Jeremiah · chapter 49 · verse 21
Jeremiah 49:21 in Hindi
उनके गिरने के शब्द से पृथ्वी कांप उठेगी; और ऐसी चिल्लाहट मचेगी जो लाल समुद्र तक सुनाई पड़ेगी।
Unake girane ke shabd se pruthvee kaamp uthegee; aur aisee chillaahat machegee jo laal samudr tak sunaaee padegee.
Jeremiah 49:21 in English
- King James Version (KJV)
- The earth is moved at the noise of their fall, at the cry the noise thereof was heard in the Red sea.
- World English Bible (WEB)
- The earth trembles at the noise of their fall; there is a cry, the noise which is heard in the Red Sea.
- American Standard Version (ASV)
- The earth trembleth at the noise of their fall; there is a cry, the noise whereof is heard in the Red Sea.
- Bible in Basic English (BBE)
- The earth is shaking with the noise of their fall; their cry is sounding in the Red Sea.
- Darby Translation (DBY)
- The earth quaketh at the sound of their fall; there is a cry, the sound whereof is heard in the Red sea.
- Webster's Bible (WBS)
- The earth is moved at the noise of their fall, at the cry the noise of it was heard in the Red sea.
- Young's Literal Translation (YLT)
- From the noise of their fall hath the earth shaken, The cry — at the sea of Suph is its voice heard.
Read in context
- 19देखो, वह सिंह की नाई यरदन के आस पास के घने जंगलों से सदा की चराई पर चढ़ेगा, और मैं उनको उसके साम्हने से झट भगा दूंगा; तब जिसको मैं चुन लूं, उसको उन पर अधिकारी ठहराऊंगा। मेरे तुल्य कौन है? और कौन मुझ पर मुक़ मा चलाएगा? वह चरवाहा कहां है जो मेरा साम्हना कर सकेगा?
- 20देखो, यहोवा ने एदोम के विरूद्व क्या युक्ति की है; और तेमान के रहनेवालों के विरूद्व कैसी कल्पना की है? निश्चय वह भेड़- बकरियों के बच्चों को घसीट ले जाएगा; वह चराई को भेड़- बकरियों से निश्चय खाली कर देगा।
- 21उनके गिरने के शब्द से पृथ्वी कांप उठेगी; और ऐसी चिल्लाहट मचेगी जो लाल समुद्र तक सुनाई पड़ेगी।
- 22देखो, वह उकाब की नाई निकलकर उड़ आएगा, ओर बोस्रा पर अपने पंख फैलाएगा, और उस दिन एदोमी शूरवीरों का मन जच्चा स्त्री का सा हो जाएगा।
- 23दमिश्क के विषय, हमात और अर्पद की आश टूटी है, क्योंकि उन्हों ने बुरा समाचार सुना है, वे गल गए हैं; समुद्र पर चिन्ता है, वह शान्त नहीं हो सकता।
Cross references
- Jeremiah 50:46 यिर्मयाह 50:46बाबुल के लूट लिए जाने के शब्द से पृथ्वी कांप उठी है, और उसकी चिल्लाहट जातियों में सुनाई पड़ती है।
- Revelation 18:10 प्रकाशितवाक्य 18:10और उस की पीड़ा के डर के मारे दूर खड़े होकर कहेंगे, हे बड़े नगर, बाबुल! हे दृढ़ नगर, हाय! हाय! घड़ी ही भर में तुझे दण्ड मिल गया है।
- Ezekiel 32:10 यहेजकेल 32:10मैं बहुत सी जातियों को तेरे कारण विस्मित कर दूंगा, और जब मैं उनके राजाओं के साम्हने अपनी तलवार भेजूंगा, तब तेरे कारण उनके रोएं खड़े हो जाएंगे, और तेरे गिरने के दिन वे अपने अपने प्राण के लिये कांपते रहेंगे।
- Ezekiel 21:16 यहेजकेल 21:16सिकुड़कर दहिनी ओर जा, फिर तैयार होकर बाई ओर मुड़, जिधर भी तेरा मुख हो।
- Ezekiel 26:15–18 यहेजकेल 26:15–18परमेश्वर यहोवा सोर से यों कहता है, तेरे गिरने के शब्द से जब घायल लोग कराहेंगे और तुझ में घात ही घात होगा, तब क्या टापू न कांप उठेंगे? तब समुद्रतीर के सब प्रधान लोग अपने अपने सिंहासन पर से उतरेंगे, और अपने बागे़ और बूटेदार वस्त्रा उतारकर थरथराहट के वस्त्रा पहिनेंगे और भूमि पर बैठकर क्षण क्षण में कांपेंगे; और तेरे कारण विस्मित रहेंगे। और वे तेरे विषय में विलाप का गीत बनाकर तुझ से कहेंगे, हाय! मल्लाहों की बसाई हुई हाय! सराही हुई नगरी जो समुद्र के बीच निवासियों समेत सामथ रही और सब टिकनेवालों की डरानेवाली नगरी थी, तू कैसी नाश हुई है? तेरे गिरने के दिन टापू कांप उठेंगे, और तेरे जाते रहने के कारण समुद्र से सब टापू घबरा जाएंगे।
- Isaiah 14:4–15 यशायाह 14:4–15उस दिन तू बाबुल के राजा पर ताना मारकर कहेगा कि परिश्रम करानेवाला कैसा नाश हो गया है, सुनहले मन्दिरों से भरी नगरी कैसी नाश हो गई है! यहोवा ने दुष्टों के सोंटे को और अन्याय से शासन करनेवालों के लठ को तोड़ दिया है, जिस से वे मनुष्यों को लगातार रोष से मारते रहते थे, और जाति जाति पर क्रोध से प्रभुता करते और लगातार उनके पीछे पड़े रहते थे। अब सारी पृथ्वी को विश्राम मिला है, वह चैन से है; लोग ऊंचे स्वर से गा उठे हैं। सनौवर और लबानोन के देवदार भी तुझ पर आनन्द करके कहते हैं, जब से तू गिराया गया तब से कोई हमें काटने को नहीं आया। पाताल के नीचे अधोलो में तुझ से मिलने के लिये हलचल हो रही है; वह तेरे लिये मुर्दों को अर्थात्पृथ्वी के सब सरदारों को जगाता है, और वह जाति जाति से सब राजाओं को उनके सिंहासन पर से उठा खड़ा करता है। वे सब तुझ से कहेंगे, क्या तू भी हमारी नाई निर्बल हो गया है? क्या तू हमारे समान ही बन गया? तेरा विभव और तेरी सारंगियों को शब्द अधोलोक में उतारा गया है; कीड़े तेरा बिछौना और केचुए तेरा ओढ़ना हैं।। हे भोर के चमकनेवाले तारे तू क्योंकर आकाश से गिर पड़ा है? तू जो जाति जाति को हरा देता था, तू अब कैसे काटकर भूमि पर गिराया गया है? तू मन में कहता तो था कि मैं स्वर्ग पर चढूंगा; मैं अपने सिंहासन को ईश्वर के तारागण से अधिक ऊंचा करूंगा; और उत्तर दिशा की छोर पर सभा के पर्वत पर बिराजूंगा; मैं मेघों से भी ऊंचे ऊंचे स्थानों के ऊपर चढूंगा, मैं परमप्रधान के तुल्य हो जाऊंगा। परन्तु तू अधोलोक में उस गड़हे की तह तक उतारा जाएगा।