Leviticus · chapter 6 · verse 2
Leviticus 6:2 in Hindi
यदि कोई यहोवा का विश्वासघात करके पापी ठहरे, जैसा कि धरोहर, वा लेनदेन, वा लूट के विषय में अपने भाई से छल करे, वा उस पर अन्धेर करे,
Yadi koee yahovaa kaa vishvaasaghaat karake paapee thahare, jaisaa ki dharohar, vaa lenaden, vaa loot ke vishay mem apane bhaaee se chhal kare, vaa us par andher kare,
Leviticus 6:2 in English
- King James Version (KJV)
- If a soul sin, and commit a trespass against the LORD, and lie unto his neighbour in that which was delivered him to keep, or in fellowship, or in a thing taken away by violence, or hath deceived his neighbour;
- World English Bible (WEB)
- “If anyone sins, and commits a trespass against the LORD, and deals falsely with his neighbor in a matter of deposit, or of bargain, or of robbery, or has oppressed his neighbor,
- American Standard Version (ASV)
- If any one sin, and commit a trespass against Jehovah, and deal falsely with his neighbor in a matter of deposit, or of bargain, or of robbery, or have oppressed his neighbor,
- Bible in Basic English (BBE)
- If anyone does wrong, and is untrue to the Lord, acting falsely to his neighbour in connection with something put in his care, or something given for a debt, or has taken away anything by force, or has been cruel to his neighbour,
- Darby Translation (DBY)
- If any one sin and act unfaithfully against Jehovah, and lie to his neighbour as to an entrusted thing or a deposit or [that in which] he hath robbed or wronged his neighbour,
- Webster's Bible (WBS)
- If a soul shall sin, and commit a trespass against the LORD, and lie to his neighbor, in that which was delivered him to keep, or in fellowship, or in a thing taken away by violence, or hath deceived his neighbor;
- Young's Literal Translation (YLT)
- 'When any person doth sin, and hath committed a trespass against Jehovah, and hath lied to his fellow concerning a deposit, or concerning fellowship, or concerning violent robbery, or hath oppressed his fellow;
Read in context
- 1फिर यहोवा ने मूसा से कहा,
- 2यदि कोई यहोवा का विश्वासघात करके पापी ठहरे, जैसा कि धरोहर, वा लेनदेन, वा लूट के विषय में अपने भाई से छल करे, वा उस पर अन्धेर करे,
- 3वा पड़ी हुई वस्तु को पाकर उसके विषय झूठ बोले और झूठी शपथ भी खाए; ऐसी कोई भी बात क्यों न हो जिसे करके मनुष्य पापी ठहरते हैं,
- 4तो जब वह ऐसा काम करके दोषी हो जाए, तब जो भी वस्तु उस ने लूट, वा अन्धेर करके, वा धरोहर, वा पड़ी पाई हो;
Cross references
- Colossians 3:9 कुलुस्सियों 3:9एक दूसरे से झूठ मत बोलो क्योंकि तुम ने पुराने मनुष्यत्व को उसके कामों समेत उतार डाला है।
- Proverbs 24:28 नीतिवचन 24:28व्यर्थ अपने पड़ोसी के विरूद्ध साक्षी न देना, और न उसको फुसलाना।
- Leviticus 5:15 लैव्यव्यवस्था 5:15यदि कोई यहोवा की पवित्रा की हुई वस्तुओं के विषय में भूल से विश्वासघात करे और पापी ठहरे, तो वह यहोवा के पास एक निर्दोष मेढ़ा दोषबलि के लिये ले आए; उसका दाम पवित्रास्थान के शेकेल के अनुसार उतने ही शेकेल रूपये का हो जितना याजक ठहराए।
- Acts 5:4 प्रेरितों के काम 5:4जब तक वह तेरे पास रही, क्या तेरी न थी? और जब बिक गई तो क्या तेरे वश में न थी? तू ने यह बात अपने मन में क्यों विचारी? तू मनुष्यों से नहीं, परन्तु परमेश्वर से झूठ बोला।
- Numbers 5:6–8 गिनती 5:6–8इस्त्राएलियों से कह, कि जब कोई पुरूष वा स्त्री ऐसा कोई पाप करके जो लोग किया करते हैं यहोवा को विश्वासघात करे, और वह प्राणी दोषी हो, तब वह अपना किया हुआ पाप मान ले; और पूरे मूल में पांचवां अंश बढ़ाकर अपने दोष के बदले में उसी को दे, जिसके विषय दोषी हुआ हो। परन्तु यदि उस मनुष्य का कोई कुटुम्बी न हो जिसे दोष का बदला भर दिया जाए, तो उस दोष का जो बदला यहोवा को भर दिया जाए वह याजक का हो, और वह उस प्रायश्चित्तवाले मेढ़े से अधिक हो जिस से उसके लिये प्रायश्चित्त किया जाए।
- Leviticus 19:11 लैव्यव्यवस्था 19:11तुम चोरी न करना, और एक दूसरे से न तो कपट करना, और न झूठ बोलना।
- Exodus 22:7–10 निर्गमन 22:7–10यदि कोई दूसरे को रूपए वा सामग्री की धरोहर धरे, और वह उसके घर से चुराई जाए, तो यदि चोर पकड़ा जाए, तो दूना उसी को भर देना पड़ेगा। और यदि चोर न पकड़ा जाए, तो घर का स्वामी परमेश्वर के पास लाया जाए, कि निश्चय हो जाय कि उस ने अपने भाई बन्धु की सम्पत्ति पर हाथ लगाया है वा नहीं। चाहे बैल, चाहे गदहे, चाहे भेड़ वा बकरी, चाहे वस्त्रा, चाहे किसी प्रकार की ऐसी खोई हुई वस्तु के विषय अपराध क्यों न लगाया जाय, जिसे दो जन अपनी अपनी कहते हों, तो दोनों का मुक मा परमेश्वर के पास आए; और जिसको परमेश्वर दोषी ठहराए वह दूसरे को दूना भर दे।। यदि कोई दूसरे को गदहा वा बैल वा भेड़- बकरी वा कोई और पशु रखने के लिये सौपें, और किसी के बिना देखे वह मर जाए, वा चोट खाए, वा हांक दिया जाए,
- Revelation 22:15 प्रकाशितवाक्य 22:15पर कुत्तेे, और टोन्हें, और व्यभिचारी, और हत्यारे और मूर्तिपूजक, और हर एक झूठ का चाहनेवाला, और गढ़नेवाला बाहर रहेगा।।
- Isaiah 24:16 यशायाह 24:16पृथ्वी की छोर से हमें ऐसे गीत की ध्वनि सुन पड़ती है, कि धर्मी की महिमा और बड़ाई हो। परन्तु मैं ने कहा, हाय, हाय! मैं नाश हो गया, नाश! क्योंकि विश्वासघाती विश्वासघात करते, वे बड़ा ही विश्वासघात करते हैं।।
- Isaiah 33:1 यशायाह 33:1हाय तुझ नाश करनेवाले पर जो नाश नहीं किया गया था; हाय तुझ विश्वासघाती पर, जिसके साथ विश्वासघात नहीं किया गया! जब तू नाश कर चुके, तब तू नाश किया जाएगा; और जब तू विश्वासघात कर चुके, तब तेरे साथ विश्वासघात किया जाएगा।।
- John 8:44 यूहन्ना 8:44तुम अपने पिता शैतान से हो, और अपने पिता की लालसाओं को पूरा करना चाहते हो। वह तो आरम्भ से हत्यारा है, और सत्य पर स्थिर न रहा, क्योंकि सत्य उस में है ही नहीं: जब वह झूठ बोलता, तो अपने स्वभाव ही से बोलता है; क्योंकि वह झूठा है, बरन झूठ का पिता है।
- Ephesians 4:25 इफिसियों 4:25इस कारण झूठ बोलना छोड़कर हर एक अपने पड़ोसी से सच बोले, क्योंकि हम आपस में एक दूसरे के अंग हैं।
Original words (Hebrew)
- soul · H5315נֶפֶשׁ nephesh
- sin · H2398חָטָא châṭâʼ
- commit · H4603מָעַל mâʻal
- trespass · H4604מַעַל maʻal
- lie · H3584כָּחַשׁ kâchash
- neighbour · H5997עָמִית ʻâmîyth
- delivered · H6487פִּקָּדוֹן piqqâdôwn
- fellowship · H8667תְּשׂוּמֶת tᵉsûwmeth
- violence · H1498גָּזֵל gâzêl
- deceived · H6231עָשַׁק ʻâshaq
- neighbour · H5997עָמִית ʻâmîyth