Matthew · chapter 19 · verse 17
Matthew 19:17 in Hindi
उस ने उस से कहा, तू मुझ से भलाई के विषय में क्यों पूछता है? भला तो एक ही है; पर यदि तू जीवन में प्रवेश करना चाहता है, तो आज्ञाओं को माना कर।
Us ne us se kahaa, too mujh se bhalaaee ke vishay mem kyom poochhataa hai? Bhalaa to ek hee hai; par yadi too jeevan mem pravesh karanaa chaahataa hai, to aajnyaaom ko maanaa kar.
Matthew 19:17 in English
- King James Version (KJV)
- And he said unto him, Why callest thou me good? [there is] none good but one, [that is], God: but if thou wilt enter into life, keep the commandments.
- World English Bible (WEB)
- He said to him, “Why do you call me good? No one is good but one, that is, God. But if you want to enter into life, keep the commandments.”
- American Standard Version (ASV)
- And he said unto him, Why askest thou me concerning that which is good? One there is who is good: but if thou wouldest enter into life, keep the commandments.
- Bible in Basic English (BBE)
- And he said to him, Why are you questioning me about what is good? One there is who is good: but if you have a desire to go into life, keep the rules of the law.
- Darby Translation (DBY)
- And he said to him, What askest thou me concerning goodness? one is good. But if thou wouldest enter into life, keep the commandments.
- Webster's Bible (WBS)
- And he said to him, Why callest thou me good? [there is] none good but one, [that is] , God: but if thou wilt enter into life, keep the commandments.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And he said to him, 'Why me dost thou call good? no one [is] good except One — God; but if thou dost will to enter into the life, keep the commands.'
Read in context
- 15और वह उन पर हाथ रखकर, वहां से चला गया।
- 16और देखो, एक मनुष्य ने पास आकर उस से कहा, हे गुरू; मैं कौन सा भला काम करूं, कि अनन्त जीवन पाऊं?
- 17उस ने उस से कहा, तू मुझ से भलाई के विषय में क्यों पूछता है? भला तो एक ही है; पर यदि तू जीवन में प्रवेश करना चाहता है, तो आज्ञाओं को माना कर।
- 18उस ने उस से कहा, कौन सी आज्ञाएं? यीशु ने कहा, यह कि हत्या न करना, व्यभिचार न करना, चोरी न करना, झूठी गवाही न देना।
- 19अपने पिता और अपनी माता का आदर करना, और अपने पड़ोसी से अपने समान प्रेम रखना।
Cross references
- Leviticus 18:5 लैव्यव्यवस्था 18:5इसलिये तुम मेरे नियमों और मेरी विधियों को निरन्तर मानना; जो मनुष्य उन को माने वह उनके कारण जीवित रहेगा। मैं यहोवा हूं।
- Luke 10:26–28 लूका 10:26–28उस ने उस से कहा; कि व्यवस्था में क्या लिखा है? तू कैसे पढ़ता है? उस ने उत्तर दिया, कि तू प्रभु अपने परमेश्वर से अपने सारे मन और अपने सारे प्राण और अपनी सारी शक्ति और अपनी सारी बुद्धि के साथ प्रेम रख; और अपने पड़ोसी से अपने समान प्रेम रख। उस ने उस से कहा, तू ने ठीक उत्तर दिया है, यही कर: तो तू जीवित रहेगा।
- Galatians 3:11–13 गलातियों 3:11–13पर यह बात प्रगट है, कि व्यवस्था के द्वारा परमेश्वर के यहां कोई धर्मी नहीं ठहरता क्योंकि धर्मी जन विश्वास से जीवित रहेगा। पर व्यवस्था का विश्वास से कुछ सम्बन्ध नहीं; पर जो उन को मानेगा, वह उन के कारण जीवित रहेगा। मसीह ने जो हमारे लिये स्त्रापित बना, हमें मोल लेकर व्यवस्था के स्त्राप से छुड़ाया क्योंकि लिखा है, जो कोई काठ पर लटकाया जाता है वह स्त्रापित है।
- Romans 10:5 रोमियों 10:5क्योंकि मूसा ने यह लिखा है, कि जो मनुष्य उस धार्मिकता पर जो व्यवस्था से है, चलता है, वह इसी कारण जीवित रहेगा।
- 1 Samuel 2:2 1 शमूएल 2:2यहोवा के तुल्य कोई पवित्रा नहीं, क्योंकि तुझ को छोड़ और कोई है ही नहीं; और हमारे परमेश्वर के समान कोई चट्टान नहीं है।।
- 1 John 4:16 1 यूहन्ना 4:16और जो प्रेम परमेश्वर हम से रखता है, उस को हम जान गए, और हमें उस की प्रतीति है; परमेश्वर प्रेम है: जो प्रेम में बना रहता है, वह परमेश्वर में बना रहता है; और परमेश्वर उस में बना रहता है।
- Ezekiel 20:11–12 यहेजकेल 20:11–12वहां उनको मैं ने अपनी विधियां बताई और अपने नियम भी बताए कि जो मतुष्य उनको माने, वह उनके कारण जीवित रहेगा। फिर मैं ने उनके लिये अपने विश्रामदिन ठहराए जो मेरे और उनके बीच चिन्ह ठहरें; कि वे जानें कि मैं यहोवा उनका पवित्रा करनेवाला हूँ।
- Ezekiel 20:21 यहेजकेल 20:21परन्तु उनकी सन्तान ने भी मुझ से बलवा किया; वे मेरी विधियों पर न चले, न मेरे नियमों के मानने में चौकसी की; जिन्हें यदि मनुष्य माने तो वह उनके कारण जीवित रहेगा; मेरे विश्रामदिनों को उन्हों ने अपवित्रा किया। तब मैं ने कहा, मैं जंगल में उन पर अपनी जलजलाहट भड़काकर अपना कोप दिखलाऊंगा।
- Nehemiah 9:29 नहेमायाह 9:29और उनको जिताता था कि उनको फिर अपनी व्यवस्था के अधीन कर दे। परन्तु वे अभिमान करते रहे और तेरी आज्ञाएं नहीं मानते थे, और तेरे नियम, जिनको यदि मनुष्य माने, तो उनके कारण जीवित रहे, उनके विरूद्ध पाप करते, और हठ करके अपना कन्धा हटाते और न सुनते थे।
- 1 John 4:8–10 1 यूहन्ना 4:8–10जो प्रेम नहीं रखता, वह परमेश्वर को नहीं जानता है, क्योंकि परमेश्वर प्रेम है। जो प्रेम परमेश्वर हम से रखता है, वह इस से प्रगट हुआ, कि परमेश्वर ने अपने एकलौते पुत्रा को जगत में भेजा है, कि हम उसे द्वारा जीवन पाएं। प्रेम इस में नहीं कि हम ने परमेश्वर ने प्रेम किया; पर इस में है, कि उस ने हम से प्रेम किया; और हमारे पापों के प्रायश्चित्त के लिये अपने पुत्रा को भेजा।
- James 1:17 याकूब 1:17क्योंकि हर एक अच्छा वरदान और हर एक उत्तम दान ऊपर ही से है, और ज्योतियों के पिता की ओर से मिलता है, जिस में न तो कोई परिवर्तन हो सकता है, ओर न अदल बदल के कारण उस पर छाया पड़ती है।
- Psalm 145:7–9 भजन संहिता 145:7–9लोग तेरी बड़ी भलाई का स्मरण करके उसकी चर्चा करेंगे, और तेरे धर्म का जयजयकार करेंगे।। यहोवा अनुग्रहकारी और दयालु, विलम्ब से क्रोध करनेवाला और अति करूणामय है। यहोवा सभों के लिये भला है, और उसकी दया उसकी सारी सृष्टि पर है।।