Daniel · chapter 7 · verse 8
Daniel 7:8 in Hindi
मैं उन सींगों को ध्यान से देख रहा था तो क्या देखा कि उनके बीच एक और छोटा सा सींग निकला, और उसके बल से उन पहिले सींगों में से तीन उखाड़े गए; फिर मैं ने देखा कि इस सींग में मनुष्य की सी आंखें, और बड़ा बोल बोलनेवाला मुंह भी है।
Maim un seengom ko dhyaan se dekh rahaa thaa to kyaa dekhaa ki unake beech ek aur chhotaa saa seeng nikalaa, aur usake bal se un pahile seengom mem se teen ukhaade gae; phir maim ne dekhaa ki is seeng mem manushy kee see aankhem, aur badaa bol bolanevaalaa munh bhee hai.
Daniel 7:8 in English
- King James Version (KJV)
- I considered the horns, and, behold, there came up among them another little horn, before whom there were three of the first horns plucked up by the roots: and, behold, in this horn [were] eyes like the eyes of man, and a mouth speaking great things.
- World English Bible (WEB)
- “I considered the horns, and behold, there came up among them another horn, a little one, before which three of the first horns were plucked up by the roots; and behold, in this horn were eyes like the eyes of a man, and a mouth speaking arrogantly.
- American Standard Version (ASV)
- I considered the horns, and, behold, there came up among them another horn, a little one, before which three of the first horns were plucked up by the roots: and, behold, in this horn were eyes like the eyes of a man, and a mouth speaking great things.
- Bible in Basic English (BBE)
- I was watching the horns with care, and I saw another coming up among them, a little one, before which three of the first horns were pulled up by the roots: and there were eyes like a man's eyes in this horn, and a mouth saying great things.
- Darby Translation (DBY)
- I considered the horns, and behold, there came up among them another, a little horn, before which three of the first horns were plucked up by the roots; and behold, in this horn were eyes like the eyes of a man, and a mouth speaking great things.
- Webster's Bible (WBS)
- I considered the horns, and behold, there came up among them another little horn, before whom there were three of the first horns plucked up by the roots: and behold, in this horn [were] eyes like the eyes of a man, and a mouth speaking great things.
- Young's Literal Translation (YLT)
- 'I was considering about the horns, and lo, another horn, a little one, hath come up between them, and three of the first horns have been eradicated from before it, and lo, eyes as the eyes of man [are] in this horn, and a mouth speaking great things.
Read in context
- 6इसके बाद मैं ने दृष्टि की और देखा कि चीते के समान एक और जन्तु है जिसकी पीठ पर पक्षी के से चार पंख हैं; और उस जन्तु के चार सिर थे; और उसको अधिकार दिया गया।
- 7फिर इसके बाद मैं ने स्वप्न में दृष्टि की और देखा, कि एक चौथा जन्तु है जो भयंकर और डरावना और बहुत सामर्थी है; और उसके बड़े बड़े लोहे के दांत हैं; वह सब कुछ खा डालता है और चूर चूर करता है, और जो बच जाता है, उसे पैरों से रौंदता है। और वह सब पहिले जन्तुओं से भिन्न है; और उसके दस सींग हैं।
- 8मैं उन सींगों को ध्यान से देख रहा था तो क्या देखा कि उनके बीच एक और छोटा सा सींग निकला, और उसके बल से उन पहिले सींगों में से तीन उखाड़े गए; फिर मैं ने देखा कि इस सींग में मनुष्य की सी आंखें, और बड़ा बोल बोलनेवाला मुंह भी है।
- 9मैं ने देखते देखते अन्त में क्या देखा, कि सिंहासन रखे गए, और कोई अति प्राचीन विराजमान हुआ; उसका वस्त्रा हिम सा उजला, और सिर के बाल निर्मल ऊन सरीखे थे; उसका सिंहासन अग्निमय और उसके पहिये धधकती हुई आग के से देख पड़ते थे।
- 10उस प्राचीन के सम्मुख से आग की धारा निकलकर बह रही थी; फिर हजारों हजार लोग उसकी सेवा टहल कर रहे थे, और लाखों लाख लोग उसके साम्हने हाजिर थे; फिर न्यायी बैठ गए, और पुस्तकें खोली गईं।
Cross references
- Revelation 13:5–6 प्रकाशितवाक्य 13:5–6कौन उस से लड़ सकता है? और बड़े बोल बोलने और निन्दा करने के लिये उसे एक मुंह दिया गया, और उसे बयालीस महीने तक काम करने का अधिकार दिया गया। और उस ने परमेश्वर की निन्दा करने के लिये मुंह खोला, कि उसके नाम और उसके तम्बू अर्थात् स्वर्ग के रहनेवालों की निन्दा करे।
- Revelation 13:1 प्रकाशितवाक्य 13:1और मैं ने एक पशु को समुद्र में से निकलते हुए देखा, जिस के दस सींग और सात सिर थे; और उसके सिरों पर निन्दा के नाम लिखे हुए थे।
- Psalm 12:3 भजन संहिता 12:3प्रभु सब चापलूस ओठों को और उस जीभ को जिस से बड़ा बोल निकलता है काट डालेगा।
- Revelation 13:11–13 प्रकाशितवाक्य 13:11–13फिर मैं ने एक और पशु को पृथ्वी में से निकलते हुए देखा, उसके मेम्ने के से दो सींग थे; और वह अजगर की नाईं बोलता था। और यह उस पहिले पशु का सारा अधिकार उसके साम्हने काम में लाता था, और पृथ्वी और उसके रहनेवालों से उस पहिले पशु की जिस का प्राणघातक घाव अच्छा हो गया था, पूजा कराता था। और वह बड़े बड़े चिन्ह दिखाता था, यहां तक कि मनुष्यों के साम्हने स्वर्ग से पृथ्वी पर आग बरसा देता था।
- Revelation 9:7 प्रकाशितवाक्य 9:7और उन टिडि्डयों के आकार लड़ाई के लिये तैयार किए हुए घोड़ों के से थे, और उन के सिरों पर मानों सोने के मुकुट थे; और उसके मुंह मनुष्यों के से थे।
- Daniel 8:9–12 दानिय्येल 8:9–12फिर इन में से एक छोटा सा सींग और निकला, जो दक्खिन, पूरब और शिरोमणि देश की ओर बहुत ही बढ़ गया। वह स्वर्ग की सेना तक बढ़ गया; और उस में से और तारों में से भी कितनों को भूमि पर गिराकर रौंद डाला। वरन वह उस सेना के प्रधान तक भी बढ़ गया, और उसका नित्य होमबलि बन्द कर दिया गया; और उसका पवित्रा वासस्थान गिरा दिया गया। और लोगों के अपराध के कारण नित्य होमबलि के साथ सेना भी उसके हाथ में कर दी गई, और उस सींग ने सच्चाई को मिट्टी में मिला दिया, और वह काम करते करते सफल हो गया।
- 2 Thessalonians 2:4 2 थिस्सलुनीकियों 2:4जो विरोध करता है, और हर एक से जो परमेश्वर, या पूज्य कहलाता है, अपने आप को बड़ा ठहराता है, यहां तक कि वह परमेश्वर के मन्दिर में बैठकर अपने आप को परमेश्वर प्रगट करता है।
- Daniel 11:36 दानिय्येल 11:36तब वह राजा अपनी इच्छा के अनुसार काम करेगा, और अपने आप को सारे देवताओं से ऊंचा और बड़ा ठहराएगा; वरन सब देवताओं के परमेश्वर के विरूद्ध भी अनोखी बातें कहेगा। और जब तक परमेश्वर का क्रोध न हो जाए तब तक उस राजा का कार्य सफल होता रहेगा; क्योंकि जो कुछ निश्चय करके ठाना हुआ है वह अवश्य ही पूरा होनेवाला है।
- Daniel 7:20–25 दानिय्येल 7:20–25फिर उसके सिर में के दस सींगों का भेद, और जिस नये सींग के निकलने से तीन सींग गिर गए, अर्थात् जिस सींग की आंखें और बड़ा बोल बोलनेवाला मुंह और सब और सींगों से अधिक भयंकर था, उसका भी भेद जानने की मुझे इच्छा हुई। और मैं ने देखा था कि वह सींग पवित्रा लोगों के संग लड़ाई करके उन पर उस समय तक प्रबल भी हो गया, जब तब वह अति प्राचीन न आया, और परमप्रधान के पवित्रा लोग न्यायी न ठहरे, और उन पवित्रा लोगों के राज्याधिकारी होने का समय न आ पहुंचा।। उस ने कहा, उस चौथे जन्तु का अर्थ, एक चौथा राज्य है, जो पृथ्वी पर होकर और सब राज्यों से भिन्न होगा, और सारी पृथ्वी को नाश करेगा, और दांवकर चूर- चूर करेगा। और उन दस सींगों का अर्थ यह है, कि उस राज्य में से दास राजा उठेंगे, और उनके बाद उन पहिलों से भिन्न एक और राजा उठेगा, जो तीन राजाओं को गिरा देगा। और वह परमप्रधान के विरूद्ध बातें कहेगा, और परमप्रधान के पवित्रा लोगों को पीस डालेगा, और समयों और व्यवस्था के बदल देने की आशा करेगा, वरन साढ़े तीन काल तक वे सब उसके वश में कर दिए जाएंगे।
- Daniel 8:23–25 दानिय्येल 8:23–25और उन राज्यों के अन्त समय में जब अपराधी पूरा बल पकड़ेंगे, तब क्रूर दृष्टिवाला और पहेली बूझनेवाला एक राजा उठेगा। उसका सामर्थ्य बड़ा होगा, परन्तु उस पहिले राजा का सा नहीं; और वह अदभुत् रीति से लोगों को नाश करेगा, और सफल होकर काम करता जाएगा, और सामर्थियों और पवित्रा लोगों के समुदाय को नाश करेगा। उसकी चतुराई के कारण उसका छल सफल होगा, और वह मन में फूलकर निडर रहते हुए बहुत लोगों को नाश करेगा। वह सब हाकिमों के हाकिम के विरूद्ध भी खड़ा होगा; परन्तु अन्त को वह किसी के हाथ स:बिना मार खाए टूट जाएगा।
- 2 Peter 2:18 2 पतरस 2:18वे व्यर्थ घमण्ड की बातें कर करके लुचपन के कामों के द्वारा, उन लोगों को शारीरिक अभिलाषाओं मे फंसा लेते हैं, जो भटके हुओं में से अभी निकल ही रहे हैं।
- 1 Samuel 2:3 1 शमूएल 2:3फूलकर अहंकार की ओर बातें मत करो, और अन्धेर की बातें तुम्हारे मुंह से न निकलें; क्योंकि यहोवा ज्ञानी ईश्वर है, और कामों को तौलनेवाला है।।
Original words (Hebrew)
- considered · H1934הָוָא hâvâʼ
- horns · H7162קֶרֶן qeren
- behold · H431אֲלוּ ʼălûw
- up · H5559סְלִק çᵉliq
- among · H997בֵּין bêyn
- another · H317אׇחֳרִי ʼochŏrîy
- little · H2192זְעֵיר zᵉʻêyr
- horn · H7162קֶרֶן qeren
- before · H6925קֳדָם qŏdâm
- three · H8532תְּלָת tᵉlâth
- of · H4481מִן min
- first · H6933קַדְמַי qadmay
- horns · H7162קֶרֶן qeren
- roots · H6132עֲקַר ʻăqar
- behold · H431אֲלוּ ʼălûw
- this · H1668דָּא dâʼ
- horn · H7162קֶרֶן qeren
- eyes · H5870עַיִן ʻayin
- eyes · H5870עַיִן ʻayin
- man · H606אֱנָשׁ ʼĕnâsh
- mouth · H6433פֻּם pum
- speaking · H4449מְלַל mᵉlal
- things · H7260רַבְרַב rabrab