Psalms · chapter 11 · verse 5
Psalm 11:5 in Hindi
यहोवा धर्मीं को परखता है, परन्तु वह उन से जो दुष्ट हैं और उपद्रव से प्रीति रखते हैं अपनी आत्मा में घृणा करता है।
Yahovaa dharmeem ko parakhataa hai, parantu vah un se jo dusht haim aur upadrav se preeti rakhate haim apanee aatmaa mem ghrunaa karataa hai.
Psalm 11:5 in English
- King James Version (KJV)
- The LORD trieth the righteous: but the wicked and him that loveth violence his soul hateth.
- World English Bible (WEB)
- The LORD examines the righteous, but his soul hates the wicked and him who loves violence.
- American Standard Version (ASV)
- Jehovah trieth the righteous; But the wicked and him that loveth violence his soul hateth.
- Bible in Basic English (BBE)
- The Lord puts the upright and the sinner to the test, but he has hate in his soul for the lover of violent acts.
- Darby Translation (DBY)
- Jehovah trieth the righteous one; but the wicked, and him that loveth violence, his soul hateth.
- Webster's Bible (WBS)
- The LORD trieth the righteous: but the wicked and him that loveth violence his soul hateth.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Jehovah the righteous doth try. And the wicked and the lover of violence, Hath His soul hated,
Read in context
- 3यदि नेवें ढ़ा दी जाएं तो धर्मी क्या कर सकता है?
- 4परमेश्वर अपने पवित्रा भवन में है; परमेश्वर का सिंहासन स्वर्ग में है; उसकी आंखें मनुष्य की सन्तान को नित देखती रहती हैं और उसकी पलकें उनको जांचती हैं।
- 5यहोवा धर्मीं को परखता है, परन्तु वह उन से जो दुष्ट हैं और उपद्रव से प्रीति रखते हैं अपनी आत्मा में घृणा करता है।
- 6वह दुष्टों पर फन्दे बरसाएगा; आग और गन्धक और प्रचण्ड लूह उनके कटोरों में बांट दी जाएंगी।
- 7क्योंकि यहोवा धर्मी है, वह धर्म के ही कामों से प्रसन्न रहता है; धर्मीजन उसका दर्शन पाएंगे।।
Cross references
- Proverbs 6:16–19 नीतिवचन 6:16–19छ: वस्तुओं से यहोवा बैर रखता है, वरन सात हैं जिन से उसको धृणा है' अर्थात् घमण्ड से चढ़ी हुई आंखें, झूठ बोलनेवाली जीभ, और निर्दोष का लोहू बहानेवाले हाथ, अनर्थ कल्पना गढ़नेवाला मन, बुराई करने को वेग दौड़नेवाले पांव, झूठ बोलनेवाला साक्षी और भाइयों के बीच में झगड़ा उत्पन्न करनेवाला मनुष्य।
- James 1:12 याकूब 1:12धन्य है वह मनुष्य, जो परीक्षा में स्थिर रहता है; क्योंकि वह खरा निकलकर जीवन का वह मुकुट पाएगा, जिस की प्रतिज्ञा प्रभु ने अपने प्रेम करनेवालों को दी है।
- Psalm 7:9 भजन संहिता 7:9भला हो कि दुष्टों की बुराई का अन्त हो जाए, परन्तु धर्म को तू स्थिर कर; क्योंकि धर्मी परमेश्वर मन और मर्म का ज्ञाता है।
- Psalm 5:4–5 भजन संहिता 5:4–5क्योंकि तू ऐसा ईश्वर नहीं जो दुष्टता से प्रसन्न हो; बुराई तेरे साथ नहीं रह सकती। घमंडी तेरे सम्मुख खड़े होने न पांएगे; तुझे सब अनर्थकारियों से घृणा है।
- Genesis 22:1 उत्पत्ति 22:1इन बातों के पश्चात् ऐसा हुआ कि परमेश्वर ने, इब्राहीम से यह कहकर उसकी परीक्षा की, कि हे इब्राहीम: उस ने कहा, देख, मैं यहां हूं।
- Psalm 21:8 भजन संहिता 21:8तेरा हाथ तेरे सब शत्रुओं को ढूंढ़ निकालेगा, तेरा दहिना हाथ तेरे सब बैरियों का पता लगा लेगा।
- Psalm 26:2 भजन संहिता 26:2हे यहोवा, मुझ को जांच और परख; मेरे मन और हृदय को परख।
- 1 Peter 1:7 1 पतरस 1:7और यह इसलिये है कि तुम्हारा परखा हुआ विश्वास, जो आग से ताए हुए नाशमान सोने से भी कहीं, अधिक बहुमूल्य है, यीशु मसीह के प्रगट होने पर प्रशंसा, और महिमा, और आदर का कारण ठहरे।
- 1 Peter 4:12 1 पतरस 4:12हे प्रियों, जो दुख रूपी अग्नि तुम्हारे परखने के लिये तुम में भड़की है, इस से यह समझकर अचम्भा न करो कि कोई अनोखी बात तुम पर बीत रही है।
- Psalm 10:3 भजन संहिता 10:3क्योंकि दुष्ट अपनी अभिलाषा पर घमण्ड करता है, और लोभी परमेश्वर को त्याग देता है और उसका तिरस्कार करता है।।
- Psalm 139:23–24 भजन संहिता 139:23–24हे ईश्वर, मुझे जांचकर जान ले! मुझे परखकर मेरी चिन्ताओं को जान ले! और देख कि मुझ में कोई बुरी चाल है कि नहीं, और अनन्त के मार्ग में मेरी अगुवाई कर!
- Zechariah 11:8 जकर्याह 11:8और मैं ने उनके तीनों चरवाहों को एक महीने में नाश कर दिया, परन्तु मैं उनके कारण अधीर था, और वे मुझे से घृणा करती थीं।