2 Chronicles · chapter 8 · verse 15
2 Chronicles 8:15 in Hindi
और राजा ने भणडारों या किसी और बात में याजकों और लेवियों के लिये जो जो आज्ञा दी थी, उन्होंने न टाला।
Aur raajaa ne bhanadaarom yaa kisee aur baat mem yaajakom aur leviyom ke liye jo jo aajnyaa dee thee, unhonne na taalaa.
2 Chronicles 8:15 in English
- King James Version (KJV)
- And they departed not from the commandment of the king unto the priests and Levites concerning any matter, or concerning the treasures.
- World English Bible (WEB)
- They didn’t depart from the commandment of the king to the priests and Levites concerning any matter or concerning the treasures.
- American Standard Version (ASV)
- And they departed not from the commandment of the king unto the priests and Levites concerning any matter, or concerning the treasures.
- Bible in Basic English (BBE)
- All the orders given by the king to the priests and Levites, in connection with any business or stores, were done with care.
- Darby Translation (DBY)
- and they did not depart from the commandment of the king to the priests and the Levites concerning any matter, nor concerning the treasures.
- Webster's Bible (WBS)
- And they departed not from the commandment of the king to the priests and Levites concerning any matter, or concerning the treasures.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And they have not turned aside [from] the command of the king concerning the priests and the Levites, in reference to any matter, and to the treasures.
Read in context
- 13वह मूसा की आज्ञा के और दिन दिन के प्रयोजन के अनुसार, अर्थात् विश्राम और नये चांद और प्रति वर्ष तीन बार ठहराए हुए पव अर्थात् अखमीरी रोटी के परर्व, और अठवारों के परर्व, और झोपड़ियों के परर्व में बलि चढ़ाया करता था।
- 14और उस ने अपने पिता दाऊद के नियम के अनुसार याजकों की सेवकाई के लिये उनके दल ठहराए, और लेवियों को उनके कामों पर ठहराया, कि हर एक दिन के प्रयोजन के अनुसार वे यहोवा की स्तुति और याजकों के साम्हने सेवा- टहल किया करें, और एक एक फाटक के पास द्वारपालों को दल दल करके ठहरा दिया; क्योंकि परमेश्वर के भक्त दाऊद ने ऐसी आज्ञा दी थी।
- 15और राजा ने भणडारों या किसी और बात में याजकों और लेवियों के लिये जो जो आज्ञा दी थी, उन्होंने न टाला।
- 16और सुलैमान का सब काम जो उस ने यहोवा के भ्वन की नेव डालने से लेकर उसके पूरा करने तक किया वह ठीक हुआ। निदान यहोवा का भवन पूरा हुआ।
- 17तब सुलैमान एस्योनगेबेर और एलोत को गया, जो एदोम के देश में समुद्र के तीर पर हैं।
Cross references
- 1 Chronicles 9:29 1 इतिहास 9:29और उन में से कुछ सामान के, और पवित्रास्थान के पात्रों के, और मैदे, दाखमधु, तेल, लोबान और सुगन्धद्ररयों के अधिकारी ठहराए गए थे।
- 1 Kings 7:51 1 राजा 7:51निदान जो जो काम राजा सुलैमान ने यहोवा के भवन के लिये किया, वह सब पूरा किया गया। तब सुलैमान ने अपने पिता दाऊद के पवित्रा किए हुए सोने चांदी और पात्रों को भीतर पहुंचा कर यहोवा के भवन के भणडारों में रख दिया।
- Exodus 39:42–43 निर्गमन 39:42–43अर्थात् जो जो आज्ञा यहोवा ने मूसा को दी थीं उन्हीं के अनुसार इस्त्राएलियों ने सब काम किया। तब मूसा ने सारे काम का निरीक्षण करके देखा, कि उन्हों ने यहोवा की आज्ञा के अनुसार सब कुछ किया है। और मूसा ने उनको आशीर्वाद दिया।।
- 2 Chronicles 30:12 2 इतिहास 30:12और यहूदा में भी परमेश्वर की ऐसी शक्ति हुई, कि वे एक मन होकर, जो आज्ञा राजा और हाकिमों ने यहोवा के वचन के अनुसार दी थी, उसे मानने को तैयार हुए।
- 1 Chronicles 26:20–26 1 इतिहास 26:20–26फिर लेवियों में से अहिरयाह परमेश्वर के भवन और पवित्रा की हुई वस्तुओं, दोनों के भण्डारों का अधिकारी नियुक्त हुआ। ये लादान की सन्तान के थे, अर्थात् गेर्शेनियों की सन्तान जो लादान के कुल के थे, अर्थात् लादान और गेर्शेनी के पितरों के घरानों के मुख्य पुरूष थे, अर्थात् यहोएली। यहोएली के पुत्रा ये थे, अर्थात् जेताम और उसका भाई योएल जो यहोवा के भवन के खजाने के अधिकारी थे। अम्रामियों, यिसहारियों, हेब्रोनियों और उज्जीएलियों में से। और शबूएल जो मूसा के पुत्रा गेर्शेम के वंश का था, वह खजानों का मुख्य अधिकारी था। और उसके भाइयों का वृत्तान्त यह है: एलीआजर के कुल में उसका पुत्रा रहब्याह, रहब्याह का पुत्रा यशायाह, यशायाह का पुत्रा योराम, योराम का पुत्रा जिक्री, और जिक्री का पुत्रा शलोमोत था। यही शलोमोत अपने भाइयों समेत उन सब पवित्रा की हुई पस्तुओं के भण्डारों का अधिकारी था, जो राजा दाऊद और पितरों के घरानों के मुख्य मुख्य पुरूषों और सहस्रपतियों और शतपतियों और मुख्य सेनापतियों ने पवित्रा की थीं।