Jeremiah · chapter 42 · verse 18
Jeremiah 42:18 in Hindi
इस्राएल का परमेश्वर सेनाओं का यहोवा यों कहता है, कि जिस प्रकार से मेरा कोप और जलजलाहट यरूशलेम के निवासियों पर भड़क उठी थी, उसी प्रकार से यदि तुम मिस्र में जाओ, तो मेरी जलजलाहट तुम्हारे ऊपर ऐसी भड़क उठेगी कि लोग चकित होंगे, और तुम्हारी उपमा देकर शाप दिया करेंगे और तुम्हारी निन्दा किया करेंगे। तुम उस स्थान को फिर न देखने पाओगे।
Israael kaa parameshvar senaaom kaa yahovaa yom kahataa hai, ki jis prakaar se meraa kop aur jalajalaahat yarooshalem ke nivaasiyom par bhadak uthee thee, usee prakaar se yadi tum misr mem jaao, to meree jalajalaahat tumhaare oopar aisee bhadak uthegee ki log chakit honge, aur tumhaaree upamaa dekar shaap diyaa karenge aur tumhaaree nindaa kiyaa karenge. Tum us sthaan ko phir na dekhane paaoge.
Jeremiah 42:18 in English
- King James Version (KJV)
- For thus saith the LORD of hosts, the God of Israel; As mine anger and my fury hath been poured forth upon the inhabitants of Jerusalem; so shall my fury be poured forth upon you, when ye shall enter into Egypt: and ye shall be an execration, and an astonishment, and a curse, and a reproach; and ye shall see this place no more.
- World English Bible (WEB)
- For the LORD of Armies, the God of Israel, says: ‘As my anger and my wrath has been poured out on the inhabitants of Jerusalem, so my wrath will be poured out on you, when you enter into Egypt; and you will be an object of horror, an astonishment, a curse, and a reproach; and you will see this place no more.’
- American Standard Version (ASV)
- For thus saith Jehovah of hosts, the God of Israel: As mine anger and my wrath hath been poured forth upon the inhabitants of Jerusalem, so shall my wrath be poured forth upon you, when ye shall enter into Egypt; and ye shall be an execration, and an astonishment, and a curse, and a reproach; and ye shall see this place no more.
- Bible in Basic English (BBE)
- For this is what the Lord of armies, the God of Israel, has said: As my wrath and passion have been let loose on the people of Jerusalem, so will my passion be let loose on you when you go into Egypt: and you will become an oath and a cause of wonder and a curse and a name of shame; and you will never see this place again.
- Darby Translation (DBY)
- For thus saith Jehovah of hosts, the God of Israel: As mine anger and my fury have been poured forth upon the inhabitants of Jerusalem, so shall my fury be poured forth upon you, when ye shall enter into Egypt; and ye shall be an execration, and an astonishment, and a curse, and a reproach, and ye shall see this place no more.
- Webster's Bible (WBS)
- For thus saith the LORD of hosts, the God of Israel; As my anger and my fury hath been poured forth upon the inhabitants of Jerusalem: so shall my fury be poured forth upon you, when ye shall enter into Egypt: and ye shall be an execration, and an astonishment, and a curse, and a reproach; and ye shall see this place no more.
- Young's Literal Translation (YLT)
- for thus said Jehovah of Hosts, God of Israel: As poured out hath been Mine anger and My fury on the inhabitants of Jerusalem, so poured out is My fury upon you in your entering Egypt, and ye have been for an execration, and for an astonishment, and for a reviling, and for a reproach, and ye do not see any more this place.
Read in context
- 16तो ऐसा होगा कि जिस तलवार से तुम डरते हो, वही वहां मिस्र देश में तुम को जा लेगी, और जिस महंगी का भय तुम खाते हो, वह मिस्र में तुम्हारा पीछा न छोड़ेगी; और वहीं तुम मरोगे।
- 17जितने मनुष्य मिस्र में रहने के लिये उसकी ओर मुंह करें, वे सब तलवार, महंगी और मरी से मरेंगे, और जो विपत्ति मैं उनके बीच डालूंगा, उस से कोई बचा न रहेगा।
- 18इस्राएल का परमेश्वर सेनाओं का यहोवा यों कहता है, कि जिस प्रकार से मेरा कोप और जलजलाहट यरूशलेम के निवासियों पर भड़क उठी थी, उसी प्रकार से यदि तुम मिस्र में जाओ, तो मेरी जलजलाहट तुम्हारे ऊपर ऐसी भड़क उठेगी कि लोग चकित होंगे, और तुम्हारी उपमा देकर शाप दिया करेंगे और तुम्हारी निन्दा किया करेंगे। तुम उस स्थान को फिर न देखने पाओगे।
- 19हे बचे हुए यहूदियो, यहोवा ने तुम्हारे विषय में कहा है, मिस्र में मत जाओ। तुम निश्चय जानो कि मैं ने आज तुम को चिताकर यह बात बता दी है।
- 20क्योंकि जब तुम ने मुझ को यह कहकर अपने परमेश्वर यहोवा के पास भेज दिया कि हमारे निमित्त हमारे परमेश्वर यहोवा से प्रार्थना कर और जो कुछ हमारा परमेश्वर यहोवा कहे उससी के अनुसार हम को बता और हम वैसा ही करेंगे, तब तुम जान बूझके अपने ही को धोखा देते थे।
Cross references
- Jeremiah 7:20 यिर्मयाह 7:20सो प्रभु यहोवा ने यों कहा है, क्या मनुष्य, क्या पशु, क्या मैदान के वृक्ष, क्या भूमि की उपज, उन सब पर जो इस स्थान में हैं, मेरे कोप की आग भड़कने पर है; वह नित्य जलती रहेगी और कभी न बुझेगी।
- Jeremiah 18:16 यिर्मयाह 18:16इस से उनका देश ऐसा उजाड़ हो गया है कि लोग उस पर सदा ताली बजाते रहेंगे; और जो कोई उसके पास से चले वह चकित होगा और सिर हिलाएगा।
- Jeremiah 29:18 यिर्मयाह 29:18मैं तलवार, महंगी और मरी लिए हुए उनका पीछा करूंगा, और ऐसा करूंगा कि वे पृथ्वी के राज्य राज्य में मारे मारे फिरेंगे, और उन सब जातियों में जिन के बीच मैं उन्हें बरबस कर दूंगा, उनकी ऐसी दशा करूंगा कि लोग उन्हें देशकर चकित होंगे और ताली बजाएंगे और उनका अपमान करेंगे, और उनकी उपमा देकर शाप दिया करेंगे।
- Jeremiah 39:1–9 यिर्मयाह 39:1–9यहूदा के राजा सिदकिरसाह के राज्य के नौवें वर्ष के दसवें महीने में, बाबुल के राजा नबूकदनेस्सर ने अपनी सारी सेना समेत यरूशलेम पर चढ़ाई करके उसे घेर लिया। और सिदकिरयाह के राज्य के ग्यारहवें वर्ष के चौथे महीने के नौवें दिन को उस नगर की शहरपनाह तोड़ी गई। सो जब यरूशलेम ले लिया गया, तब नेर्गलसरेसेर, और समगर्नबो, और खेजों का प्रधान सर्सकीम, और मगों का प्रधान नेर्गलसरेसेर आदि, बाबुल के राजा के सब हाकिम बीच के फाटक में प्रवेश करके बैठ गए। जब यहूदा के राजा सिदकिरयाह और सब योद्वाओं ने उन्हें देखा तब रात ही रात राजा की बारी के मार्ग से दोनों भीतों के बीच के फाटक से होकर नगर से निकलकर भाग चले और अराबा का मार्ग लिया। परन्तु कसदियों की सेना ने उनको खदेड़कर सिदकिरयाह को यरीहो के अराबा में जा लिया और उनको बाबुल के राजा नबूकदनेस्सर के पास हमात देश के रिबला में ले गए; और उस ने वहां उसके दण्ड की आज्ञा दी। तब बाबुल के राजा ने सिदकिरयाह के पुत्रों को उसकी आंखों के साम्हने रिबला में घात किया; और सब कुलीन यहूदियों को भी घात किया। उस ने सिदकिरयाह की आंखों को फुड़वा डाला और उसको बाबुल ले जाने के लिये बेड़ियों से जकड़वा रखा। कसदियों ने राजभवन और प्रजा के घरों को आग लगाकर फूंक दिया, ओर यरूशलेम की शहरपनाह को ढा दिया। तब जल्लादों का प्रधान नबूजरदान प्रजा के बचे हुओं को जो नगर में रह गए थे, और जो लोग उसके पास भाग आए थे उनको अर्थात् प्रजा में से जितने रह गए उन सब को बंधुआ करके बाबुल को ले गया।
- Jeremiah 24:9 यिर्मयाह 24:9इस कारण वे पृथ्वी के राज्य राज्य में मारे मारे फिरते हुए हुेख भोगते रहेंगे; और जितने स्थानों में मैं उन्हें बरबस निकाल दूंगा, उन सभों में वे नामधराई और दृष्टांत और स्राप का विषय होंगे।
- Deuteronomy 29:21–22 व्यवस्थाविवरण 29:21–22और व्यवस्था की इस पुस्तक में जिस वाचा की चर्चा है उसके सब शापों के अनुसार यहोवा उसको इस्राएल के सब गोत्रों में से हानि के लिये अलग करेगा। और आनेवाली पीढ़ियों में तुम्हारे वंश के लोग जो तुम्हारे बाद उत्पन्न होंगे, और परेदेशी मनुष्य भी जो दूर देश से आएंगे, वे उस देश की विपत्तियों और उस में यहोवा के फैलाए हुए रोग देखकर,
- 2 Chronicles 36:16–19 2 इतिहास 36:16–19परन्तु वे परमेश्वर के दूतों को ठट्ठों में उड़ाते, उसके वचनों को तुच्छ जानते, और उसके नबियों की हंसी करते थे। निदान यहोवा अपनी प्रजा पर ऐसा झुंझला उठा, कि बचने का कोई उपाय न रहा। तब उस ने उन पर कसदियों के राजा से चढ़ाई करवाई, और इस ने उनके जवानों को उनके पवित्रा भवन ही में तलवार से मार डाला। और क्या जवान, क्या कुंवारी, क्या बूढ़े, क्या पक्के बालवाले, किसी पर भी कोमलता न की; यहोवा ने सभों को उसके हाथ में कर दिया। और क्या छोटे, क्या बड़े, परमेश्वर के भवन के सब पात्रा और यहोवा के भवन, और राजा, और उसके हाकिमों के खजाने, इन सभों को वह बाबेल में ले गया। और कसदियो ने परमेश्वर का भवन फूंक दिया, और यरूशलेम की शहरपनाह को तोड़ ड़ाला, और आग लगा कर उसके सब भवनों को जलाया, और उस में का सारा बहुमूल्य सामान नष्ट कर दिया।
- Jeremiah 44:12 यिर्मयाह 44:12और बचे हुए यहूदी जो हठ करके मिस्र देश में आकर रहने लगे हैं, वे सब मिट जाएंगे; इस मिस्र देश में छोटे से लेकर बड़े तक वे तलवार और महंगी के द्वारा मरक मिट जाएंगे; और लोग उन्हें कोसेंगे और चकित होंगे; और उनकी उपमा देकर शाप दिया करेंगे और निन्दा भी करेंगे।
- Isaiah 65:15 यशायाह 65:15मेरे चुने हुए लोग तुम्हारी उपमा दे देकर शाप देंगे, और प्रभु यहोवा तुझ को नाश करेगा; परन्तु अपने दासों का दूसरा नाम रखेगा।
- Jeremiah 22:27 यिर्मयाह 22:27परन्तु जिस देश में वे लौटने की बड़ी लालसा करते हैं, वहां कभी लौटने न पाएंगे।
- Jeremiah 29:22 यिर्मयाह 29:22और सब यहूदी बंधुए जो बाबुल में रहते हैं, उनकी उपमा देकर यह शाप दिया करेंगेे यहोवा तुझे सिदकिरयाह और अहाब के समान करे, जिन्हें बाबुल के राजा ने आग में भून डाला,
- Daniel 9:27 दानिय्येल 9:27और वह प्रधान एक सप्ताह के लिये बहुतों के संग दृढ़ वाचा बान्धेगा, परन्तु आधे सप्ताह के बीतने पर वह मेलबलि और अन्नबलि को बन्द करेगा; और कंगूरे पर उजाड़नेवाली घृणित वस्तुएं दिखाई देंगी और निश्चय से ठनी हुई बात के समाप्त होने तक परमेश्वर का क्रोध उजाड़नेवाले पर पड़ा रहेगा।।
Original words (Hebrew)
- saith · H559אָמַר ʼâmar
- hosts · H6635צָבָא tsâbâʼ
- God · H430אֱלֹהִים ʼĕlôhîym
- Israel · H3478יִשְׂרָאֵל Yisrâʼêl
- anger · H639אַף ʼaph
- fury · H2534חֵמָה chêmâh
- forth · H5413נָתַךְ nâthak
- inhabitants · H3427יָשַׁב yâshab
- Jerusalem · H3389יְרוּשָׁלַ͏ִם Yᵉrûwshâlaim
- fury · H2534חֵמָה chêmâh
- forth · H5413נָתַךְ nâthak
- enter · H935בּוֹא bôwʼ
- Egypt · H4714מִצְרַיִם Mitsrayim
- execration · H423אָלָה ʼâlâh
- astonishment · H8047שַׁמָּה shammâh
- curse · H7045קְלָלָה qᵉlâlâh
- reproach · H2781חֶרְפָּה cherpâh
- see · H7200רָאָה râʼâh
- place · H4725מָקוֹם mâqôwm