1 Samuel · chapter 21 · verse 1
1 Samuel 21:1 in Hindi
और दाऊद नोब को अहीमेलेक याजक के पास आया; और अहीमेलेक दाऊद से भेंट करने को थरथराता हुआ निकला, और उस से पूछा, क्या कारण है कि तू अकेला है, और तेरे साथ कोई नहीं?
Aur daaood nob ko aheemelek yaajak ke paas aayaa; aur aheemelek daaood se bhent karane ko tharatharaataa huaa nikalaa, aur us se poochhaa, kyaa kaaran hai ki too akelaa hai, aur tere saath koee naheem?
1 Samuel 21:1 in English
- King James Version (KJV)
- Then came David to Nob to Ahimelech the priest: and Ahimelech was afraid at the meeting of David, and said unto him, Why [art] thou alone, and no man with thee?
- World English Bible (WEB)
- Then David came to Nob to Ahimelech the priest. Ahimelech came to meet David trembling, and said to him, “Why are you alone, and no man with you?”
- American Standard Version (ASV)
- Then came David to Nob to Ahimelech the priest: and Ahimelech came to meet David trembling, and said unto him, Why art thou alone, and no man with thee?
- Bible in Basic English (BBE)
- Then David came to Nob, to Ahimelech the priest: and Ahimelech was full of fear at meeting David, and said to him, Why are you by yourself, having no man with you?
- Darby Translation (DBY)
- And David came to Nob, to Ahimelech the priest; and Ahimelech trembled at meeting David, and said to him, Why art thou alone, and no man with thee?
- Webster's Bible (WBS)
- Then came David to Nob to Ahimelech the priest: and Ahimelech was afraid at the meeting of David, and said to him, Why [art] thou alone, and no man with thee?
- Young's Literal Translation (YLT)
- And David cometh in to Nob, unto Ahimelech the priest, and Ahimelech trembleth at meeting David, and saith to him, 'Wherefore [art] thou thyself alone, and no man with thee?'
Read in context
- 1और दाऊद नोब को अहीमेलेक याजक के पास आया; और अहीमेलेक दाऊद से भेंट करने को थरथराता हुआ निकला, और उस से पूछा, क्या कारण है कि तू अकेला है, और तेरे साथ कोई नहीं?
- 2दाऊद ने अहीमेलेक याजक से कहा, राजा ने मुझे एक काम करने की आज्ञा देकर मुझ से कहा, जिस काम को मैं तुझे भेजता, और जो आज्ञा मैं तुझे देता हूं, वह किसी पर प्रकट न होने पाए; और मैं ने जवानों को फलाने स्थान पर जाने को समझाया है।
- 3अब तेरे हाथ में क्या है? पांच रोटी, वा जो कुछ मिले उसे मेरे हाथ में दे।
Cross references
- Mark 2:26 मरकुस 2:26उस ने क्योंकर अबियातार महायाजक के समय, परमेश्वर के भवन में जाकर, भेंट की रोटियां खाईं, जिसका खाना याजकों को छोड़ और किसी को भी उचित नहीं, और अपने साथियों को भी दीं?
- Nehemiah 11:32 नहेमायाह 11:32अनातोत, नोब, अनन्याह,
- 1 Samuel 16:4 1 शमूएल 16:4तब शमूएल ने यहोवा के कहने के अनुसार किया, और बेतलहेम को गया। उस नगर के पुरनिये थरथराते हुए उस से मिलने को गए, और कहने लगे, क्या तू मित्राभाव से आया है कि नहीं?
- Isaiah 10:32 यशायाह 10:32आज ही के दिन वह नोब में टिकेगा; तब वह सिरयोन पहाड़ पर, और यरूशलेम की पहाड़ी पर हाथ उठाकर घमाकएगा।
- 1 Samuel 14:3 1 शमूएल 14:3और एली जो शीलों में यहोवा का याजक था, उसके पुत्रा पिनहास का पोता, और ईकाबोद के भाई, अहीतूब का पुत्रा अहिरयाह भी एपोद पहिने हुए संग था। परन्तु उन लोगों को मालूम न था कि योनातान चला गया है।
- 1 Samuel 22:9–19 1 शमूएल 22:9–19तब एदोमी दोएग ने, जो शाऊल के सेवकों के ऊपर ठहराया गया था, उत्तर देकर कहा, मैं ने तो यिशै के पुत्रा को नोब में अहीतूब के पुत्रा अहीमेलेक के पास आते देखा, और उस ने उसके लिये यहोवा से पूछा, और उसे भोजन वस्तु दी, और पलिश्ती गोलियत की तलवार भी दी। और राजा ने अहीतूब के पुत्रा अहीमेलेक याजक को और उसके पिता के समस्त घराने को, बुलवा भेजा; और जब वे सब के सब शाऊल राज के पास आए, तब शाऊल ने कहा, हे अहीतूब के पुत्रा, सुन, वह बोला, हे प्रभु, क्या आज्ञा? शाऊल ने उस से पुछा, क्या कारण है कि तू और यिशै के पुत्रा दोनों ने मेरे विरूद्ध राजद्रोह की गोष्ठी की है? तू ने उसे रोटी और तलवार दी, और उसके लिये परमेश्वर से पूछा भी, जिस से वह मेरे विरूद्ध उठे, और ऐसा घात लगाए जैसा आज के दिन है? अहीमेलेक ने राजा को उत्तर देकर कहा, तेरे समस्त कर्मचारियों में दाऊद के तुल्य विश्वासयोग्य कौन है? वह तो राजा का दामाद है, और तेरी राजसभा में उपस्थित हुआ करत, और तेरे परिवार में प्रतिष्ठित है। क्या मैं ने आज ही उसके लिये परमेश्वर से पूछना आरम्भ किया है? वह मुझ से दूर रहे! राजा न तो अपने दास पर ऐसा कोई दोष लगाए, न मेरे पिता के समस्त घराने पर, क्योंकि तेरा दास इन सब बखेड़ों के विषय कुछ भी नहीं जानता। राजा ने कहा, हे अहीमेलेक, तू और तेरे पिता का समस्त घराना निश्चय मार डाला जाएगा। फिर राजा ने उन पहरूओं से जो उसके आसपास खड़े थे आज्ञा दी, कि मुड़ो और यहोवा के याजकों को मार डालो; क्योंकि उन्हों ने भी दाऊद की सहायता की है, और उसका भागना जानने पर भी मुझ पर प्रगट नहीं किया। परन्तु राजा के सेवक यहोवा के याजकों को मारने के लिये हाथ बढ़ाना न चाहते थे। तब राजा ने दोएग से कहा, तू मुड़कर याजकों को मार डाल। तब एदोमी दोएग ने मुड़कर याजकों को मारा, और उस दिन सनीवाला एपोद पहिने हुए पचासी पुरूषों को घात किया। और याजकों के नगर नोब को उस ने स्त्रियों- पुरूषों, और बालबच्चों, और दूधपिउवों, और बैलों, गदहों, और भेड़- बकरियों समेत तलवार से मारा।