Nehemiah · chapter 13 · verse 11
Nehemiah 13:11 in Hindi
तब मैं ने हाकिमों को डांटकर कहा, परमेश्वर का भवन क्यों त्यागा गया है? फिर मैं ने उनको इकट्ठा करके, एक एक को उसके स्थान पर नियुक्त किया।
Tab maim ne haakimom ko daantakar kahaa, parameshvar kaa bhavan kyom tyaagaa gayaa hai? Phir maim ne unako ikatthaa karake, ek ek ko usake sthaan par niyukt kiyaa.
Nehemiah 13:11 in English
- King James Version (KJV)
- Then contended I with the rulers, and said, Why is the house of God forsaken? And I gathered them together, and set them in their place.
- World English Bible (WEB)
- Then I contended with the rulers, and said, “Why is God’s house forsaken?” I gathered them together, and set them in their place.
- American Standard Version (ASV)
- Then contended I with the rulers, and said, Why is the house of God forsaken? And I gathered them together, and set them in their place.
- Bible in Basic English (BBE)
- Then I made protests to the chiefs, and said, Why has the house of God been given up? And I got them together and put them in their places.
- Darby Translation (DBY)
- Then I contended with the rulers, and said, Why is the house of God forsaken? And I gathered them together and set them in their place.
- Webster's Bible (WBS)
- Then I contended with the rulers, and said, Why is the house of God forsaken? and I assembled them, and set them in their place.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And I strive with the prefects, and say, 'Wherefore hath the house of God been forsaken?' and I gather them, and set them on their station;
Read in context
- 9तब मेरी आज्ञा से वे कोठरियां शुठ्ठ की गई, और मैं ने परमेश्वर के भवन के पात्रा और अन्नबलि का सामान और लोबान उन में फिर से रखवा दिया।
- 10फिर मुझे मालूम हुआ कि लेवियों का भाग उन्हें नहीं दिया गया है; और इस कारण काम करनेवाले लेवीय और गवैये अपने अपने खेत को भाग गए हैं।
- 11तब मैं ने हाकिमों को डांटकर कहा, परमेश्वर का भवन क्यों त्यागा गया है? फिर मैं ने उनको इकट्ठा करके, एक एक को उसके स्थान पर नियुक्त किया।
- 12तब से सब यहूदी अनाज, नये दाखमधु और टटके तेल के दशमांश भणडारों में लाने लगे।
- 13और मैं ने भणडारों के अधिकारी शेलेम्याह याजक और सादोक मुंशी को, और लेवियों में से पदायाह को, और उनके नीचे हानान को, जो मत्तन्याह का पोता और जक्कूर का पुत्रा था, नियुक्त किया; वे तो विश्वासयोग्य गिने जाते थे, और अपने भाइयों के मय बांटना उनका काम था।
Cross references
- Nehemiah 10:39 नहेमायाह 10:39क्योंकि जिन कोठरियों में पवित्रा स्थान के पात्रा और सेवा टहल करनेवाले याजक और द्वारपाल और गवैये रहते हैं, उन में इस्राएली और लेवीय, अनाज, नये दाखपधु, और टटके तेल की उठाई हुई भेंटे पहुंचाएंगे। निदान हम अपने परमेश्वर के भवन को न छोड़ेंगे।
- Nehemiah 13:17 नहेमायाह 13:17तब मैं ने यहूदा के रईसों को डांटकर कहा, तुम लोग यह क्या बुराई करते हो, जो विश्रामदिन को अपवित्रा करते हो?
- Nehemiah 13:25 नहेमायाह 13:25तब मैं ने उनको डांटा और कोसा, और उन में से कितनों को पिटवा दिया और उनके बाल नुचवाए; और उनको परमेश्वर की यह शपथ खिलाई, कि हम अपनी बेटियां उनके बेटों के साथ ब्याह में न देंगे और न अपने लिये वा अपने बेटों के लिये उनकी बेेटियां ब्याह में लेंगे।
- Malachi 3:8–11 मलाकी 3:8–11क्या मनुष्य परमेश्वर को धोखा दे सकता है? देखो, तुम मुझ को धोखा देते हो, और तौभी पूछते हो कि हम ने किस बात में तुझे लूटा है? दशमांश और उठाने की भेंटों में। तुम पर भारी शाप पड़ा है, क्योंकि तुम मुझे लूटते हो; वरन सारी जाति ऐसा करती है। सारे दशमांश भण्डार में ले आओ कि मेरे भवन में भोजनवस्तु रहे; और सेनाओं का यहोवा यह कहता है, कि ऐसा करके मुझे परखो कि मैं आकाश के झरोखे तुम्हारे लिये खोलकर तुम्हारे ऊपर अपरम्पार आशीष की वर्षा करता हूं कि नहीं। मैं तुम्हारे लिये नाश करनेवाले को ऐसा घुड़कूंगा कि वह तुम्हारी भूमि की उपज नाश न करेगा, और तुम्हारी दाखलताओं के फल कच्चे न गिरेंगे, सेनाओं के यहोवा का यही वचन है।।
- Job 31:34 अय्यूब 31:34इस कारण कि मैं बड़ी भीड़ से भय खाता था, वा कुलीनों से तुच्छ किए जाने से डर गया यहां तक कि मैं द्वार से बाहर न निकला---
- Nehemiah 5:6–13 नहेमायाह 5:6–13यह चिल्लाहट ओर ये बातें सुनकर मैं बहुत क्रोधित हुआ। तब अपने मन में सोच विचार करके मैं ने रईसों और हाकिमों को घुड़ककर कहा, तुम अपने अपने भाई से ब्याज लेते हो। तब मैं ने उनके विरूद्ध एक बड़ी सभा की। और मैं ने उन से कहा, हम लोगों ने तो अपनी शक्ति भर अपने यहूदी भाइयों को जो अन्यजातियों के हाथ बिक गए थे, दाम देकर छुड़ाया है, फिर क्या तुम अपने भाइयों को बेचोगे? क्या वे हमारे हाथ बिकेंगे? तब वे चुप रहे और कुछ न कह सके। फिर मैं कहता गया, जो काम तुम करते हो वह अच्छा नहीं है; क्या तुम को इस कारण हमारे परमेश्वर का भय मानकर चलना न चाहिये कि हमारे शत्रु जो अन्यजाति हैं, वे हमारी नामधराई न करें? मैं भी और मेरे भाई और सेवक उनको रूपया और अनाज उधार देते हैं, परन्तु हम इसका ब्याज छोड़ दें। आज ही अनको उनके खेत, और दाख, और जलपाई की बारियां, और घर फेर दो; और जो रूपया, अन्न, नया दाखमधु, और टटका तेल तुम उन से ले लेते हो, उसका सौवां भाग फेर दो? अन्हों ने कहा, हम उन्हें फेर देंगे, और उन से कुछ न लेंगे; जैसा तू कहता है, वैसा ही हम करेंगे। तब मैं ने याजकों को बुलाकर उन लोगों को यह शपथ खिलाई, कि वे इसी वचन के अनुसार करेंगे। फिर मैं ने अपने कपड़े की छोर झाड़कर कहा, इसी रीति से जो कोई इस वचन को पूरा न करे, उसको परमेश्वर झाड़कर, उसका घर और कमाई उस से छुड़ाए, और इसी रीति से वह झाड़ा जाए, और छूछा हो जाए। तब सारी सभा ने कहा, आमेन! और यहोवा की स्तुति की। और लोगों ने इस वचन के अनुसार काम किया।
- 1 Samuel 2:17 1 शमूएल 2:17इसलिये उन जवानों का पाप यहोवा की दृष्टि में बहुत भारी हुआ; क्योंकि वे मनुष्य यहोवा की भेंट का तिरस्कार करते थे।।
- Proverbs 28:4 नीतिवचन 28:4जो लोग व्यवस्था को छोड़ देते हैं, वे दुष्ट की प्रशंसा करते हैं, परन्तु व्यवस्था पर चलनेवाले उन से लड़ते हैं।