Hebrews · chapter 11 · verse 8
Hebrews 11:8 in Hindi
विश्वास ही से इब्राहीम जब बुलाया गया तो आज्ञा मानकर ऐसी जगह निकल गया जिसे मीरास में लेनेवाला था, और यह न जानता था, कि मैं किधर जाता हूं; तौभी निकल गया।
Vishvaas hee se ibraaheem jab bulaayaa gayaa to aajnyaa maanakar aisee jagah nikal gayaa jise meeraas mem lenevaalaa thaa, aur yah na jaanataa thaa, ki maim kidhar jaataa hoom; taubhee nikal gayaa.
Hebrews 11:8 in English
- King James Version (KJV)
- By faith Abraham, when he was called to go out into a place which he should after receive for an inheritance, obeyed; and he went out, not knowing whither he went.
- World English Bible (WEB)
- By faith Abraham, when he was called, obeyed to go out to the place which he was to receive for an inheritance. He went out, not knowing where he went.
- American Standard Version (ASV)
- By faith Abraham, when he was called, obeyed to go out unto a place which he was to receive for an inheritance; and he went out, not knowing whither he went.
- Bible in Basic English (BBE)
- By faith Abraham did as God said when he was ordered to go out into a place which was to be given to him as a heritage, and went out without knowledge of where he was going.
- Darby Translation (DBY)
- By faith Abraham, being called, obeyed to go out into the place which he was to receive for an inheritance, and went out, not knowing where he was going.
- Webster's Bible (WBS)
- By faith Abraham, when he was called to remove into a place which he should afterwards receive for an inheritance, obeyed; and he went out not knowing whither he was going.
- Young's Literal Translation (YLT)
- By faith Abraham, being called, did obey, to go forth to the place that he was about to receive for an inheritance, and he went forth, not knowing whither he doth go;
Read in context
- 6और विश्वास बिना उसे प्रसन्न करना अनहोना है, क्योंकि परमेश्वर के पास आनेवाले को विश्वास करना चाहिए, कि वह है; और अपने खोजनेवालों को प्रतिफल देता है।
- 7विश्वास ही से नूह ने उन बातों के विषय में जो उस समय दिखाई न पड़ती थीं, चितौनी पाकर भक्ति के साथ अपने घराने के बचाव के लिये जहाज बनाया, और उसके द्वारा उस ने संसार को दोषी ठहराया; और उस धर्म का वारिस हुआ, जो विश्वास से होता है।
- 8विश्वास ही से इब्राहीम जब बुलाया गया तो आज्ञा मानकर ऐसी जगह निकल गया जिसे मीरास में लेनेवाला था, और यह न जानता था, कि मैं किधर जाता हूं; तौभी निकल गया।
- 9विश्वास ही से उस ने प्रतिज्ञा किए हुए देश में जैसे पराए देश में परदेशी रहकर इसहाक और याकूब समेत जो उसके साथ उसी प्रतिज्ञा के वारिस थे, तम्बूओं में वास किया।
- 10क्योंकि वह उस स्थिर नेववाले नगर की बाट जोहता था, जिस का रचनेवाला और बनानेवाला परमेश्वर है।
Cross references
- Acts 7:2–4 प्रेरितों के काम 7:2–4उस ने कहा; हे भाइयो, और पितरो सुनो, हमारा पिता इब्राहीम हारान में बसने से पहिले जब मिसुपुतामिया में था; तो तेजोमय परमेश्वर ने उसे दर्शन दिया। और उस से कहा कि तू अपने देश और अपने कुटुम्ब से निकलकर उस देश मे चला जा, जिसे मैं तुझे दिखाऊंगा। तब वह कसदियों के देश से निकलकर हारान में जा बसा; और उसके पिता की मृत्यु के बाद परमेश्वर ने उस को वहां से इस देश में लाकर बसाया जिस में अब तुम बसते हो।
- Genesis 12:1–4 उत्पत्ति 12:1–4यहोवा ने अब्राम से कहा, अपने देश, और अपनी जन्मभूमि, और अपने पिता के घर को छोड़कर उस देश में चला जा जो मैं तुझे दिखाऊंगा। और मैं तुझ से एक बड़ी जाति बनाऊंगा, और तुझे आशीष दूंगा, और तेरा नाम बड़ा करूंगा, और तू आशीष का मूल होगा। और जो तुझे आशीर्वाद दें, उन्हें मैं आशीष दूंगा; और जो तुझे कोसे, उसे मैं शाप दूंगा; और भूमण्डल के सारे कुल तेरे द्वारा आशीष पाएंगे। यहोवा के इस वचन के अनुसार अब्राम चला; और लूत भी उसके संग चला; और जब अब्राम हारान देश से निकला उस समय वह पचहत्तर वर्ष का था।
- Matthew 7:24–25 मत्ती 7:24–25इसलिये जो कोई मेरी ये बातें सुनकर उन्हें मानता है वह उस बुद्विमान मनुष्य की नाई ठहरेगा जिस ने अपना घर चटान पर बनाया। और मेंह बरसा और बाढ़ें आईं, और आन्धियां चलीं, और उस घर पर टक्करें लगीं, परन्तु वह नहीं गिरा, क्योंकि उस की नेव चटान पर डाली गई थी।
- Genesis 15:7–8 उत्पत्ति 15:7–8और उस ने उस से कहा मैं वही यहोवा हूं जो तुझे कस्दियों के ऊर नगर से बाहर ले आया, कि तुझ को इस देश का अधिकार दूं। उस ने कहा, हे प्रभु यहोवा मैं कैसे जानूं कि मैं इसका अधिकारी हूंगा?
- Genesis 22:18 उत्पत्ति 22:18और पृथ्वी की सारी जातियां अपने को तेरे वंश के कारण धन्य मानेंगी: क्योंकि तू ने मेरी बात मानी है।
- Genesis 12:7 उत्पत्ति 12:7तब यहोवा ने अब्राम को दर्शन देकर कहा, यह देश मैं तेरे वंश को दूंगा: और उस ने वहां यहोवा के लिये जिस ने उसे दर्शन दिया था, एक वेदी बनाई।
- James 2:14–16 याकूब 2:14–16हे मेरे भाइयों, यदि कोई कहे कि मुझे विश्वास है पर वह कर्म न करता हो, तो उस से क्या लाभ? क्या ऐसा विश्वास कभी उसका उद्धार कर सकता है? यदि कोई भाई या बहिन नगें उघाड़े हों, और उन्हें प्रति दिन भोजन की घटी हो। और तुम में से कोई उन से कहे, कुशल से जाओ, तुम गरम रहो और तृप्त रहो; पर जो वस्तुएं देह के लिये आवश्यक हैं वह उन्हें न दे, तो क्या लाभ?
- Isaiah 41:2 यशायाह 41:2किस ने पूर्व दिशा से एक को उभारा है, जिसे वह धर्म के साथ अपने पांव के पास बुलाता है? वह जातियों को उसके वश में कर देता और उसको राजाओं पर अधिकारी ठहराता है; उसकी तलवार वह उन्हें धूल के समान, और उसके धनुष से उड़ाए हुए भूसे के समान कर देता है।
- Romans 10:16 रोमियों 10:16परन्तु सब ने उस सुसमाचार पर कान न लगाया: यशायाह कहता है, कि हे प्रभु, किस ने हमारे समाचार की प्रतीति की है?
- Psalm 105:9–11 भजन संहिता 105:9–11वही वाचा जो उस ने इब्राहीम के साथ बान्धी, और उसके विषय में उस ने इसहाक से शपथ खाई, और उसी को उस ने याकूब के लिये विधि करके, और इस्राएल के लिये यह कहकर सदा की वाचा करके दृढ़ किया, कि मैं कनान देश को तुझी को दूंगा, वह बांट में तुम्हारा निज भाग होगा।।
- 1 Peter 4:17 1 पतरस 4:17क्योंकि वह समय आ पहुंचा है, कि पहिले परमेश्वर के लोगों का न्याय किया जाए, और जब कि न्याय का आरम्भ हम ही से होगा तो उन का क्या अन्त होगा जो परमेश्वर के सुसमाचार को नहीं मानते?
- Hebrews 11:33 इब्रानियों 11:33इन्हों ने विश्वास ही के द्वारा राज्य जीते; धर्म के काम किए; प्रतिज्ञा की हुई वस्तुएं प्राप्त की, सिंहों के मुंह बन्द किए।
Original words (Greek)
- faith · G4102πίστις pístis
- Abraham · G11Ἀβραάμ Abraám
- called · G2564καλέω kaléō
- out · G1831ἐξέρχομαι exérchomai
- into · G1519εἰς eis
- place · G5117τόπος tópos
- which · G3739ὅς hós
- after · G3195μέλλω méllō
- receive · G2983λαμβάνω lambánō
- for · G1519εἰς eis
- inheritance · G2817κληρονομία klēronomía
- obeyed · G5219ὑπακούω hypakoúō
- and · G2532καί kaí
- out · G1831ἐξέρχομαι exérchomai
- not · G3361μή mḗ
- knowing · G1987ἐπίσταμαι epístamai
- whither · G4226ποῦ poû
- went · G2064ἔρχομαι érchomai