Jeremiah · chapter 11 · verse 20
Jeremiah 11:20 in Hindi
परन्तु, अब हे सेनाओं के यहोवा, हे धम न्यायी, हे अन्तेकरण की बातों के ज्ञाता, तू उनका पलटा ले और मुझे दिखा, क्योंकि मैं ने अपना मुक़ मा तेरे हाथ में छोड़ दिया है।
Parantu, ab he senaaom ke yahovaa, he dham nyaayee, he antekaran kee baatom ke jnyaataa, too unakaa palataa le aur mujhe dikhaa, kyonki maim ne apanaa muk maa tere haath mem chhod diyaa hai.
Jeremiah 11:20 in English
- King James Version (KJV)
- But, O LORD of hosts, that judgest righteously, that triest the reins and the heart, let me see thy vengeance on them: for unto thee have I revealed my cause.
- World English Bible (WEB)
- But, LORD of Armies, who judges righteously, who tests the heart and the mind, I will see your vengeance on them; for to you I have revealed my cause.
- American Standard Version (ASV)
- But, O Jehovah of hosts, who judgest righteously, who triest the heart and the mind, I shall see thy vengeance on them; for unto thee have I revealed my cause.
- Bible in Basic English (BBE)
- But, O Lord of armies, judging in righteousness, testing the thoughts and the heart, let me see your punishment come on them: for I have put my cause before you.
- Darby Translation (DBY)
- But thou, Jehovah of hosts, who judgest righteously, who triest the reins and the heart, let me see thy vengeance on them: for unto thee have I revealed my cause.
- Webster's Bible (WBS)
- But, O LORD of hosts, that judgest righteously, that triest the reins and the heart, let me see thy vengeance on them: for to thee have I revealed my cause.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And O Jehovah of Hosts, judging righteousness, Trying reins and heart, I do see Thy vengeance against them, For unto Thee I have revealed my cause.'
Read in context
- 18यहोवा ने मुझे बताया और यह बात मुझे मालूम हो गई; क्योंकि यहोवा ही ने उनकी युक्तियां मुझ पर प्रगट कीं।
- 19मैं तो वध होनेवाले भेड़ के बच्चे के समान अनजान था। मैं न जानता था कि वे लोग मेरी हानि की युक्तियां यह कहकर करते हैं, आओ, हम फल समेत इस वृक्ष को उखाड़ दें, और जीवितों के बीच में से काट डालें, तब इसका नाम तक फिर स्मरण न रहे।
- 20परन्तु, अब हे सेनाओं के यहोवा, हे धम न्यायी, हे अन्तेकरण की बातों के ज्ञाता, तू उनका पलटा ले और मुझे दिखा, क्योंकि मैं ने अपना मुक़ मा तेरे हाथ में छोड़ दिया है।
- 21इसलिये यहोवा ने मुझ से कहा, अनातोत के लोग जो तेरे प्राण के खोजी हैं और यह कहते हैं कि तू यहोवा का नाम लेकर भविष्यद्वाणी न कर, नहीं तो हमारे हाथों से मरेगा।
- 22इसलिये सेनाओं का यहोवा उनके विषय यों कहता है, मैं उनको दणड दूंगा; उनके जवान तलवार से, और उनके लड़के- लड़कियां भूखों मरेंगे;
Cross references
- Jeremiah 20:12 यिर्मयाह 20:12हे सेनाओं के यहोवा, हे धर्मियों के परखनेवाले और हृदय और मन के ज्ञाता, जो बदला तू उन से लेगा, उसे मैं देखूं, क्योंकि मैं ने अपना मुक़ मा तेरे ऊपर छोड़ दिया है।
- Jeremiah 17:10 यिर्मयाह 17:10मैं यहोवा मन की खोजता और हृदय को जांचता हूँ ताकि प्रत्येक जन को उसकी चाल- चलन के अनुसार अर्थात् उसके कामों का फल दूं।
- Psalm 7:9 भजन संहिता 7:9भला हो कि दुष्टों की बुराई का अन्त हो जाए, परन्तु धर्म को तू स्थिर कर; क्योंकि धर्मी परमेश्वर मन और मर्म का ज्ञाता है।
- 1 Samuel 16:7 1 शमूएल 16:7परन्तु यहोवा ने शमूएल से कहा, न तो उसके रूप पर दृष्टि कर, और न उसके डील की ऊंचाई पर, क्योंकि मैं ने उसे अयोग्य जाना है; क्योंकि यहोवा का देखना मनुष्य का सा नहीं है; मनुष्य तो बाहर का रूप देखता है, परन्तु यहोवा की दृष्टि मन पर रहती है।
- Revelation 2:23 प्रकाशितवाक्य 2:23और मैं उसके बच्चों को मार डालंूगा; और तब सब कलीसियाएं जान लेंगी कि हृदय और मन का परखनेवाला मैं ही हूं: और मैं तुम में से हर एक को उसके कामों के अनुसार बदला दूंगा।
- Genesis 18:25 उत्पत्ति 18:25इस प्रकार का काम करना तुझ से दूर रहे कि दुष्ट के संग धर्मी को भी मार डाले और धर्मी और दुष्ट दोनों की एक ही दशा हो।
- Jeremiah 15:15 यिर्मयाह 15:15हे यहोवा, तू तो जानता है; मुझे स्मरण कर और मेरी सुधि लेकर मेरे सतानेवालों से मेरा पलटा ले। तू धीरज के साथ क्रोध करनेवाला है, इसलिये मुझे न उठा ले; तेरे ही निमित्त मेरी नामधराई हुई है।
- Jeremiah 17:18 यिर्मयाह 17:18हे यहोवा, मेरी आशा टूटने न दे, मेरे सतानेवालों ही की आशा टूटे; उन्हीं को विस्मित कर; परन्तु मुझे निराशा से बचा; उन पर विपत्ति डाल और उनको चकनाचूर कर दे!
- 1 Chronicles 29:17 1 इतिहास 29:17और हे मेरे परमेश्वर! मैं जानता हूँ कि तू मन को जांचता है और सिधाई से प्रसन्न रहता है; मैं ने तो यह सब कुछ मन की सिधाई और अपनी इच्छा से दिया है; और अब मैं ने आनन्द से देखा है, कि तेरी प्रजा के लोग जो यहां उपस्थित हैं, वह अपनी इच्छा से तेरे लिये भेंट देते हैं।
- Psalm 10:14–15 भजन संहिता 10:14–15परमेश्वर को दुष्ट क्यों तुच्छ जानता है, और अपने मन में कहता है कि तू लेखा न लेगा? तू ने देख लिया है, क्योंकि तू उत्पात और कलपाने पर दुष्टि रखता है, ताकि उसका पलटा अपने हाथ में रखे; लाचार अपने को तेरे हाथ में सौंपता है; अनाथों का तू ही सहायक रहा है। दुष्ट की भुजा को तोड़ डाल;
- Psalm 35:2 भजन संहिता 35:2ढाल और भाला लेकर मेरी सहायता करने को खड़ा हो।
- 1 Samuel 24:15 1 शमूएल 24:15इसलिये यहोवा न्यायी होकर मेरा तेरा विचार करे, और विचार करके मेरा मुक मा लड़े, और न्याय करके मुझे तेरे हाथ से बचाए।