितर गए; उनके चालचलन और कामों के अनुसार मैं ने उनको दण्ड दिया।
Cross references
- Jeremiah 2:7 यिर्मयाह 2:7और मैं तुम को इस उपजाऊ देश में ले आया कि उसका फल और उत्तम उपज खाओ; परन्तु मेरे इस देश में आकर तुम ने इसे अशुठ्ठ किया, और मेरे इस निज भाग को घृणिात कर दिया है।
- Numbers 35:33–34 गिनती 35:33–34इसलिये जिस देश में तुम रहोगे उसको अशुद्ध न करना; खून से तो देश अशुद्ध हो जाता है, और जिस देश में जब खून किया जाए तब केवल खूनी के लोहू बहाने ही से उस देश का प्रायश्चित्त हो सकता है। जिस देश में तुम निवास करोगे उसके बीच मै रहूंगा, उसको अशुद्ध न करना; मैं यहोवा तो इस्त्राएलियों के बीच रहता हूं।।
- Micah 2:10 मीका 2:10उठो, चले जाओ! क्योंकि यह तुम्हारा विश्रामस्थान नहीं है; इसका कारण वह अशुद्धता है जो कठिन दु:ख के साथ तुम्हारा नाश करेगी।
- Isaiah 24:5 यशायाह 24:5पृथ्वी अपने रहनेवालों के कारण अशुद्ध हो गई है, क्योंकि उन्हों ने व्यवस्था का उल्लंघन किया और विधि को पलट डाला, और सनातन वाचा को तोड़ दिया है।
- Jeremiah 16:18 यिर्मयाह 16:18क्योंकि उन्हों ने मेरे देश को अपनी घृणित वस्तुओं की लोथों से अशुठ्ठ किया, और मेरे निज भाग को अपनी अशुठ्ठता से भर दिया है।
- Leviticus 15:19–33 लैव्यव्यवस्था 15:19–33फिर जब कोई स्त्री ऋतुमती रहे, तो वह सात दिन तक अशुद्ध ठहरी रहे, और जो कोई उसको छूए वह सांझ तक अशुद्ध रहे। और जब तक वह अशुद्ध रहे तब तक जिस जिस वस्तु पर वह लेटे, और जिस जिस वस्तु पर वह बैठे वे सब अशुद्ध ठहरें। और जो कोई उसके बिछौने को छूए वह अपने वस्त्रा धोकर जल से स्नान करे, और सांझ तक अशुद्ध रहे। और जो कोई किसी वस्तु को छूए जिस पर वह बैठी हो वह अपने वस्त्रा धोकर जल से स्नान करे, और सांझ तक अशुद्ध रहे। और यदि बिछौने वा और किसी वस्तु पर जिस पर वह बैठी हो छूने के समय उसका रूधिर लगा हो, तो छूनेहारा सांझ तक अशुद्ध रहे। और यदि कोई पुरूष उस से प्रसंग करे, और उसका रूधिर उसके लग जाए, तो वह पुरूष सात दिन तक अशुद्ध रहे, और जिस जिस बिछौने पर वह लेटे वे सब अशुद्ध ठहरें।। फिर यदि किसी स्त्री के अपने मासिक धर्म के नियुक्त समय से अधिक दिन तक रूधिर बहता रहे, वा उस नियुक्त समय से अधिक समय तक ऋतुमती रहे, तो जब तक वह ऐसी दशा में रहे तब तक वह अशुद्ध ठहरी रहे। उसके ऋतुमती रहने के सब दिनों में जिस जिस बिछौने पर वह लेटे वे सब उसके मासिक धर्म के बिछौने के समान ठहरें; और जिस जिस वस्तु पर वह बैठे वे भी उसके ऋतुमती रहे के दिनों की नाई अशुद्ध ठहरें। और जो कोई उन वस्तुओं को छुए वह अशुद्ध ठहरे, इसलिये वह अपने वस्त्रों को धोकर जल से स्नान करे, और सांझ तक अशुद्ध रहे। और जब वह स्त्री अपने ऋतुमती से शुद्ध हो जाए, तब से वह सात दिन गिन ले, और उन दिनों के बीतने पर वह शुद्ध ठहरे। फिर आठवें दिन वह दो पंडुक या कबूतरी के दो बच्चे लेकर मिलापवाले तम्बू के द्वार पर याजक के पास जाए। तब याजक एक को पापबलि और दूसरे को होमबलि के लिये चढ़ाए; और याजक उसके लिये उसके मासिक धर्म की अशुद्धता के कारण यहोवा के साम्हने प्रायश्चित्त करे।। इस प्रकार से तुम इस्त्राएलियों को उनकी अशुद्धता से न्यारे रखा करो, कहीं ऐसा न हो कि वे यहोवा के निवास को जो उनके बीच में है अशुद्ध करके अपनी अशुद्धता में फंसे हुए मर जाएं।। जिसके प्रमेह हो और जो पुरूष वीरर्य स्खलित होने से अशुद्ध हो; और जो स्त्री ऋतुमती हो; और क्या पुरूष क्या स्त्री, जिस किसी के धातुरोग हो, और जो पुरूष अशुद्ध स्त्री के प्रसंग करे, इन सभों के लिये यही व्यवस्था है।।
- Leviticus 18:24–28 लैव्यव्यवस्था 18:24–28ऐसा ऐसा कोई भी काम करके अशुद्ध न हो जाना, क्योंकि जिन जातियों को मैं तुम्हारे आगे से निकालने पर हूं वे ऐसे ऐसे काम करके अशुद्ध हो गई है; और उनका देश भी अशुद्ध हो गया है, इस कारण मैं उस पर उसके अधर्म का दण्ड देता हूं, और वह देश अपने निवासियों उगल देता है। इस कारण तुम लोग मेरी विधियों और नियमों को निरन्तर मानना, और चाहे देशी चाहे तुम्हारे बीच रहनेवाला परदेशी हो तुम में से कोई भी ऐसा घिनौना काम न करे; क्योंकि ऐसे सब घिनौने कामों को उस देश के मनुष्य तो तुम से पहिले उस में रहते थे वे करते आए हैं, इसी से वह देश अशुद्ध हो गया है। अब ऐसा न हो कि जिस रीति से जो जाति तुम से पहिले उस देश में रहती थी उसको उसने उगल दिया, उसी रीति जब तुम उसको अशुद्ध करो, तो वह तुम को भी उगल दे।
- Jeremiah 3:1–2 यिर्मयाह 3:1–2वे कहते हैं, यदि कोई अपनी पत्नी को त्याग दे, और वह उसके पास से जाकर दूसरे पुरूष की हो जाए, तो वह पहिला क्या उसके पास फिर जाएगा? क्या वह देश अति अशुठ्ठ न हो जाएगा? यहोवा की यह वाणी है कि तू ने बहुत से प्रेमियों के साथ व्यभिचार किया है, क्या तू अब मेरी ओर फिरेगी? मुण्डे टीलों की ओर आंखें उठाकर देख! ऐसा कौन सा स्थान है जहां तू ने कुकर्म न किया हो? माग में तू ऐसी बैठी जैसे एक अरबी जंगल में। तू ने देश को अपने व्यभिचार से अशुठ्ठ कर दिया है।
- Isaiah 64:6 यशायाह 64:6हम तो सब के सब अशुद्ध मनुष्य के से हैं, और हमारे धर्म के काम सब के सब मैले चिथड़ों के समान हैं। हम सब के सब पत्ते की नाईं मुर्झा जाते हैं, और हमारे अधर्म के कामों ने हमें वायु की नाईं उड़ा दिया है।
- Jeremiah 3:9 यिर्मयाह 3:9उसके निर्लज्ज- व्यभिचारिणी होने के कारण देश भी अशुठ्ठ हो गया, उस ने पत्थर और काठ के साथ भी व्यभिचार किया।
- Psalm 106:37–38 भजन संहिता 106:37–38वरन उन्हों ने अपने बेटे- बेटियों को पिशाचों के लिये बलिदान किया; और अपने निर्दोष बेटे- बेटियों का लोहू बहाया जिन्हें उन्हों ने कनान की मूत्तियों पर बलि किया, इसलिये देश खून से अपवित्रा हो गया।
Original words (Hebrew)
- Son · H1121בֵּן bên
- man · H120אָדָם ʼâdâm
- house · H1004בַּיִת bayith
- Israel · H3478יִשְׂרָאֵל Yisrâʼêl
- dwelt · H3427יָשַׁב yâshab
- land · H127אֲדָמָה ʼădâmâh
- defiled · H2930טָמֵא ṭâmêʼ
- way · H1870דֶּרֶךְ derek
- doings · H5949עֲלִילָה ʻălîylâh
- way · H1870דֶּרֶךְ derek
- before · H6440פָּנִים pânîym
- uncleanness · H2932טֻמְאָה ṭumʼâh
- woman · H5079נִדָּה niddâh