Colossians · chapter 1 · verse 27
Colossians 1:27 in Hindi
जिन पर परमेश्वर ने प्रगट करना चाहा, कि उन्हें ज्ञात हो कि अन्यजातियों में उस भेद की महिमा का मूल्य क्या है? और वह यह है, कि मसीह जो महिमा की आशा है तुम में रहता है।
Jin par parameshvar ne pragat karanaa chaahaa, ki unhem jnyaat ho ki anyajaatiyom mem us bhed kee mahimaa kaa mooly kyaa hai? Aur vah yah hai, ki maseeh jo mahimaa kee aashaa hai tum mem rahataa hai.
Colossians 1:27 in English
- King James Version (KJV)
- To whom God would make known what [is] the riches of the glory of this mystery among the Gentiles; which is Christ in you, the hope of glory:
- World English Bible (WEB)
- to whom God was pleased to make known what are the riches of the glory of this mystery among the Gentiles, which is Christ in you, the hope of glory.
- American Standard Version (ASV)
- to whom God was pleased to make known what is the riches of the glory of this mystery among the Gentiles, which is Christ in you, the hope of glory:
- Bible in Basic English (BBE)
- To whom God was pleased to give knowledge of the wealth of the glory of this secret among the Gentiles, which is Christ in you, the hope of glory:
- Darby Translation (DBY)
- to whom God would make known what are the riches of the glory of this mystery among the nations, which is Christ in you the hope of glory:
- Webster's Bible (WBS)
- To whom God would make known what [is] the riches of the glory of this mystery among the Gentiles; which is Christ in you, the hope of glory:
- Young's Literal Translation (YLT)
- to whom God did will to make known what [is] the riches of the glory of this secret among the nations — which is Christ in you, the hope of the glory,
Read in context
- 25जिस का मैं परमेश्वर के उस प्रबन्ध के अनुसार सेवक बना, जो तुम्हारे लिये मुझे सौंपा गया, ताकि मैं परमेश्वर के वचन को पूरा पूरा प्रचार करूं।
- 26अर्थात् उस भेद को समयों और पीढ़ियों से गुप्त रहा, परन्तु अब उसके उन पवित्रा लोगों पर प्रगट हुआ है।
- 27जिन पर परमेश्वर ने प्रगट करना चाहा, कि उन्हें ज्ञात हो कि अन्यजातियों में उस भेद की महिमा का मूल्य क्या है? और वह यह है, कि मसीह जो महिमा की आशा है तुम में रहता है।
- 28जिस का प्रचार करके हम हर एक मनुष्य को जता देते हैं और सारे ज्ञान से हर एक मनुष्य को सिखाते हैं, कि हम हर एक व्यक्ति को मसीह में सिद्ध करके उपस्थित करें।
- 29और इसी के लिये मैं उस की उस शक्ति के अनुसार जो मुझ में सामर्थ के साथ प्रभाव डालती है तन मन लगाकर परिश्रम भी करता हूं।
Cross references
- John 14:20 यूहन्ना 14:20उस दिन तुम जानोगे, कि मैं अपने पिता में हूं, और तुम मुझ में, और मैं तुम में।
- Romans 8:10 रोमियों 8:10और यदि मसीह तुम में है, तो देह पाप के कारण मरी हुई है; परन्तु आत्मा धर्म के कारण जीवित है।
- Ephesians 3:16–17 इफिसियों 3:16–17कि वह अपनी महिमा के धन के अनुसार तुम्हें यह दान दे, कि तुम उसके आत्मा से अपने भीतरी मनुष्यत्व में सामर्थ पाकर बलवन्त होते जाओ। और विश्वास के द्वारा मसीह तुम्हारे हृदय में बसे कि तुम प्रेम में जड़ पकड़कर और नेव डाल कर।
- 1 John 4:4 1 यूहन्ना 4:4हे बालको, तुम परमेश्वर के हो: और तुम ने उन पर जय पाई है; क्योंकि जो तुम में है, वह उस से जो संसार में है, बड़ा है।
- Galatians 2:20 गलातियों 2:20मैं मसीह के साथ क्रूस पर चढ़ाया गया हूं, और अब मैं जीवित न रहा, पर मसीह मुझ में जीवित है: और मैं शरीर में अब जो जीवित हूं तो केवल उस विश्वास से जीवित हूं, जो परमेश्वर के पुत्रा पर है, जिस ने मुझ से प्रेम किया, और मेरे लिये अपने आप को दे दिया।
- 1 Corinthians 3:16 1 कुरिन्थियों 3:16क्या तुम नहीं जानते, कि तुम परमेश्वर का मन्दिर हो, और परमेश्वर का आत्मा तुम में वास करता है?
- Revelation 3:20 प्रकाशितवाक्य 3:20देख, मैं द्वार पर खड़ा हुआ खटखटाता हूं; यदि कोई मेरा शब्द सुनकर द्वार खोलेगा, तो मैं उसके पास भीतर आकर उसके साथ भोजन करूंगा, और वह मेरे साथ।
- John 14:17 यूहन्ना 14:17अर्थात् सत्य का आत्मा, जिसे संसार ग्रहण नहीं कर सकता, क्योंकि वह न उसे देखता है और न उसे जानता है: तुम उसे जानते हो, क्योंकि वह तुम्हारे साथ रहता है, और वह तुम में होगा।
- Ephesians 1:17–18 इफिसियों 1:17–18कि हमारे प्रभु यीशु मसीह का परमेश्वर जो महिमा का पिता है, तुम्हें अपनी पहचान में, ज्ञान और प्रकाश का आत्मा दे। और तुम्हारे मन की आंखें ज्योतिर्मय हों कि तुम जान लो कि उसके बुलाने से कैसी आशा होती है, और पवित्रा लोगों में उस की मीरास की महिमा का धन कैसा है।
- 2 Corinthians 4:6 2 कुरिन्थियों 4:6इसलिये कि परमेश्वर ही है, जिस ने कहा, कि अन्धकार में से ज्योति चमके; और वही हमारे हृदयों में चमका, कि परमेश्वर की महिमा की पहिचान की ज्योति यीशु मसीह के चेहरे से प्रकाशमान हो।।
- Galatians 4:19 गलातियों 4:19हे मेरे बालकों, जब तक तुम में मसीह का रूप न बन जाए, तब तक मैं तुम्हारे लिये फिर जच्चा की सी पीड़ाएं सहता हूं।
- John 14:23 यूहन्ना 14:23यीशु ने उस को उत्तर दिया, यदि कोई मुझ से प्रेम रखे, तो वह मेरे वचन को मानेगा, और मेरा पिता उस से प्रेम रखेगा, और हम उसके पास आएंगे, और उसके साथ वास करेंगे।
Original words (Greek)
- whom · G3739ὅς hós
- God · G2316θεός theós
- would · G2309θέλω thélō
- known · G1107γνωρίζω gnōrízō
- what · G5101τίς tís
- riches · G4149πλοῦτος ploûtos
- glory · G1391δόξα dóxa
- this · G5127τούτου toútou
- mystery · G3466μυστήριον mystḗrion
- among · G1722ἐν en
- Gentiles · G1484ἔθνος éthnos
- which · G3739ὅς hós
- is · G2076ἐστί estí
- Christ · G5547Χριστός Christós
- in · G1722ἐν en
- you · G5213ὑμῖν hymîn
- hope · G1680ἐλπίς elpís
- glory · G1391δόξα dóxa