Ezekiel · chapter 39 · verse 28
Ezekiel 39:28 in Hindi
और तब वे जान लेंगे कि यहोवा हमारा परमेश्वर है, क्योंकि मैं ने उनको जाति- जाति में बंधुआ करके फिर उनके निज देश में इकट्ठा किया है। मैं उन में से किसी को फिर परदेश में न छोडूंगा,
Aur tab ve jaan lenge ki yahovaa hamaaraa parameshvar hai, kyonki maim ne unako jaati- jaati mem bandhuaa karake phir unake nij desh mem ikatthaa kiyaa hai. Maim un mem se kisee ko phir paradesh mem na chhodoongaa,
Ezekiel 39:28 in English
- King James Version (KJV)
- Then shall they know that I [am] the LORD their God, which caused them to be led into captivity among the heathen: but I have gathered them unto their own land, and have left none of them any more there.
- World English Bible (WEB)
- They will know that I am the LORD their God, in that I caused them to go into captivity among the nations, and have gathered them to their own land. Then I will leave none of them captive any more.
- American Standard Version (ASV)
- And they shall know that I am Jehovah their God, in that I caused them to go into captivity among the nations, and have gathered them unto their own land; and I will leave none of them any more there;
- Bible in Basic English (BBE)
- And they will be certain that I am the Lord their God, because I sent them away as prisoners among the nations, and have taken them together back to their land; and I have not let one of them be there any longer.
- Darby Translation (DBY)
- And they shall know that I [am] Jehovah their God, in that I caused them to be led into captivity among the nations, and have gathered them unto their own land, and have left none of them any more there.
- Webster's Bible (WBS)
- Then shall they know that I [am] the LORD their God, who caused them to be led into captivity among the heathen: but I have gathered them to their own land, and have left none of them there any more.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And they have known that I [am] Jehovah their God, In My removing them unto the nations, And I have gathered them unto their land, And I leave none of them any more there.
Read in context
- 26तब उस सारे विश्वासघात के कारण जो उन्हों ने मेरे विरूद्ध किया वे लज्जित होंगे; और अपने देश में निडर रहेंगे; और कोई उनको न डराएगा।
- 27और जब मैं उनको जाति- जाति के बीच से फेर लाऊंगा, और उन शत्रुओं के देशों से इकट्ठा करूंगा, तब बहुत जातियों की दृष्टि में उनके द्वारा पवित्रा ठहरूंगा।
- 28और तब वे जान लेंगे कि यहोवा हमारा परमेश्वर है, क्योंकि मैं ने उनको जाति- जाति में बंधुआ करके फिर उनके निज देश में इकट्ठा किया है। मैं उन में से किसी को फिर परदेश में न छोडूंगा,
- 29और उन से अपना मुंह फिर कभी न फेर लूंगा, क्योंकि मैं ने इस्राएल के घराने पर अपना आत्मा उण्डेला है, परमेश्वर यहोवा की यही वाणी है।
Cross references
- Ezekiel 39:22 यहेजकेल 39:22उस दिन से आगे इस्राएल का घराना जान लेगा कि यहोवा हमारा परमेश्वर है।
- Romans 9:6–8 रोमियों 9:6–8परन्तु यह नहीं, कि परमेश्वर का वचन टल गया, इसलिये कि जो इस्त्राएल के वंश हैं, वे सब इस्त्राएली नहीं। और न इब्राहीम के वंश होने के कारण सब उस की सन्तान ठहरे, परन्तु (लिखा है) कि इसहाक ही से तेरा वंश कहलाएगा। अर्थात् शरीर की सन्तान परमेश्वर की सन्तान नहीं, परन्तु प्रतिज्ञा के सन्तान वंश गिने जाते हैं।
- Amos 9:9 आमोस 9:9मेरी आज्ञा से इस्राएल का धराना सब जातियों में ऐसा चला जाएगा जैसा अन्न चलनी में चला जाता है, परन्तु उसका एक भी पुष्ट दाना भूमि पर न गिरेगा।
- Isaiah 27:12 यशायाह 27:12उस समय यहोवा महानद से लेकर मि के नाले तक अपने अन्न को फटकेगा, और हे इस्राएलियों तुम एक एक करके इकट्ठे किए जाओगे।
- Ezekiel 34:30 यहेजकेल 34:30और वे जानेंगे कि मैं परमेश्वर यहोवा, उनके संग हूँ, और वे जो इस्राएल का घराना है, वे मेरी प्रजा हैं, मुझ परमेश्वर यहोवा की यही वाणी है।
- Deuteronomy 30:3–4 व्यवस्थाविवरण 30:3–4तब तेरा परमेश्वर यहोवा तुझ को बन्धुआई से लौटा ले आएगा, और तुझ पर दया करके उन सब देशों के लोगों में से जिनके मध्य में वह तुझ को तित्तर बित्तर कर देगा फिर इकट्ठा करेगा। चाहे धरती के छोर तक तेरा बरबस पहुंचाया जाना हो, तौभी तेरा परमेश्वर यहोवा तुझ को वहां से ले आकर इकट्ठा करेगा।
- Romans 11:1–7 रोमियों 11:1–7इसलिये मैं कहता हूं, क्या परमेश्वर ने अपनी प्रजा को त्याग दिया? कदापि नहीं; मैं भी तो इस्त्राएली हूं: इब्राहीम के वंश और बिन्यामीन के गोत्रा में से हूं। परमेश्वर ने अपनी उस प्रजा को नहीं त्यागा, जिसे उस ने पहिले ही से जाना: क्या तुम नहीं जानते, कि पवित्रा शास्त्रा एलियाह की कथा में क्या कहता है; कि वह इस्त्राएल के विरोध में परमेश्वर से बिनती करता है। कि हे प्रभु, उन्हों ने तेरे भविष्यद्वक्ताओं को घात किया, और तेरी वेदियों को ढ़ा दिया है; और मैं ही अकेला बच रहा हूं, और वे मेरे प्राण के भी खोजी हैं। परन्तु परमेश्वर से उसे क्या उत्तर मिला कि मैं ने अपने लिये सात हजार पुरूषों को रख छोड़ा है जिन्हों ने बाअल के आग घुटने नहीं टेके हैं। सो इसी रीति से इस समय भी, अनुग्रह से चुने हुए कितने लोग बाकी हैं। यदि यह अनुग्रह से हुआ है, तो फिर कर्मों से नहीं, नहीं तो अनुग्रह फिर अनुग्रह नहीं रहा। सो परिणाम क्या हुआ? यह कि इस्त्राएली जिस की खोज में हैं, वह उन को नहीं मिला; परन्तु चुने हुओं को मिला और शेष लोग कठोर किए गए हैं।
- Nehemiah 1:8–10 नहेमायाह 1:8–10उस वचन की सुधि ले, जो तू ने अपने दास मूसा से कहा था, कि यदि तुम लोग विश्वासघात करो, तो मैं तुम को देश देश के लोगों में तितर बितर करूंगा। परन्तु यदि तुम मेरी ओर फिरो, और मेरी आज्ञाएं मानो, और उन पर चलो, तो चाहे तुम में से निकाले हुए लोग आकाश की छोर में भी हों, तौभी मैं उनको वहां से इकट्ठा करके उस स्थान में पहुंचाऊंगा, जिसे मैं ने अपने नाम के निवास के लिये चुन लिया है। अब वे तेरे दास और तेरी प्रजा के लोग हैं जिनको तू ने अपनी बड़ी सामर्थ और बलवन्त हाथ के द्वारा छुड़ा लिया है।
- Hosea 2:20 होशे 2:20और यह सच्चाई के साथ की जाएगी, और तू यहोवा को जान लेगी।।