Jonah · chapter 1 · verse 10
Jonah 1:10 in Hindi
तब वे निपट डर गए, और उस से कहने लगे, तू ने यह क्या किया है? वे जान गए थे कि वह यहोवा के सम्मुख से भाग आया है, क्योंकि उस ने आप ही उनको बता दिया था।।
Tab ve nipat dar gae, aur us se kahane lage, too ne yah kyaa kiyaa hai? Ve jaan gae the ki vah yahovaa ke sammukh se bhaag aayaa hai, kyonki us ne aap hee unako bataa diyaa thaa..
Jonah 1:10 in English
- King James Version (KJV)
- Then were the men exceedingly afraid, and said unto him, Why hast thou done this? For the men knew that he fled from the presence of the LORD, because he had told them.
- World English Bible (WEB)
- Then the men were exceedingly afraid, and said to him, “What have you done?” For the men knew that he was fleeing from the presence of the LORD, because he had told them.
- American Standard Version (ASV)
- Then were the men exceedingly afraid, and said unto him, What is this that thou hast done? For the men knew that he was fleeing from the presence of Jehovah, because he had told them.
- Bible in Basic English (BBE)
- And the men were in great fear, and they said to him, What is this you have done? For the men had knowledge of his flight from the Lord because he had not kept it from them.
- Darby Translation (DBY)
- Then were the men exceedingly afraid, and said unto him, What is this thou hast done? For the men knew that he fled from the presence of Jehovah: for he had told them.
- Webster's Bible (WBS)
- Then were the men exceedingly afraid, and said to him, Why hast thou done this? For the men knew that he fled from the presence of the LORD, because he had told them.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And the men fear a great fear, and say unto him, 'What [is] this thou hast done!' for the men have known that from the face of Jehovah he is fleeing, for he hath told them.
Read in context
- 8तब उन्हों ने उस से कहा, हमें बता कि किस के कारण यह विपत्ति हम पर पड़ी है? तेरा उद्यम क्या है? और तू कहां से आया है? तू किस देश और किस जाति का है?
- 9उस ने उन से कहा, मैं इब्री हूं; और स्वर्ग का परमेश्वर यहोवा जिस ने जल स्थल दोनों को बनाया है, उसी का भय मानता हूं।
- 10तब वे निपट डर गए, और उस से कहने लगे, तू ने यह क्या किया है? वे जान गए थे कि वह यहोवा के सम्मुख से भाग आया है, क्योंकि उस ने आप ही उनको बता दिया था।।
- 11तब उन्हों ने उस से पूछा, हम तेरे साथ क्या करें जिस से समुद्र शान्त हो जाए? उस समय समुद्र की लहरें बढ़ती ही जाती थीं।
- 12उस ने उन से कहा, मुझे उठाकर समुद्र में फेंक दो; तब समुद्र शान्त पड़ जाएगा; क्योंकि मैं जानता हूं, कि यह भारी आंधी तुम्हारे ऊपर मेरे ही कारण आई है।
Cross references
- Jonah 1:3 योना 1:3परन्तु योना यहोवा के सम्मुख से तर्शीश को भाग जाने के लिये उठा, और यापो नगर केा जाकर तर्शीश जानेवाला एक जहाज पाया; और भाड़ा देकर उस पर चढ़ गया कि उनके साथ होकर यहोवा के सम्मुख से तर्शीश को चला जाए।।
- Job 27:22 अय्यूब 27:22क्योंकि ईश्वर उस पर विपत्तियां बिना तरस खाए डाल देगा, उसके हाथ से वह भाग जाने चाहेगा। लोग उस पर ताली बजाएंगे,
- Daniel 5:6–9 दानिय्येल 5:6–9उसे देखकर राजा भयभीत हो गया, और वह अपने सोच में घबरा गया, और उसकी कटि के जोड़ ढ़ीले हो गए, और कांपते कांपते उसके घुटने एक दूसरे से लगने लगे। तब राजा ने ऊंचे शब्द से पुकारकर तन्त्रियों, कसदियों और और होनहार बतानेवालों को हाजिर करवाने की आज्ञा दी। जब बाबुल के पण्डित पास आए, तब राज उन से कहने लगा, जो कोई वह लिखा हुआ पढ़कर उसका अर्थ मुझे समझाए उसे बैंजनी रंग का वस्त्रा और उसके गले में सोने की कण्ठमाला पहिनाई जाएगी; और मेरे राज्य में तीसरा वही प्रभुता करेगा। तब राजा के सब पण्डित लोग भीतर आए, परन्तु उस लिखे हुए को न पढ़ सके और न राजा को उसका अर्थ समझा सके। इस पर बेलशस्सर राजा निपट घबरा गया और भयातुर हो गया; और उसके प्रधान भी बहुत व्याकुल हुए।।
- John 19:8 यूहन्ना 19:8जब पीलातुस ने यह बात सुनी तो और भी डर गया।
- Joshua 7:25 यहोशू 7:25तब यहोशू ने उस से कहा, तू ने हमें क्यों कष्ट दिया है? आज के दिन यहोवा तुझी को कष्ट देगा। तब सब इस्राएलियों ने उसको पत्थरवाह किया; और उनको आग में डालकर जलाया, और उनके ऊपर पत्थर डाल दिए।
- 2 Samuel 24:3 2 शमूएल 24:3योआब ने राजा से कहा, प्रजा के लोग कितने ही क्यों न हों, तेरा परमेश्वर यहोवा उनको सौगुणा बढ़ा दे, और मेरा प्रभु राजा इसे अपनी आंखों से देखने भी पाए; परन्तु, हे मेरे प्रभु, हे राजा, यह बात तू क्यों चाहता है?