Deuteronomy · chapter 19 · verse 11
Deuteronomy 19:11 in Hindi
परन्तु यदि कोई किसी से बैर रखकर उसकी घात में लगे, और उस पर लपककर उसे ऐसा मारे कि वह मर जाए, और फिर उन नगरों में से किसी में भाग जाए,
Parantu yadi koee kisee se bair rakhakar usakee ghaat mem lage, aur us par lapakakar use aisaa maare ki vah mar jaae, aur phir un nagarom mem se kisee mem bhaag jaae,
Deuteronomy 19:11 in English
- King James Version (KJV)
- But if any man hate his neighbour, and lie in wait for him, and rise up against him, and smite him mortally that he die, and fleeth into one of these cities:
- World English Bible (WEB)
- But if any man hates his neighbor, lies in wait for him, rises up against him, strikes him mortally so that he dies, and he flees into one of these cities;
- American Standard Version (ASV)
- But if any man hate his neighbor, and lie in wait for him, and rise up against him, and smite him mortally so that he dieth, and he flee into one of these cities;
- Bible in Basic English (BBE)
- But if any man has hate for his neighbour, and waiting for him secretly makes an attack on him and gives him a blow causing his death, and then goes in flight to one of these towns;
- Darby Translation (DBY)
- But if a man hate his neighbour, and lie in wait for him, and rise up against him, and smite him mortally that he die, and he flee into one of these cities,
- Webster's Bible (WBS)
- But if any man shall hate his neighbor, and lie in wait for him, and rise up against him, and smite him mortally, that he dieth, and he shall flee into one of these cities:
- Young's Literal Translation (YLT)
- 'And when a man is hating his neighbour, and hath lain in wait for him, and risen against him, and smitten him — the life, and he hath died, and he hath fled unto one of these cities,
Read in context
- 9यदि तू इन सब आज्ञाओं के मानने में जिन्हें मैं आज तुझ को सुनाता हूं चौकसी करे, और अपने परमेश्वर यहोवा से प्रेम रखे और सदा उसके मार्गों पर चलता रहे तो इन तीन नगरों से अधिक और भी तीन नगर अलग कर देना,
- 10इसलिये कि तेरे उस देश में जो तेरा परमेश्वर यहोवा तेरा निज भाग करके देता है किसी निर्दोष का खून न बहाया जाए, और उसका दोष तुझ पर न लगे।
- 11परन्तु यदि कोई किसी से बैर रखकर उसकी घात में लगे, और उस पर लपककर उसे ऐसा मारे कि वह मर जाए, और फिर उन नगरों में से किसी में भाग जाए,
- 12तो उसके नगर के पुरनिये किसी को भेज कर उसको वहां से मंगाकर खून के पलटा लेने वाले के हाथ में सौंप दे, कि वह मार डाला जाए।
- 13उस पर तरस न खाना, परन्तु निर्दोष के खून का दोष इस्राएल से दूर करना, जिस से तुम्हारा भला हों॥
Cross references
- Numbers 35:16–21 गिनती 35:16–21परन्तु यदि कोई किसी को लोहे के किसी हथियार से ऐसा मारे कि वह मर जाए, तो वह खूनी ठहरेगा; और वह खूनी अवश्य मार डाला जाए। और यदि कोई ऐसा पत्थर हाथ में लेकर, जिस से कोई मर सकता है, किसी को मारे, और वह मर जाए, तो वह भी खूनी ठहरेगा; और वह खूनी अवश्य मार डाला जाए। वा कोई हाथ में ऐसी लकड़ी लेकर, जिस से कोई मर सकता है, किसी को मारे, और वह मर जाए, तो वह भी खूनी ठहरेगा; और वह खूनी अवश्य मार डाला जाए। लोहू का पलटा लेनेवाला आप की उस खूनी को मार डाले; जब भी वह मिले तब ही वह उसे मार डाले। और यदि कोई किसी को बैर से ढकेल दे, वा घात लगाकर कुछ उस पर ऐसे फेंक दे कि वह मर जाए, वा शत्रुता से उसको अपने हाथ से ऐसा मारे कि वह मर जाए, तो जिस ने मारा हो वह अवश्य मार डाला जाए; वह खूनी ठहरेगा; लोहू का पलटा लेनेवाला जब भी वह खूनी उसे मिल जाए तब ही उसको मार डाले।
- Deuteronomy 27:24 व्यवस्थाविवरण 27:24शापित हो वह जो किसी को छिपकर मारे। तब सब लोग कहें, आमीन।।
- Numbers 35:24 गिनती 35:24तो मण्डली मारनेवाले और लोहू का पलटा लेनेवाले के बीच इन नियमों के अनुसार न्याय करे;
- Exodus 21:12–14 निर्गमन 21:12–14जो किसी मनुष्य को ऐसा मारे कि वह मर जाए, तो वह भी निश्चय मार डाला जाए। यदि वह उसकी घात में न बैठा हो, और परमेश्वर की इच्छा ही से वह उसके हाथ में पड़ गया हो, तो ऐसे मारनेवाले के भागने के निमित्त मैं एक स्थान ठहराऊंगा जहां वह भाग जाए। परन्तु यदि कोई ढिठाई से किसी पर चढ़ाई करके उसे छल से घात करे, तो उसको मार ढालने के लिये मेरी वेदी के पास से भी अलग ले जाना।।
- Proverbs 28:17 नीतिवचन 28:17जो किसी प्राणी की हत्या का अपराधी हो, वह भागकर गड़हे में गिरेगा; कोई उसको न रोकेगा।
- Genesis 9:6 उत्पत्ति 9:6जो कोई मनुष्य का लोहू बहाएगा उसका लोहू मनुष्य ही से बहाया जाएगा क्योंकि परमेश्वर ने मनुष्य को अपने ही स्वरूप के अनुसार बनाया है।