Isaiah · chapter 29 · verse 16
Isaiah 29:16 in Hindi
तुम्हारी कैसी उलटी समझ है! क्या कुम्हार मिट्टी के तुल्य गिना जाएगा? क्या बनाई हुई वस्तु अपने कर्त्ता के विषय कहे कि उस ने मुझे नहीं बनाया, वा रची हुई वस्तु अपने रचनेवाले के विषय कहे, कि वह कुछ समझ नहीं रखता?
Tumhaaree kaisee ulatee samajh hai! Kyaa kumhaar mittee ke tuly ginaa jaaegaa? Kyaa banaaee huee vastu apane karttaa ke vishay kahe ki us ne mujhe naheem banaayaa, vaa rachee huee vastu apane rachanevaale ke vishay kahe, ki vah kuchh samajh naheem rakhataa?
Isaiah 29:16 in English
- King James Version (KJV)
- Surely your turning of things upside down shall be esteemed as the potter’s clay: for shall the work say of him that made it, He made me not? or shall the thing framed say of him that framed it, He had no understanding?
- World English Bible (WEB)
- You turn things upside down! Should the potter be thought to be like clay, that the thing made should say about him who made it, “He didn’t make me;” or the thing formed say of him who formed it, “He has no understanding”?
- American Standard Version (ASV)
- Ye turn things upside down! Shall the potter be esteemed as clay; that the thing made should say of him that made it, He made me not; or the thing formed say of him that formed it, He hath no understanding?
- Bible in Basic English (BBE)
- You are turning things upside down! Is the wet earth the same to you as the one who is forming it? will the thing made say of him who made it, He made me not: or the thing formed say of him who gave it form, He has no knowledge?
- Darby Translation (DBY)
- [Oh] your perverseness! — Shall the potter be esteemed as the clay, so that the work should say of him that made it, He made me not; or the thing formed say of him that formed it, He hath no understanding?
- Webster's Bible (WBS)
- Surely your turning of things upside down shall be esteemed as the potter's clay: for shall the work say of him that made it, He made me not? or shall the thing framed say of him that framed it, He had no understanding?
- Young's Literal Translation (YLT)
- Your perversion! as clay is the potter esteemed? That the work saith of its maker, 'He hath not made me?' And the framed thing said of its framer, 'He did not understand?'
Read in context
- 14इस कारण सुन, मैं इनके साथ अद्भुत काम वरन अति अद्भुत और अचम्भे का काम करूंगा; तब इनके बुद्धिमानों की बुद्धि नष्ट होगी, और इनके प्रवीणों की प्रवीणता जाती रहेगी।।
- 15हाय उन पर जो अपनी युक्ति को यहोवा से छिपाने का बड़ा यत्न करते, और अपने काम अन्धेरे में करके कहते हैं, हम को कौन देखता है? हम को कौन जानता है?
- 16तुम्हारी कैसी उलटी समझ है! क्या कुम्हार मिट्टी के तुल्य गिना जाएगा? क्या बनाई हुई वस्तु अपने कर्त्ता के विषय कहे कि उस ने मुझे नहीं बनाया, वा रची हुई वस्तु अपने रचनेवाले के विषय कहे, कि वह कुछ समझ नहीं रखता?
- 17क्या अब थोड़े ही दिनों के बीतने पर लबानोन फिर फलदाई बारी न बन जाएगा, और फलदाई बारी जंगल न गिनी जएगी?
- 18उस समय बहिरे पुस्तक की बातें सुनने लेगेंगे, और अन्धे जिन्हें अब कुछ नहीं सूझता, वे देखने लेगेंगे।
Cross references
- Romans 9:19–21 रोमियों 9:19–21सो तू मुझ से कहेगा, वह फिर क्यों दोष लगाता है? कौन उस की इच्छा का साम्हना करता हैं? हे मनुष्य, भला तू कौन है, जो परमेश्वर का साम्हना करता है? क्या गढ़ी हुई वस्तु गढ़नेवाले से कह सकती है कि तू ने मुझे ऐसा क्यों बनाया है? क्या कुम्हार को मिट्टी पर अधिकार नहीं, कि एक ही लौंदे मे से, एक बरतन आदर के लिये, और दूसरे को अनादर के लिये बनाए? तो इस में कौन सी अचम्भे की बात है?
- Isaiah 64:8 यशायाह 64:8तौभी, हे यहोवा, तू हमार पिता है; देख, हम तो मिट्टी है, और तू हमारा कुम्हार है; हम सब के सब तेरे हाथ के काम हैं।
- Isaiah 45:9–11 यशायाह 45:9–11हाय उस पर जो अपने रचनेवाले से झगड़ता है! वह तो मिट्टी के ठीकरों में से एक ठीकरा ही है! क्या मिट्टी कुम्हार से कहेगी, तू यह क्या करता है? क्या कारीगर का बनाया हुआ कार्य उसके विषय कहेगा कि उसके हाथ नहीं है? हाय उस पर जो अपने पिता से कहे, तू क्या जन्माता है? और मां से कहे, तू किस की माता है? यहोवा जो इस्राएल का पवित्रा और उसका बनानेवाला है, वह यों कहता है, क्या तुम आनेवाली घटनाएं मुझ से पूछोगे? क्या मेरे पुत्रों और मेरे कामों के विषय मुझे आज्ञा दोगे?
- Psalm 94:8–9 भजन संहिता 94:8–9तुम जो प्रजा में पशु सरीखे हो, विचार करो; और हे मूर्खों तुम कब तक बुद्धिमान हो जाओगे? जिस ने कान दिया, क्या वह आप नहीं सुनता? जिस ने आंख रची, क्या वह आप नहीं देखता?
- Jeremiah 18:1–10 यिर्मयाह 18:1–10यहोवा की ओर से यह वचन यिर्मयाह के पास पहुंचा, उठकर कुम्हार के घर जा, और वहां मैं तुझे अपने वचन सुनवाऊंगा। सो मैं कुम्हार के घर गया और क्या देखा कि वह चाक पर कुछ बना रहा है! और जो मिट्टी का बासन वह बना रहा था वह बिगड़ गया, तब उस ने उसी का दूसरा बासन अपनी समझ के अनुसार बना दिया। तब यहोवा का यह वचन मेरे पास पहुंचा, हे इस्राएल के घराने, यहोवा की यह वाणी है कि इस कुम्हार की नाई तुम्हारे साथ क्या मैं भी काम नहीं कर सकता? देख, जैसा मिट्टी कुम्हार के हाथ में रहती है, वैसा ही हे इस्राएल के घराने, तुम भी मेरे हाथ में हो। जब मैं किसी जाति वा राज्य के विषय कहूं कि उसे उखाड़ूंगा वा ढा दूंगा अथवा नाश करूंगा, तब यदि उस जाति के लोग जिसके विषय मैं ने कह बात कही हो अपनी बुराई से फिरें, तो मैं उस विपत्ति के विषय जो मैं ने उन पर डालने को ठाना हो पछताऊंगा। और जब मैं किसी जाति वा राज्य के विषय कहूं कि मैं उसे बनाऊंगा और रोपूंगा; तब यदि वे उस काम को करें जो मेरी दृष्टि में बुरा है और मेरी बात न मानें, तो मैं उस भलाई के विष्य जिसे मैं ने उनके लिये करने को कहा हो, पछताऊंगा।
- Isaiah 24:1 यशायाह 24:1सुनों, यहोवा पृथ्वी को निर्जन और सुनसान करने पर है, वह उसको उलटकर उसके रहनेवालों को तितर बितर करेग।
Original words (Hebrew)
- down · H2017הֹפֶךְ hôphek
- esteemed · H2803חָשַׁב châshab
- potter’s · H3335יָצַר yâtsar
- clay · H2563חֹמֶר chômer
- work · H4639מַעֲשֶׂה maʻăseh
- say · H559אָמַר ʼâmar
- made · H6213עָשָׂה ʻâsâh
- made · H6213עָשָׂה ʻâsâh
- framed · H3336יֵצֶר yêtser
- say · H559אָמַר ʼâmar
- framed · H3335יָצַר yâtsar
- understanding · H995בִּין bîyn