2 Chronicles · chapter 16 · verse 11
2 Chronicles 16:11 in Hindi
आदि से लेकर अन्त तक आसा के काम यहूदा औ इस्राएल के राजाओं के वृत्तान्त में लिखे हैं।
Aadi se lekar ant tak aasaa ke kaam yahoodaa au israael ke raajaaom ke vruttaant mem likhe hain.
2 Chronicles 16:11 in English
- King James Version (KJV)
- And, behold, the acts of Asa, first and last, lo, they [are] written in the book of the kings of Judah and Israel.
- World English Bible (WEB)
- Behold, the acts of Asa, first and last, behold, they are written in the book of the kings of Judah and Israel.
- American Standard Version (ASV)
- And, behold, the acts of Asa, first and last, lo, they are written in the book of the kings of Judah and Israel.
- Bible in Basic English (BBE)
- Now the acts of Asa, first and last, are recorded in the book of the kings of Judah and Israel.
- Darby Translation (DBY)
- And behold the acts of Asa, first and last, behold, they are written in the book of the kings of Judah and Israel.
- Webster's Bible (WBS)
- And behold, the acts of Asa, first and last, lo, they [are] written in the book of the kings of Judah and Israel.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And lo, the matters of Asa, the first and the last, lo, they are written on the book of the kings of Judah and Israel.
Read in context
- 9देख, यहोवा की दृष्टि सारी पृथ्वी पर इसलिये फिरती रहती है कि जिनका मन उसकी ओर निष्कमट रहता है, उनकी सहायता में वह अपना सामर्थ दिखाए। तूने यह काम मूर्खता से किया है, इसलिये अब से तू लड़ाइयों मे फंसा रहेगा।
- 10तब आसा दश पर क्रोधित हुआ और उसे काठ में ठोंकवा दिया, क्योंकि वहउसकी ऐसी बात के कारण उस पर क्रोधित था। और उसी समय से आसा प्रजा के कुछ लोगों को पीसने भी लगा।
- 11आदि से लेकर अन्त तक आसा के काम यहूदा औ इस्राएल के राजाओं के वृत्तान्त में लिखे हैं।
- 12अपने राज्य के उनतीसवें वर्ष में आसा को पांव का रोग हुआ, और वह रोग अत्यन्त बढ़ गया, तौभी उस ने रोगी होकर यहोवा की नहीं वैद्यों ही की शरण ली।
- 13निदान आसा अपने राज्य के एकतालीसवें वर्ष में मरके अपने पुरखाओं के साथ सो गया।
Cross references
- 2 Chronicles 35:27 2 इतिहास 35:27और आदि से अन्त तक उसके सब काम इस्राएल और यहूदा के राजाओं के इतिहास की पुस्तक में लिखे हुए हैं।
- 2 Chronicles 27:7 2 इतिहास 27:7योताम के और काम और उसके सब युठ्ठ और उसकी चाल चलन, इन सब बातों का वर्णन इस्राएल और यहूदा के राजाओं के इतिहास में लिखा है।
- 2 Chronicles 34:18 2 इतिहास 34:18फिर शापान मंत्री ने राजा को यह भी बता दिया कि हिल्किरयाह याजक ने मुझे एक पुस्तक दी है तब शपान ने उस में से राजा को पढ़कर सुनाया।
- 1 Kings 15:23–24 1 राजा 15:23–24आसा के और काम और उसकी वीरता और जो कुछ उस ने किया, और जो नगर उस ने दृढ़ किए, यह सब क्या यहूदा के राजाओं के इतिहास की पुस्तक में नहीं लिखा है? परन्तु उसके बुढ़ापे में तो उसे पांवों का रोग लग गया। निदान आसा अपने पुरखाओं के संग सो गया, और उसे उसके मूलपुरूष दाऊद के नगर में उन्हीं के पास पिट्टी दी गई और उसका पुत्रा यहोशापात उसके स्थान पर राज्य करने लगा।
- 2 Chronicles 26:22 2 इतिहास 26:22आदि से अन्त तक उज्जिरयाह के और कामों का वर्णन तो आमोस के पुत्रा यशायाह नबी ने लिखा है।
- 2 Chronicles 12:15 2 इतिहास 12:15आदि से अन्त तक रहूबियाम के काम क्या शमायाह नबी और इद्दॊ दश की पुस्तकों में वंशावलियों की रीति पर नहीं लिखे हैं? रहूबियाम और यारोबाम के बीच तो लड़ाई सदा होती रही।
- 2 Chronicles 9:29 2 इतिहास 9:29आदि से अन्त तक सुलैमान के और सब काम क्या नातान नबी की पुस्तक में, और शीलोवासी अहिरयाह की तबूवत की पुस्तक में, और नबात के पुत्रा यारोबाम के विषय इद्दॊ दश के दर्शन की पुस्तक में नहीं लिखे हैं?
- 2 Chronicles 20:34 2 इतिहास 20:34और आदि से अन्त तक यहोशापात के और काम, हनानी के पुत्रा येहू के विषय उस वृत्तान्त में लिखे हैं, जो इस्राएल के राजाओं के वृत्तान्त में पाया जाता हैं।
- 2 Chronicles 32:32 2 इतिहास 32:32हिजकिरयाह के और काम, ओर उसके भक्ति के काम आमोस के पुत्रा यशायाह नबी के दर्शन नाम पुस्तक में, और यहूदा और इस्राएल के राजाओं के इतिहास की पुस्तक में लिखे हैं।
- 2 Chronicles 25:26 2 इतिहास 25:26आदि से अन्त तक अमस्याह के और काम, क्या यहूदा और इस्राएल के राजाओं के इतिहास की पुस्तक में नहीं लिखे हैं?