Jeremiah · chapter 51 · verse 13
Jeremiah 51:13 in Hindi
हे बहुत जलाशयों के बीच बसी हुई और बहुत भण्डार रखनेवाली, तेरा अन्त आ गया, तेरे लोभ की सीमा पहंच गई है।
He bahut jalaashayom ke beech basee huee aur bahut bhandaar rakhanevaalee, teraa ant aa gayaa, tere lobh kee seemaa pahanch gaee hai.
Jeremiah 51:13 in English
- King James Version (KJV)
- O thou that dwellest upon many waters, abundant in treasures, thine end is come, [and] the measure of thy covetousness.
- World English Bible (WEB)
- You who dwell on many waters, abundant in treasures, your end has come, the measure of your covetousness.
- American Standard Version (ASV)
- O thou that dwellest upon many waters, abundant in treasures, thine end is come, the measure of thy covetousness.
- Bible in Basic English (BBE)
- O you whose living-place is by the wide waters, whose stores are great, your end is come, your evil profit is ended.
- Darby Translation (DBY)
- Thou that dwellest upon many waters, abundant in treasures, thine end is come, the measure of thy rapacity.
- Webster's Bible (WBS)
- O thou that dwellest upon many waters, abundant in treasures, thy end is come, [and] the measure of thy covetousness.
- Young's Literal Translation (YLT)
- O dweller on many waters, abundant in treasures, Come in hath thine end, the measure of thy dishonest gain.
Read in context
- 11तीरों को पैना करो! ढालें थामे रहो! क्योंकि यहोवा ने मादी राजाओं के मन को उभारा है, उस ने बाबुल को नाश करने की कल्पना की है, क्योंकि यहोवा अर्थात् उसके मन्दिर का यही बदला है
- 12बाबुल की शहरपनाह के विरूद्व झण्डा खड़ा करो; बहुत पहरूए बैठाओ; घात लगानेवालों को बैठाओ; क्योंकि यहोवा ने बाबुल के रहनेवालों के विरूद्व जो कुछ कहा था, वह अब करने पर है वरन किया भी है।
- 13हे बहुत जलाशयों के बीच बसी हुई और बहुत भण्डार रखनेवाली, तेरा अन्त आ गया, तेरे लोभ की सीमा पहंच गई है।
- 14सेनाओं के यहोवा ने अपनी ही शपथ खाई है, कि निश्चय मैं तुझ को टिडि्डयों के समान अनगिनित मनुष्यों से भर दूंगा, और वे तेरे विरूद्व ललकारेंगे।
- 15उसी ने पृथ्वी को अपने सामर्थ से बनाया, और जगत को अपनी बुद्वि से स्थिर किया; और आकाश को अपनी प्रवीणता से तान दिया है।
Cross references
- Revelation 17:1 प्रकाशितवाक्य 17:1और जिन सात स्वर्गदूतों के पास वे सात कटोरे थे, उन में से एक ने आकर मुझ से यह कहा कि इधर आ, मैं तुझे उस बड़ी वेश्या का दण्ड दिखाऊं, जो बहुत से पानियों पर बैठी है।
- Revelation 17:15 प्रकाशितवाक्य 17:15फिर उस ने मुझ से कहा, कि जो पानी तू ने देखे, जिन पर वेश्या बैठी है, वे लोग, और भीड़ और जातियां, और भाषा हैं।
- Isaiah 45:3 यशायाह 45:3मैं तुझ को अन्घकार में छिपा दूंगा, जिस से तू जाने कि मैं इस्राएल का परमेश्वर यहोवा हूं जो तुझे नाम लेकर बुलाता है।
- Genesis 6:13 उत्पत्ति 6:13तब परमेश्वर ने नूह से कहा, सब प्राणियों के अन्त करने का प्रश्न मेरे साम्हने आ गया है; क्योंकि उनके कारण पृथ्वी उपद्रव से भर गई है, इसलिये मै उनको पृथ्वी समेत नाश कर डालूंगा।
- Jeremiah 51:36 यिर्मयाह 51:36इसलिये यहोवा कहता है, मैं तेरा कुक़ मा लड़ूंगा और तेरा बदला लूंगा। मैं उसके ताल को और उसके सोतों को सुखा दूंगा;
- Jeremiah 50:27 यिर्मयाह 50:27उसके सब बैलों को नाश करो, वे घात होने के स्थान में उतर जाएं। उन पर हाय! क्योंकि उनके दण्ड पाने का दिन आ पहुंचा है।
- Jude 1:11–13 यहूदा 1:11–13उन पर हाय! कि वे कैन की सी चाल चले, और मजदूरी के लिये बिलाम की नाई भ्रष्ट हो गए हैं: और कोरह की नाई विरोध करके नाश हुए हैं। यह तुम्हारी प्रेम सभाओं में तुम्हारे साथ खाते- पीते, समुद्र में छिपी हुई चट्टान सरीखे हैं, और बेधड़क अपना ही पेट भरनेवाले रखवाले हैं; वे निर्जल बादल हैं; जिन्हें हवा उड़ा ले जाती है; पतझड़ के निष्फल पेड़ हैं, जो दो बार मर चुके हैं; और जड़ से उखड़ गए हैं। ये समुद्र के प्रचण्ड हिलकोरे हैं, जो अपनी लज्जा का फेन उछालते हैं: ये डांवाडोल तारे हैं, जिन के लिये सदा काल तक घोर अन्धकार रखा गया है।
- 1 Peter 4:7 1 पतरस 4:7सब बातों का अन्त तुरन्त होनेवाला है; इसलिये संयमी होकर प्रार्थना के लिये सचेत रहो।
- Amos 8:2 आमोस 8:2और उस ने कहा, हे आमोस, तुझे क्या देख पड़ता है? मैं ने कहा, धूपकाल के फलों से भरी एक टोकरी। तब यहोवा ने मुण् से कहा, मेरी प्रजा इस्राएल का अन्त आ गया है; मैं अब उसको और न छोडूंगा।
- Jeremiah 50:37 यिर्मयाह 50:37उसके सवारों और रथियों पर और सब मिले जुले लोगों पर भी तलवार चलेगी, और वे स्त्रियें बन जाएंगे! उसके भण्ड़ारों पर तलवार चलेगी, और वे लुट जाएंगे!
- Lamentations 4:18 विलापगीत 4:18लोग हमारे पीछे ऐसे पड़े कि हम अपने नगर के चौकों में भी नहीं चल सके; हमारा अन्त निकट आया; हमारी आयु पूरी हुई; क्योंकि हमारा अन्त आ गया था।
- Luke 12:19–21 लूका 12:19–21और वहां अपना सब अन्न और संपत्ति रखूंगा: और अपने प्राण से कहूंगा, कि प्राण, तेरे पास बहुत वर्षों के लिये बहुत संपत्ति रखी है; चैन कर, खा, पी, सुख से रह। परन्तु परमेश्वर ने उस से कहा; हे मूर्ख, इसी रात तेरा प्राण तुझ से ले लिया जाएगा: तब जो कुछ तू ने इकट्ठा किया है, वह किस का होगा? ऐसा ही वह मनुष्य भी है जो अपने लिये धन बटोरता है, परन्तु परमेश्वर की दृष्टि में धनी नहीं।।