Deuteronomy · chapter 28 · verse 29
Deuteronomy 28:29 in Hindi
और जैसे अन्धा अन्धियारे में टटोलता है वैसे ही तू दिन दुपहरी में टटोलता फिरेगा, और तेरे काम काज सुफल न होंगे; और तू सदैव केवल अन्धेर सहता और लुटता ही रहेगा, और तेरा कोई छुड़ानेवाला न होगा।
Aur jaise andhaa andhiyaare mem tatolataa hai vaise hee too din dupaharee mem tatolataa phiregaa, aur tere kaam kaaj suphal na honge; aur too sadaiv keval andher sahataa aur lutataa hee rahegaa, aur teraa koee chhudaanevaalaa na hogaa.
Deuteronomy 28:29 in English
- King James Version (KJV)
- And thou shalt grope at noonday, as the blind gropeth in darkness, and thou shalt not prosper in thy ways: and thou shalt be only oppressed and spoiled evermore, and no man shall save [thee].
- World English Bible (WEB)
- You will grope at noonday, as a blind person gropes in darkness, and you will not prosper in your ways. You will only be oppressed and robbed always, and there will be no one to save you.
- American Standard Version (ASV)
- and thou shalt grope at noonday, as the blind gropeth in darkness, and thou shalt not prosper in thy ways: and thou shalt be only oppressed and robbed alway, and there shall be none to save thee.
- Bible in Basic English (BBE)
- You will go feeling your way when the sun is high, like a blind man for whom all is dark, and nothing will go well for you: you will be crushed and made poor for ever, and you will have no saviour.
- Darby Translation (DBY)
- and thou shalt grope at noonday, as the blind gropeth in darkness, and thou shalt not prosper in thy ways; and thou shalt be only oppressed and spoiled continually, and there shall be none to save.
- Webster's Bible (WBS)
- And thou shalt grope at noon-day, as the blind gropeth in darkness, and thou shalt not prosper in thy ways: and thou shalt be only oppressed and spoiled evermore, and no man shall save [thee] .
- Young's Literal Translation (YLT)
- and thou hast been gropling at noon, as the blind gropeth in darkness; and thou dost not cause thy ways to prosper; and thou hast been only oppressed and plundered all the days, and there is no saviour.
Read in context
- 27यहोवा तुझ को मि के से फोड़े, और बवासीर, और दाद, और खुजली से ऐसा पीड़ित करेगा, कि तू चंगा न हो सकेगा।
- 28यहोवा तुझे पागल और अन्धा कर देगा, और तेरे मन को अत्यन्त घबरा देगा;
- 29और जैसे अन्धा अन्धियारे में टटोलता है वैसे ही तू दिन दुपहरी में टटोलता फिरेगा, और तेरे काम काज सुफल न होंगे; और तू सदैव केवल अन्धेर सहता और लुटता ही रहेगा, और तेरा कोई छुड़ानेवाला न होगा।
- 30तू स्त्री से ब्याह की बात लगाएगा, परन्तु दूसरा पुरूष उसको भ्रष्ट करेगा; घर तू बनाएगा, परन्तु उस में बसने न पाएगा; दाख की बारी तू लगाएगा, परन्तु उसके फल खाने न पाएगा।
- 31तेरा बैल तेरी आंखों के साम्हने मारा जाएगा, और तू उसका मांस खाने न पाएगा; तेरा गदहा तेरी आंख के साम्हने लूट में चला जाएगा, और तुझे फिर न मिलेगा; तेरी भेड़- बकरियां तेरे शत्रुओं के हाथ लग जाएंगी, और तेरी ओर से उनका कोई छुडानेवाला न होगा।
Cross references
- Isaiah 59:10 यशायाह 59:10हम अन्धों के समान भीत टटोलते हैं, हां, हम बिना आंख के लोगों की नाईं टटोलते हैं; हम दिन- दोपहर रात की नाईं ठोकर खाते हैं, हृष्टपुष्टों के बीच हम मुर्दों के समान हैं।
- Job 5:14 अय्यूब 5:14उन पर दिन को अन्धेरा छा जाता है, और दिन दुपहरी में वे रात की नाई टटोलते फिरते हैं।
- Judges 3:14 न्यायियों 3:14तब इस्राएली अठारह वर्ष तक मोआब के राजा एग्लोन के अधीन में रहे।
- Judges 13:1 न्यायियों 13:1और इस्राएलियों ने फिर यहोवा की दृष्टि में बुरा किया; इसलिये यहोवा ने उनको पलिश्तियों के वश में चालीस वर्ष के लिये रखा।।
- Judges 4:2–3 न्यायियों 4:2–3इसलिये यहोवा ने उनको हासोर में विराजनेवाले कनान के राजा याबीन के अधीन में कर दिया, जिसका सेनापति सीसरा था, जो अन्यजातियों की हरोशेत का निवासी था। तब इस्राएलियों ने यहोवा की दोहाई दी; क्योंकि सीसरा के पास लोहे के नौ सौ रथ थे, और वह इस्राएलियों पर बीस वर्ष तक बड़ा अन्धेर करता रहा।
- Psalm 106:40–42 भजन संहिता 106:40–42तब यहोवा का क्रोध अपनी प्रजा पर भड़का, और उसको अपने निज भाग से घृणा आई; तब उस ने उनको अन्यजातियों के वश में कर दिया, और उनके बैरियो ने उन पर प्रभुता की। उनके शत्रुओं ने उन पर अन्धेर किया, और वे उनके हाथ तले दब गए।
- Judges 10:8 न्यायियों 10:8और उस वर्ष ये इस्राएलियों को सताते और पीसते रहे। वरन यरदन पार एमोरियों के देश गिलाद में रहनेवाले सब इस्राएलियों पर अठारह वर्ष तक अन्धेर करते रहे।
- Judges 6:1–6 न्यायियों 6:1–6तब इस्राएलियों ने यहोवा की दृष्टि में बुरा किया, इसलिये यहोवा ने उन्हें मिद्यानियों के वश में सात वर्ष कर रखा। और मिद्यानी इस्राएलियों पर प्रबल हो गए। मिद्यानियों के डर के मारे इस्राएलियों ने पहाड़ों के गहिरे खड्डों, और गुफाओं, और किलों को अपने निवास बना लिए। और जब जब इस्राएली बीज बोते तब तब मिद्यानी और अमालेकी और पूर्वी लोग उनके विरूद्ध चढ़ाई करके अज्जा तक छावनी डाल डालकर भूमि की उपज नाश कर डालते थे, और इस्राएलियों के लिये न तो कुछ भोजनवस्तु, और न भेड़- बकरी, और न गाय- बैल, और न गदहा छोड़ते थे। क्योंकि वे अपने पशुओं और डोरों को लिए हुए चढ़ाई करते, और टिडि्डयों के दल के समान बहुत आते थे; और उनके ऊंट भी अनगिनत होते थे; और वे देश को उजाड़ने के लिये उस में आया करते थे। और मिद्यानियों के कारण इस्राएली बड़ी दुर्दशा में पड़ गए; तब इस्राएलियों ने यहोवा की दोहाई दी।।
- 2 Corinthians 4:3–4 2 कुरिन्थियों 4:3–4परन्तु यदि हमारे सुसमाचार पर परदा पड़ा है, तो यह नाश होनेवालों ही के लिये पड़ा है। और उन अविश्वासियों के लिये, जिन की बुद्धि को इस संसार के ईश्वर ने अन्धी कर दी है, ताकि मसीह जो परमेश्वर का प्रतिरूप है, उसके तेजोमय सुसमाचार का प्रकाश उन पर न चमके।
- Lamentations 5:17 विलापगीत 5:17इस कारण हमारा हृदय निर्बल हो गया है, इन्हीं बातों से हमारी आंखें धुंधली पड़ गई हैं,
- Psalm 69:23–24 भजन संहिता 69:23–24उनकी आंखों पर अन्धेरा छा जाए, ताकि वे देख न सकें; और तू उनकी कटि को निरन्तर कंपाता रह। उनके ऊपर अपना रोष भड़का, और तेरे क्रोध की आंच उनको लगे।
- Acts 21:24 प्रेरितों के काम 21:24उन्हें लेकर उस के साथ अपने आप को शुद्ध कर; और उन के लिये खर्चा दे, कि वे सिर मुड़ाएं: तब सब जान लेगें, कि जो बातें उन्हें तेरे विषय में सिखाई गईं, उन की कुछ जड़ नहीं है परन्तु तू आप भी व्यवस्था को मानकर उसके अनुसार चलता है।
Original words (Hebrew)
- grope · H4959מָשַׁשׁ mâshash
- noonday · H6672צֹהַר tsôhar
- blind · H5787עִוֵּר ʻivvêr
- gropeth · H4959מָשַׁשׁ mâshash
- darkness · H653אֲפֵלָה ʼăphêlâh
- prosper · H6743צָלַח tsâlach
- ways · H1870דֶּרֶךְ derek
- oppressed · H6231עָשַׁק ʻâshaq
- spoiled · H1497גָּזַל gâzal
- evermore · H3117יוֹם yôwm
- save · H3467יָשַׁע yâshaʻ