Luke · chapter 14 · verse 20
Luke 14:20 in Hindi
एक और ने कहा; मै ने ब्याह किया है, इसलिये मैं नहीं आ सकता।
Ek aur ne kahaa; mai ne byaah kiyaa hai, isaliye maim naheem aa sakataa.
Luke 14:20 in English
- King James Version (KJV)
- And another said, I have married a wife, and therefore I cannot come.
- World English Bible (WEB)
- “Another said, ‘I have married a wife, and therefore I can’t come.’
- American Standard Version (ASV)
- And another said, I have married a wife, and therefore I cannot come.
- Bible in Basic English (BBE)
- And another said, I have been married, and so I am not able to come.
- Darby Translation (DBY)
- And another said, I have married a wife, and on this account I cannot come.
- Webster's Bible (WBS)
- And another said, I have married a wife: and therefore I cannot come.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and another said, A wife I married, and because of this I am not able to come.
Read in context
- 18पर वे सब के सब क्षमा मांगने लगे, पहिले ने उस से कहा, मैं ने खेत मोल लिया है; और अवश्य है कि उसे देखूं: मैं तुझ से बिनती करता हूं, मुझे क्षमा करा दे।
- 19दूसरे ने कहा, मैं ने पांच जोड़े बैल मोल लिए हैं: और उन्हें परखने जाता हूं: मैं तुझ से बिनती करता हूं, मुझे क्षमा करा दे।
- 20एक और ने कहा; मै ने ब्याह किया है, इसलिये मैं नहीं आ सकता।
- 21उस दास ने आकर अपने स्वामी को ये बातें कह सुनाईं, तब घर के स्वामी ने क्रोध में आकर अपने दास से कहा, नगर के बाजारों और गलियों में तुरन्त जाकर कंगालों, टुण्डों, लंगड़ों और अन्धों को यहां ले आओ।
- 22दास ने फिर कहा; हे स्वामी, जैसे तू ने कहा था, वैसे ही किया गया है; फिर भी जगह है।
Cross references
- Deuteronomy 24:5 व्यवस्थाविवरण 24:5जो पुरूष हाल का ब्याहा हुआ हो, वह सेना के साथ न जाए और न किसी काम का भार उस पर डाला जाए; वह वर्ष भर अपने घर में स्वतंत्राता से रहकर अपनी ब्याही हुई स्त्री को प्रसन्न करता रहे।
- 1 Corinthians 7:33 1 कुरिन्थियों 7:33परन्तु विवाहित मनुष्य संसार की बातों की चिन्ता में रहता है, कि अपनी पत्नी को किस रीति से प्रसन्न रखे।
- Luke 14:26–28 लूका 14:26–28यदि कोई मेरे पास आए, और अपने पिता और माता और पत्नी और लड़केबालों और भाइयों और बहिनों बरन अपने प्राण को भी अप्रिय न जाने, तो वह मेरा चेला नहीं हो सकता। और जो कोई अपना क्रूस न उठाए; और मेरे पीछे न आए; वह भी मेरा चेला नहीं हो सकता। तुम में से कौन है कि गढ़ बनाना चाहता हो, और पहिले बैठकर खर्च न जोड़े, कि पूरा करने की बिसात मेरे पास है कि नहीं?
- 1 Corinthians 7:29–31 1 कुरिन्थियों 7:29–31हे भाइयो, मैं यह कहता हूं, कि समय कम किया गया है, इसलिये चाहिए कि जिन के पत्नी हों, वे ऐसे हों मानो उन के पत्नी नहीं। और रोनेवाले ऐसे हों, मानो रोते नहीं; और आनन्द करनेवाले ऐसे हों, मानो आनन्द नहीं करते; और मोल लेनेवाले एसे हों, कि मानो उन के पास कुछ है नहीं। और इस संसार के बरतनेवाले ऐसे हों, कि संसार ही के न हो लें; क्योंकि इस संसार की रीति और व्यवहार बदलते जाते हैं।
- Luke 18:29–30 लूका 18:29–30उस ने उन से कहा; मैं तुम से सच कहता हूं, कि ऐसा कोई नहीं जिस ने परमेश्वर के राज्य के लिये घर या पत्नी या भाइयों या माता पिता या लड़के- बालों को छोड़ दिया हो। और इस समय कई गुणा अधिक न पाए; और परलोक में अनन्त जीवन।।