John · chapter 12 · verse 39
John 12:39 in Hindi
इस कारण वे विश्वास न कर सके, क्योंकि यशायाह ने फिर भी कहा।
Is kaaran ve vishvaas na kar sake, kyonki yashaayaah ne phir bhee kahaa.
John 12:39 in English
- King James Version (KJV)
- Therefore they could not believe, because that Esaias said again,
- World English Bible (WEB)
- For this cause they couldn’t believe, for Isaiah said again:
- American Standard Version (ASV)
- For this cause they could not believe, for that Isaiah said again,
- Bible in Basic English (BBE)
- For this reason they were unable to have belief, because Isaiah said again,
- Darby Translation (DBY)
- On this account they could not believe, because Esaias said again,
- Webster's Bible (WBS)
- Therefore they could not believe, because that Isaiah said again,
- Young's Literal Translation (YLT)
- Because of this they were not able to believe, that again Isaiah said,
Read in context
- 37और उस ने उन के साम्हने इतने चिन्ह दिखाए, तौभी उन्हों ने उस पर विश्वास न किया।
- 38ताकि यशायाह भविष्यद्वक्ता का वचन पूरा हो जो उस ने कहा कि हे प्रभु हमारे समाचार की किस ने प्रतीति की है? और प्रभु का भुजबल किस पर प्रगट हुआ?
- 39इस कारण वे विश्वास न कर सके, क्योंकि यशायाह ने फिर भी कहा।
- 40कि उस ने उन की आंखें अन्धी, और उन का मन कठोर किया है; कहीं ऐसा न हो, कि आंखों से देखें, और मन से समझें, और फिरें, और मैं उन्हें चंगा करूं।
- 41यशायाह ने ये बातें इसलिये कहीं, कि उस ने उस की महिमा देखी; और उस ने उसके विषय में बातें की।
Cross references
- Isaiah 6:9–10 यशायाह 6:9–10उस ने कहा, जा, और इन लोगों से कह, सुनते ही रहो, परन्तु न समझो; देखते ही रहो, परन्तु न बूझो। तू इन लोगों के मन को मोटे और उनके कानों को भारी कर, और उनकी आंखों को बन्द कर; ऐसा न हो कि वे आंखों से देखें, और कानों से सुनें, और मन से बूझें, और मन फिरावें और चंगे हो जाएं।
- John 5:44 यूहन्ना 5:44तुम जो एक दूसरे से आदर चाहते हो और वह आदर जो अद्वैत परमेश्वर की ओर से है, नहीं चाहते, किसी प्रकार विश्वास कर सकते हो?
- John 10:38 यूहन्ना 10:38परन्तु यदि मैं करता हूं, तो चाहे मेरी प्रतीति न भी करो, परन्तु उन कामों की तो प्रतीति करो, ताकि तुम जानो, और समझो, कि पिता मुझ में है, और मैं पिता में हूं।
- 2 Peter 2:14 2 पतरस 2:14उन ही आंखों में व्यभिचारिणी बसी हुई है, और वे पाप किए बिना रूक नहीं सकते: वे चंचल मनवालों को फुसला लेते हैं; उन के मन को लोभ करने का अभ्यास हो गया है, वे सन्ताप के सन्तान हैं।
- John 6:44 यूहन्ना 6:44कोई मेरे पास नहीं आ सकता, जब तक पिता, जिस ने मुझे भेजा है, उसे खींच न ले; और मैं उस को अंतिम दिन फिर जिला उठाऊंगा।
- Isaiah 44:18–20 यशायाह 44:18–20क्योंकि उनकी आंखें ऐसी मून्दी गई हैं कि वे देख नहीं सकते; और उनकी बुद्धि ऐसी कि वे बूझ नहीं सकते। कोई इस पर ध्यान नहीं करता, और न किसी को इतना ज्ञान वा समझ रहती है कि कह सके, उसका एक भाग तो मैं ने जला दिया और उसके कोयलों पर रोटी बनाई; और मांस भूनकर खाया है; फिर क्या मैं उसके बचे हुए भाग को घिनौनी वस्तु बनाऊं? क्या मैं काठ को प्रणाम करूं? वह राख खाता है; भरमाई हुई बुद्धि के कारण वह भटकाया गया है और वह न अपने को बचा सकता और न यह कह सकता है, क्या मेरे दहिने हाथ में मिथ्या नहीं?