1 Chronicles · chapter 17 · verse 7
1 Chronicles 17:7 in Hindi
सो अब तू मेरे दास दाऊद से ऐसा कह, कि सेनाओं का यहोवा यों कहता है, कि मैं ने तो तुझ को भेड़शाला से और भेड़-बकरियों के पीछे पीछे फिरने से इस मनसा से बुला लिया, कि तू मेरी प्रजा इस्राएल का प्रधान हो जाए;
So ab too mere daas daaood se aisaa kah, ki senaaom kaa yahovaa yom kahataa hai, ki maim ne to tujh ko bhedashaalaa se aur bheda-bakariyom ke peechhe peechhe phirane se is manasaa se bulaa liyaa, ki too meree prajaa israael kaa pradhaan ho jaae;
1 Chronicles 17:7 in English
- King James Version (KJV)
- Now therefore thus shalt thou say unto my servant David, Thus saith the LORD of hosts, I took thee from the sheepcote, [even] from following the sheep, that thou shouldest be ruler over my people Israel:
- World English Bible (WEB)
- “Now therefore, you shall tell my servant David, ‘The LORD of Armies says, “I took you from the sheep pen, from following the sheep, to be prince over my people Israel.
- American Standard Version (ASV)
- Now therefore thus shalt thou say unto my servant David, Thus saith Jehovah of hosts, I took thee from the sheepcote, from following the sheep, that thou shouldest be prince over my people Israel:
- Bible in Basic English (BBE)
- So now, say to my servant David, The Lord of armies says, I took you from the fields, from keeping sheep, so that you might be a ruler over my people Israel;
- Darby Translation (DBY)
- And now, thus shalt thou say unto my servant David, Thus saith Jehovah of hosts: I took thee from the pasture-grounds, from following the sheep, to be prince over my people Israel;
- Webster's Bible (WBS)
- Now therefore thus shalt thou say to my servant David, Thus saith the LORD of hosts, I took thee from the sheep-cote, [even] from following the sheep, that thou shouldst be ruler over my people Israel:
- Young's Literal Translation (YLT)
- 'And now, thus dost thou say to My servant, to David, Thus said Jehovah of Hosts, I have taken thee from the habitation, from after the sheep, to be leader over My people Israel,
Read in context
- 5क्योंकि जिस दिन से मैं इस्राएलियों को मिस्र से ले आया, आज के दिन तक मैं कभी घर में नहीं रहा; परन्तु एक तम्बू से दूसरे तम्बू को ओर एक निवास से दूसरे निवास को आया जाया करता हूँ।
- 6जहां जहां मैं ने सब इस्राएलियों के बीच आना जाना किया, क्या मैं ने इस्राएल के न्यायियों में से जिन को मैं ने अपनी प्रजा की चरवाही करने को ठहराया था, किसी से ऐसी बात कभी कही, कि तुम लोगों ने मेरे लिये देवदारु का घर क्यों नहीं बनवाया?
- 7सो अब तू मेरे दास दाऊद से ऐसा कह, कि सेनाओं का यहोवा यों कहता है, कि मैं ने तो तुझ को भेड़शाला से और भेड़-बकरियों के पीछे पीछे फिरने से इस मनसा से बुला लिया, कि तू मेरी प्रजा इस्राएल का प्रधान हो जाए;
- 8और जहां कहीं तू आया और गया, वहां मैं तेरे संग रहा, और तेरे सब शत्रुओं को तेरे साम्हने से नष्ट किया है। अब मैं तेरे नाम को पृथ्वी के बड़े बड़े लोगों के नामों के समान बड़ा कर दूंगा।
- 9और मैं अपनी प्रजा इस्राएल के लिये एक स्थान ठहराऊंगा, और उसको स्थिर करूंगा कि वह अपने ही स्थान में बसी रहे और कभी चलायमान न हो; और कुटिल लोग उन को नाश न करने पाएंगे, जैसे कि पहिले दिनों में करते थे;
Cross references
- 2 Samuel 6:21 2 शमूएल 6:21दाऊद ने मीकल से कहा, यहोवा, जिस ने तेरे पिता और उसके समस्त घराने की सन्ती मुझ को चुनकर अपनी प्रजा इस्राएल का प्रधान होने को ठहरा दिया है, उसके सम्मुख मैं ने ऐसा खेला-- और मैं यहोवा के सम्मुख इसी प्रकार खेला करूंगा।
- Exodus 3:1–10 निर्गमन 3:1–10मूसा अपने ससुर यित्रो नाम मिद्यान के याजक की भेड़- बकरियों को चराता था; और वह उन्हें जंगल की परली ओर होरेब नाम परमेश्वर के पर्वत के पास ले गया। और परमेश्वर के दूत ने एक कटीली झाड़ी के बीच आग की लौ में उसको दर्शन दिया; और उस ने दृष्टि उठाकर देखा कि झाड़ी जल रही है, पर भस्म नहीं होती। तब मूसा ने सोचा, कि मैं उधर फिरके इस बड़े अचम्भे को देखूंगा, कि वह झाड़ी क्यों नहीं जल जाती। जब यहोवा ने देखा कि मूसा देखने को मुड़ा चला आता है, तब परमेश्वर ने झाड़ी के बीच से उसको पुकारा, कि हे मूसा, हे मूसा। मूसा ने कहा, क्या आज्ञा। उस ने कहा इधर पास मत आ, और अपने पांवों से जूतियों को उतार दे, क्योंकि जिस स्थान पर तू खड़ा है वह पवित्रा भूमि है। फिर उस ने कहा, मैं तेरे पिता का परमेश्वर, और इब्राहीम का परमेश्वर, इसहाक का परमेश्वर, और याकूब का परमेश्वर हूं। तब मूसा ने जो परमेश्वर की ओर निहारने से डरता था अपना मुंह ढ़ाप लिया। फिर यहोवा ने कहा, मैं ने अपनी प्रजा के लोग जो मि में हैं उनके दु:ख को निश्चय देखा है, और उनकी जो चिल्लाहट परिश्रम करानेवालों के कारण होती है उसको भी मैं ने सुना है, और उनकी पीड़ा पर मैं ने चित्त लगाया है; इसलिये अब मैं उतर आया हूं कि उन्हें मिस्त्रियों के वश से छुड़ाऊं, और उस देश से निकालकर एक अच्छे और बड़े देश में जिस में दूध और मधु की धारा बहती है, अर्थात् कनानी, हित्ती, एमोरी, परिज्जी, हिव्वी, और यबूसी लोगों के स्थान में पहुंचाऊं। सो अब सुन, इस्राएलियों की चिल्लाहट मुझे सुनाई पड़ी है, और मिस्त्रियों का उन पर अन्धेर करना भी मुझे दिखाई पड़ा है, इसलिये आ, मैं तुझे फिरौन के पास भेजता हूं कि तू मेरी इस्राएली प्रजा को मि से निकाल ले आए।
- Psalm 78:70–71 भजन संहिता 78:70–71फिर उसने अपने दास दाऊद को चुनकर भेड़शालाओं में से ले लिया; वह उसको बच्चेवाली भेड़ों के पीछे पीछे फिरने से ले आया कि वह उसकी प्रजा याकूब की अर्थात उसके निज भाग इस्त्राएल की चरवाही करे।
- Amos 7:14–15 आमोस 7:14–15आमोस ने उत्तर देकर अमस्याह से कहा, मैं ने तो भविष्यद्वक्ता था, और न भविष्यद्वक्ता का बेटा; मैं तो गाय- बैल का चरवाहा, और गूलर के वृक्षों का छांटनेहारा था, और यहोवा ने मुझे भेड़- बकरियों के पीछे पीछे फिरने से बुलाकर कहा, जा, मेरी प्रजा इस्राएल से भविष्यद्वाणी कर।
- 2 Samuel 7:8 2 शमूएल 7:8इसलिये अब तू मेरे दास दाऊद से ऐसा कह, कि सेनाओं का यहोवा यों कहता है, कि मैं ने तो तुझे भेड़शाला से, और भ्ेाड़- बकरिसों के पीछे पीछे फिरने से, इस मनसा से बुला लिया कि तू मेरी प्रजा इस्राएल का प्रधान हो जाए।
- 1 Samuel 16:11–12 1 शमूएल 16:11–12तब शमूएल ने यिशै से कहा, क्या सब लड़के आ गए? वह बोला, नहीं, लहुरा तो रह गया, और वह भेड़- बकरियों को चरा रहा है। शमूएल ने यिशै से कहा, उसे बुलवा भेज; क्योंकि जब तक वह यहां न आए तब तक हम खाने को न बैठेंगे। तब वह उसे बुलाकर भीतर ले आया। उसके तो लाली झलकती थी, और उसकी आंखें सुन्दर, और उसका रूप सुडौल था। तब यहोवा ने कहा, उठकर इस का अभिषेक कर: यही है।
- 1 Samuel 17:15 1 शमूएल 17:15और दाऊद बेतलहेम में अपने पिता की भेड़ बकरियां चराने को शाऊल के पास से आया जाया करता था।।
- Luke 5:10 लूका 5:10और वैसे ही जब्दी के पुत्रा याकूब और यूहन्ना को भी, जो शमौन के सहभागी थे, अचम्भा हुआ: तब यीशु ने शमौन से कहा, मत डर: अब से तू मनुष्यों को जीवता पकड़ा करेगा।
- Matthew 4:18–22 मत्ती 4:18–22उस ने गलील की झील के किनारे फिरते हुए दो भाइयों अर्थात् शमौन को जो पतरस कहलाता है, और उसके भाई अन्द्रियास को झील में जाल डालते देखा; क्योंकि वे मछवे थे। और उन से कहा, मेरे पीछे चले आओ, तो मैं तुम को मनुष्यों के पकड़नेवाले बनाऊंगा। वे तुरन्त जालों को छोड़कर उसके पीछे हो लिए। और वहां से आगे बढ़कर, उस ने और दो भाइयों अर्थात् जब्दी के पुत्रा याकूब और उसके भाई यूहन्ना को अपने पिता जब्दी के साथ नाव पर अपने जालों को सुधारते देखा; और उन्हें भी बुलाया वे तुरन्त नाव और अपने पिता को छोड़कर उसके पीछे हो लिए।।
- Matthew 2:6 मत्ती 2:6कि हे बैतलहम, जो यहूदा के देश में है, तू किसी रीति से यहूदा के अधिकारियों में सब से छोटा नहीं; क्योंकि तुझ में से एक अधिपति निकलेगा, जो मेरी प्रजा इस्राएल की रखवाली करेगा।
Original words (Hebrew)
- say · H559אָמַר ʼâmar
- servant · H5650עֶבֶד ʻebed
- David · H1732דָּוִד Dâvid
- saith · H559אָמַר ʼâmar
- hosts · H6635צָבָא tsâbâʼ
- took · H3947לָקַח lâqach
- sheepcote · H5116נָוֶה nâveh
- following · H310אַחַר ʼachar
- sheep · H6629צֹאן tsôʼn
- ruler · H5057נָגִיד nâgîyd
- people · H5971עַם ʻam
- Israel · H3478יִשְׂרָאֵל Yisrâʼêl