1 John · chapter 5 · verse 16
1 John 5:16 in Hindi
यदि कोई अपने भाई को ऐसा पाप करते देखे, जिस का फल मृत्यु न हो, तो बिनती करे, और परमेश्वर, उसे, उन के लिये, जिन्हों ने ऐसा पाप किया है जिस का फल मृत्यु है: इस के विषय में मै बिनती करने के लिये नहीं कहता।
Yadi koee apane bhaaee ko aisaa paap karate dekhe, jis kaa phal mrutyu na ho, to binatee kare, aur parameshvar, use, un ke liye, jinhom ne aisaa paap kiyaa hai jis kaa phal mrutyu hai: is ke vishay mem mai binatee karane ke liye naheem kahataa.
1 John 5:16 in English
- King James Version (KJV)
- If any man see his brother sin a sin [which is] not unto death, he shall ask, and he shall give him life for them that sin not unto death. There is a sin unto death: I do not say that he shall pray for it.
- World English Bible (WEB)
- If anyone sees his brother sinning a sin not leading to death, he shall ask, and God will give him life for those who sin not leading to death. There is sin leading to death. I don’t say that he should make a request concerning this.
- American Standard Version (ASV)
- If any man see his brother sinning a sin not unto death, he shall ask, and [God] will give him life for them that sin not unto death. There is a sin unto death: not concerning this do I say that he should make request.
- Bible in Basic English (BBE)
- If a man sees his brother doing a sin which is not bad enough for death, let him make a prayer to God, and God will give life to him whose sin was not bad enough for death. There is a sin whose punishment is death: I do not say that he may make such a request then.
- Darby Translation (DBY)
- If any one see his brother sinning a sin not unto death, he shall ask, and he shall give him life, for those that do not sin unto death. There is a sin to death: I do not say of that that he should make a request.
- Webster's Bible (WBS)
- If any man shall see his brother sin a sin [which is] not to death, he shall ask, and he will give him life for them that sin not to death. There is a sin to death: I do not say that he shall pray for it.
- Young's Literal Translation (YLT)
- If any one may see his brother sinning a sin not unto death, he shall ask, and He shall give to him life to those sinning not unto death; there is sin to death, not concerning it do I speak that he may beseech;
Read in context
- 14और हमें उसके साम्हने जो हियाव होता है, वह यह है; कि यदि हम उस की इच्छा के अनुसार कुछ मांगते हैं, तो हमारी सुनता है।
- 15और जब हम जानते हैं, कि जो कुछ हम मांगते हैं वह हमारी सुनता है, तो यह भी जानते हैं, कि जो कुछ हम ने उस से मांगा, वह पाया है।
- 16यदि कोई अपने भाई को ऐसा पाप करते देखे, जिस का फल मृत्यु न हो, तो बिनती करे, और परमेश्वर, उसे, उन के लिये, जिन्हों ने ऐसा पाप किया है जिस का फल मृत्यु है: इस के विषय में मै बिनती करने के लिये नहीं कहता।
- 17सब प्रकार का अधर्म तो पाप है, परन्तु ऐसा पाप भी है, जिस का फल मृत्यु नहीं।।
- 18हम जानते हैं, कि जो कोई परमेश्वर से उत्पन्न हुआ है, वह पाप नहीं करता; जो परमेश्वर से उत्पन्न हुआ, उसे वह बचाए रखता है: और वह दुष्ट उसे छूने नहीं पाता।
Cross references
- Hebrews 6:4–6 इब्रानियों 6:4–6क्योंकि जिन्हों ने एक बार ज्योति पाई है, जो स्वर्गीय वरदान का स्वाद चख चुके हैं और पवित्रा आत्मा के भागी हो गए हैं। और परमेश्वर के उत्तम वचन का और आनेवाले युग की सामर्थों का स्वाद चख चुके हैं। यदि वे भटक जाएं; तो उन्हें मन फिराव के लिये फिर नया बनाना अन्होना है; क्योंकि वे परमेश्वर के पुत्रा को अपने लिये फिर क्रूस पर चढ़ाते हैं और प्रगट में। उस पर कलंक लगाते हैं।
- 1 Samuel 2:25 1 शमूएल 2:25यदि एक मनुष्य दूसरे मनुष्य का अपराध करे, तब तो परमेश्वर उसका न्याय करेगा; परन्तु यदि कोई मनुष्य यहोवा के विरूद्ध पाप करे, तो उसके लिये कौन बिनती करेगा? तौभी उन्हों ने अपने पिता की बात न मानी; क्योंकि यहोवा की इच्छा उन्हें मार डालने की थी।
- Jeremiah 11:14 यिर्मयाह 11:14इसलिये तू मेरी इस प्रजा के लिये प्रार्थना न करना, न कोई इन लोगों के लिये ऊंचे स्वर से बिनती करे, क्योंकि जिस समय ये अपनी विपत्ति के मारे मेरी दोहाई देंगे, तब मैं उनकी न सुनूंगा।
- Hebrews 10:26–31 इब्रानियों 10:26–31क्योंकि सच्चाई की पहिचान प्राप्त करने के बाद यदि हम जान बूझकर पाप करते रहें, तो पापों के लिये फिर कोई बलिदान बाकी नहीं। हां, दण्ड का एक भयानक बाट जोहना और आग का ज्वलन बाकी है जो विरोधियों को भस्म कर देगा। जब कि मूसा की व्यवस्था का न माननेवाला दो या तीन जनों की गवाही पर, बिना दया के मार डाला जाता है। तो सोच लो कि वह कितने और भी भारी दण्ड के योग्य ठहरेगा, जिस ने परमेश्वर के पुत्रा को पांवों से रौंदा, और वाचा के लोहू को जिस के द्वारा वह पवित्रा ठहराया गया था, अपवित्रा जाना हैं, और अनुग्रह की आत्मा का अपमान किया। क्योंकि हम उसे जानते हैं, जिस ने कहा, कि पलटा लेना मेरा काम है, मैं ही बदला दूंगा: और फिर यह, कि प्रभु अपने लोगों का न्याय करेगा। जीवते परमेश्वर के हाथों में पड़ना भयानक बात है।।
- Mark 3:28–30 मरकुस 3:28–30मैं तुम से सच कहता हूं, कि मनुष्यों की सन्तान के सब पाप और निन्दा जो वे करते हैं, क्षमा की जाएगी। परन्तु जो कोई पवित्रात्मा के विरूद्ध निन्दा करे, वह कभी भी क्षमा न किया जाएगा: वरन वह अनन्त पाप का अपराधी ठहरता है। क्योंकि वे यह कहते थे, कि उस में अशुद्ध आत्मा है।।
- Luke 12:10 लूका 12:10जो कोई मनुष्य के पुत्रा के विरोध में कोई बात कहे, उसका वह अपराध क्षमा किया जाएगा।
- Matthew 12:31–32 मत्ती 12:31–32इसलिये मैं तुम से कहता हूं, कि मनुष्य का सब प्रकार का पाप और निन्दा क्षमा की जाएगी, पर आत्मा की निन्दा क्षमा न की जाएगी। जो कोई मनुष्य के पुत्रा के विरोध में कोई बात कहेगा, उसका यह अपराध क्षमा किया जाएगा, परन्तु जो कोई पवित्राआत्मा के विरोध में कुछ कहेगा, उसका अपराध न तो इस लोक में और न परलोक में क्षमा किया जाएगा।
- 2 Peter 2:20–22 2 पतरस 2:20–22और जब वे प्रभु और उद्धारकर्ता यीशु मसीह की पहचान के द्वारा संसार की नाना प्रकार की अशुद्धता से बच निकले, और फिर उन में फंसकर हार गए, तो उन की पिछली दशा पहिली से भी बुरी हो गई है। क्योंकि धर्म के मार्ग में न जानना ही उन के लिये इस से भला होता, कि उसे जानकर, उस पवित्रा आज्ञा से फिर जाते, जो उन्हें सौंपी गई थी। उन पर यह कहावत ठीक बैठती है, कि कुत्ता अपनी छांट की ओर और धोई हुई सुअरनी कीचड़ में लोटने के लिये फिर चली जाती है।।
- Jeremiah 7:16 यिर्मयाह 7:16इस प्रजा के लिये तू प्रार्थना मत कर, न इन लोगों के लिये ऊंचे स्वर से पुकार न मुझ से बिनती कर, क्योंकि मैं तेरी नहीं सुनूंगा।
- Jeremiah 14:11 यिर्मयाह 14:11फिर यहोवा ने मुझ से कहा, इस प्रजा की भलाई के लिये प्रार्थना मत कर।
- James 5:14–15 याकूब 5:14–15यदि तुम में कोई रोगी हो, तो कलीसिया के प्राचीनों को बुलाए, और वे प्रभु के नाम से उस पर तेल मल कर उसके लिये प्रार्थना करें। और विश्वास की प्रार्थना के द्वारा रोगी बच जाएगा और प्रभु उस को उठा कर खड़ा करेगा; और यदि उस ने पाप भी किए हों, तो उन की भी क्षमा हो जाएगी।
- Exodus 34:9 निर्गमन 34:9और उस ने कहा, हे प्रभु, यदि तेरे अनुग्रह की दृष्टि मुझ पर हो तो प्रभु, हम लोगों के बीच में होकर चले, ये लोग हठीले तो हैं, तौभी हमारे अधर्म और पाप को क्षमा कर, और हमें अपना निज भाग मानके ग्रहण कर।
Original words (Greek)
- If · G1437ἐάν eán
- man · G5100τὶς tìs
- see · G1492εἴδω eídō
- his · G846αὐτός autós
- brother · G80ἀδελφός adelphós
- sin · G264ἁμαρτάνω hamartánō
- sin · G266ἁμαρτία hamartía
- not · G3361μή mḗ
- unto · G4314πρός prós
- death · G2288θάνατος thánatos
- ask · G154αἰτέω aitéō
- and · G2532καί kaí
- give · G1325δίδωμι dídōmi
- him · G846αὐτός autós
- life · G2222ζωή zōḗ
- sin · G264ἁμαρτάνω hamartánō
- not · G3361μή mḗ
- unto · G4314πρός prós
- death · G2288θάνατος thánatos
- is · G2076ἐστί estí
- sin · G266ἁμαρτία hamartía
- unto · G4314πρός prós
- death · G2288θάνατος thánatos
- do · G3004λέγω légō
- not · G3756οὐ ou
- say · G3004λέγω légō
- that · G2443ἵνα hína
- pray · G2065ἐρωτάω erōtáō
- for · G4012περί perí
- it · G1565ἐκεῖνος ekeînos