Psalms · chapter 50 · verse 6
Psalm 50:6 in Hindi
और स्वर्ग उसके धर्मी होने का प्रचार करेगा क्योंकि परमेश्वर तो आप ही न्यायी है।।
Aur svarg usake dharmee hone kaa prachaar karegaa kyonki parameshvar to aap hee nyaayee hai..
Psalm 50:6 in English
- King James Version (KJV)
- And the heavens shall declare his righteousness: for God [is] judge himself. Selah.
- World English Bible (WEB)
- The heavens shall declare his righteousness, for God himself is judge. Selah.
- American Standard Version (ASV)
- And the heavens shall declare his righteousness; For God is judge himself. [Selah
- Bible in Basic English (BBE)
- And let the heavens make clear his righteousness; for God himself is the judge. (Selah.)
- Darby Translation (DBY)
- And the heavens shall declare his righteousness; for God executeth judgment himself. Selah.
- Webster's Bible (WBS)
- And the heavens shall declare his righteousness: for God [is] judge himself. Selah.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And the heavens declare His righteousness, For God Himself [is] judge. Selah.
Read in context
- 4वह अपनी प्रजा का न्याय करने के लिये ऊपर से आकाश को और पृथ्वी को भी पुकारेगा:
- 5मेरे भक्तों को मेरे पास इकट्ठा करो, जिन्हों ने बलिदान चढ़ाकर मुझ से वाचा बान्धी है!
- 6और स्वर्ग उसके धर्मी होने का प्रचार करेगा क्योंकि परमेश्वर तो आप ही न्यायी है।।
- 7हे मेरी प्रजा, सुन, मैं बोलता हूं, और हे इस्राएल, मैं तेरे विषय साक्षी देता हूं। परमेश्वर तेरा परमेश्वर मैं ही हूं।
- 8मैं तुझ पर तेरे मेलबलियों के विषय दोष नहीं लगाता, तेरे होमबलि तो नित्य मेरे लिये चढ़ते हैं।
Cross references
- Psalm 97:6 भजन संहिता 97:6आकाश ने उसके धर्म की साक्षी दी; और देश देश के सब लोगों ने उसकी महिमा देखी है।
- Psalm 89:5 भजन संहिता 89:5हे यहोवा, स्वर्ग में तेरे अद्भुत काम की, और पवित्रों की सभा में तेरी सच्चाई की प्रशंसा होगी।
- Psalm 75:7 भजन संहिता 75:7परन्तु परमेश्वर ही न्यायी है, वह एक को घटाता और दूसरे को बढ़ाता है।
- Revelation 19:2 प्रकाशितवाक्य 19:2क्योंकि उसके निर्णय सच्चे और ठीक हैं, इसलिये कि उस ने उस बड़ी वेश्या का जो अपने व्यभिचार से पृथ्वी को भ्रष्ट करती थी, न्याय किया, और उस से अपने दासों के लोहू का पलटा लिया है।
- Romans 14:9–12 रोमियों 14:9–12क्योंकि मसीह इसी लिये मरा और जी भी उठा कि वह मरे हुओं और जीवतों, दोनों का प्रभु हो। तू अपने भाई पर क्यों दोष लगाता है? या तू फिर क्यों अपने भाई को तुच्छ जानता है? हम सब के सब परमेश्वर के न्याय सिंहासन के साम्हने खड़े होंगे। क्योंकि लिखा है, कि प्रभु कहता है, मेरे जीवन की सौगन्ध कि हर एक घुटना मेरे साम्हने टिकेगा, और हर एक जीभ परमेश्वर को अंगीकार करेगा। सो हम में से हर एक परमेश्वर को अपना अपना लेखा देगा।।
- Psalm 9:16 भजन संहिता 9:16यहोवा ने अपने को प्रगट किया, उस ने न्याय किया है; दुष्ट अपने किए हुए कामों में फंस जाता है।
- Revelation 20:11–12 प्रकाशितवाक्य 20:11–12फिर मैं ने एक बड़ा श्वेत सिंहासन और उस को जो उस पर बैठा हुआ है, देखा, जिस के साम्हने से पृथ्वी और आकाश भाग गए, और उन के लिये जगह न मिली। फिर मैं ने छोटे बड़े सब मरे हुओं को सिंहासन के साम्हने खड़े हुए देखा, और पुस्तकें खोली गई; और फिर एक और पुस्तक खोली गईं; और फिर एक और पुस्तक खोली गई, अर्थात् जीवन की पुस्तक; और जैसे उन पुस्तकों में लिखा हुआ था, उन के कामों के अनुसार मरे हुओं का न्याय किया गया।
- Psalm 7:3–5 भजन संहिता 7:3–5हे मेरे परमेश्वर यहोवा, यदि मैं ने यह किया हो, यदि मेरे हाथों से कुटिल काम हुआ हो, यदि मैं ने अपने मेल रखनेवालों से भलाई के बदले बुराई की हो, (वरन मैं ने उसको जो अकारण मेरा बैरी था बचाया है) तो शत्रु मेरे प्राण का पीछा करके मुझे आ पकड़े, वरन मेरे प्राण को भूमि पर रौंदे, और मेरी महिमा को मिट्टी में मिला दे।।
- 2 Corinthians 5:10 2 कुरिन्थियों 5:10क्योंकि अवश्य है, कि हम सब का हाल मसीह के न्याय आसन के साम्हने खुल जाए, कि हर एक व्यक्ति अपने अपने भले बुरे कामों का बदला जो उस ने देह के द्वारा किए हों पाए।।
- Genesis 18:25 उत्पत्ति 18:25इस प्रकार का काम करना तुझ से दूर रहे कि दुष्ट के संग धर्मी को भी मार डाले और धर्मी और दुष्ट दोनों की एक ही दशा हो।
- Romans 2:5 रोमियों 2:5पर अपनी कठोरता और हठीले मन के अनुसार उसके क्रोध के दिन के लिये, जिस में परमेश्वर का सच्चा न्याय प्रगट होगा, अपने निमित्त क्रोध कमा रहा है।
- John 5:22–23 यूहन्ना 5:22–23और पिता किसी का न्याय भी नहीं करता, परन्तु न्याय करने का सब काम पुत्रा को सौंप दिया है। इसलिये कि सब लोग जैसे पिता का आदर करते हैं वैसे ही पुत्रा का भी आदर करें: जो पुत्रा का आदर नहीं करता, वह पिता का जिस ने उसे भेजा है, आदर नहीं करता।