Galatians · chapter 4 · verse 13
Galatians 4:13 in Hindi
पर तुम जानते हो, कि पहिले पहिल मैं ने शरीर की निर्बलता के कारण तुम्हें सुसमाचार सुनाया।
Par tum jaanate ho, ki pahile pahil maim ne shareer kee nirbalataa ke kaaran tumhem susamaachaar sunaayaa.
Galatians 4:13 in English
- King James Version (KJV)
- Ye know how through infirmity of the flesh I preached the gospel unto you at the first.
- World English Bible (WEB)
- but you know that because of weakness in the flesh I preached the Good News to you the first time.
- American Standard Version (ASV)
- but ye know that because of an infirmity of the flesh I preached the gospel unto you the first time:
- Bible in Basic English (BBE)
- But you have knowledge that with a feeble body I was preaching the good news to you the first time;
- Darby Translation (DBY)
- But ye know that in weakness of the flesh I announced the glad tidings to you at the first;
- Webster's Bible (WBS)
- Ye know that in infirmity of the flesh I preached the gospel to you at the first.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and ye have known that through infirmity of the flesh I did proclaim good news to you at the first,
Read in context
- 11मैं तुम्हारे विषय में डरता हूं, कहीं ऐसा न हो, कि जो परिश्रम मैं नं तुम्हारे लिये किया है व्यर्थ ठहरे।।
- 12हे भाइयों, मैं तुम से बिनती करता हूं, तुम मेरे समान हो जाओ: क्योंकि मैं भी तुम्हारे समान हुआ हूं; तुम ने मेरा कुछ बिगाड़ा नहीं।
- 13पर तुम जानते हो, कि पहिले पहिल मैं ने शरीर की निर्बलता के कारण तुम्हें सुसमाचार सुनाया।
- 14और तुम ने मेरी शारीरिक दशा को जो तुम्हारी परीक्षा का कारण थी, तुच्छ न जाना; न उस ने घृणा की; और परमेश्वर के दूत बरन मसीह के समान मुझे ग्रहण किया।
- 15तो वह तुम्हारा आनन्द मनाना कहां गया? मैं तुम्हारा गवाह हूं, कि यदि हो सकता, तो तुम अपनी आंखें भी निकालकर मुझे दे देते।
Cross references
- 1 Corinthians 2:3 1 कुरिन्थियों 2:3और मैं निर्बलता और भय के साथ, और बहुत थरथराता हुआ तुम्हारे साथ रहा।
- 2 Corinthians 12:7–10 2 कुरिन्थियों 12:7–10और इसलिये कि मैं प्रकाशों की बहुतायत से फूल न जाऊं, मेरे शरीर में एक कांटा चुभाया गया अर्थात् शैतान का एक दूत कि मुझे घूसे मारे ताकि मैं फूल न जाऊं। इस के विषय में मैं ने प्रभु से तीन बार बिनती की, कि मुझ से यह दूर हो जाए। और उस ने मुझ से कहा, मेरा अनुग्रह तेरे लिये बहुत है; क्योंकि मेरी सामर्थ निर्बलता में सिद्ध होती है; इसलिये मैं बड़े आनन्द से अपनी निर्बलताओं पर घमण्ड करूंगा, कि मसीह की सामर्थ मुझ पर छाया करती रहे। इस कारण मैं मसीह के लिये निर्बलताओं, और निन्दाओं में, और दरिद्रता में, और उपद्रवों में, और संकटों में, प्रसन्न हूं; क्योंकि जब मैं निर्बल होता हूं, तभी बलवन्त होता हूं।।
- 2 Corinthians 10:10 2 कुरिन्थियों 10:10क्योंकि कहते हें, कि उस की पत्रियां तो गम्भीर और प्रभावशाली हैं; परन्तु जब देखते हैं, तो वह देह का निर्बल और वक्तव्य में हल्का जान पड़ता है।
- 2 Corinthians 11:30 2 कुरिन्थियों 11:30यदि घमण्उ करना अवश्य है, तो मैं अपनी निर्बलता की बातों पर करूंगा।
- Galatians 1:6 गलातियों 1:6मुझे आश्चर्य होता है, कि जिस ने तुम्हें मसीह के अनुग्रह से बुलाया उस से तुम इतनी जल्दी फिर कर और ही प्रकार के सुसमाचार की ओर झुकने लगे।
- 2 Corinthians 11:6 2 कुरिन्थियों 11:6यदि मैं व्क्तवय में अनाड़ी हूं, तौभी ज्ञान में नहीं; बरन हम ने इस को हर बात में सब पर तुम्हारे लिये प्रगट किया है।
- 2 Corinthians 13:4 2 कुरिन्थियों 13:4वह निर्बलता के कारण क्रूस पर चढ़ाया तो गया, तौभी परमेश्वर की सामर्थ से जीवित है, हम भी तो उस में निर्बल हैं; परन्तु परमेश्वर की सामर्थ से जो तुम्हारे लिये है, उसके साथ जीएंगे।
- Acts 16:6 प्रेरितों के काम 16:6और वे फ्रूगिया और गलतिया देशों में से होकर गए, और पवित्रा आत्मा ने उन्हें ऐशिया में वचन सुनाने से मना किया।