1 Timothy · chapter 1 · verse 6
1 Timothy 1:6 in Hindi
इन को छोड़कर कितने लोग फिरकर बकवाद की ओर भटक गए हैं।
In ko chhodakar kitane log phirakar bakavaad kee or bhatak gae hain.
1 Timothy 1:6 in English
- King James Version (KJV)
- From which some having swerved have turned aside unto vain jangling;
- World English Bible (WEB)
- from which things some, having missed the mark, have turned away to vain talking,
- American Standard Version (ASV)
- from which things some having swerved have turned aside unto vain talking;
- Bible in Basic English (BBE)
- From which some have been turned away, giving themselves to foolish talking;
- Darby Translation (DBY)
- which [things] some having missed, have turned aside to vain discourse,
- Webster's Bible (WBS)
- From which some having swerved, have turned aside to vain jangling;
- Young's Literal Translation (YLT)
- from which certain, having swerved, did turn aside to vain discourse,
Read in context
- 4और उन ऐसी कहानियों और अनन्त वंशावलियों पर मन न लगाएं, जिन से विवाद होते हैं; और परमेश्वर के उस प्रबन्ध के अनुसार नहीं, जो विश्वास से सम्बन्ध रखता है; वैसे ही फिर भी कहता हूं।
- 5आज्ञा का सारांश यह है, कि शुद्ध मन और अच्छे विवेक, और कपटरहित विश्वास से प्रेम उत्पन्न हो।
- 6इन को छोड़कर कितने लोग फिरकर बकवाद की ओर भटक गए हैं।
- 7और व्यवस्थापक तो होना चाहते हैं, पर जो बातें कहते और जिन को दृढ़ता से बोलते हैं, उन को समझते भी नहीं।
- 8पर हम जानते हैं, कि यदि कोई व्यवस्था को व्यवस्था की रीति पर काम में लाए, तो वह भली है।
Cross references
- Titus 1:10 तीतुस 1:10क्योंकि बहुत से लोग निरंकुश बकवादी और धोखा देनेवाले हैं; विशेष करके खतनावालों में से।
- 2 Timothy 2:23–24 2 तीमुथियुस 2:23–24पर मूर्खता, और अविद्या के विवादों से अलग रह; क्योंकि तू जानता है, कि उन से झगड़े होते हैं। और प्रभु के दास को झगड़ालू होना न चाहिए, पर सब के साथ कोमल और शिक्षा में निपुण, और सहनशील हो।
- Titus 3:9 तीतुस 3:9पर मूर्खता के विवादों, और वंशावलियों, और बैर विरोध, और उन झगड़ों से, जो व्यवस्था के विषय में हों बचा रह; क्योंकि वे निष्फल और व्यर्थ हैं।
- 1 Timothy 6:20–21 1 तीमुथियुस 6:20–21हे तीमुथियुस इस थाती की रखवाली कर और जिस ज्ञान को ज्ञान कहना ही भूल है, उसके अशुद्ध बकवाद और विरोध की बातों से परे रह। कितने इस ज्ञान का अंगीकार करके, विश्वास से भटक गए हैं।। तुम पर अनुग्रह होता रहे।।
- 1 Timothy 5:15 1 तीमुथियुस 5:15क्योंकि कई एक तो बहककर शैतान के पीछे हो चुकी हैं।
- 2 Timothy 2:18 2 तीमुथियुस 2:18जो यह कहकर कि पुनरूत्थान हो चुका है सत्य से भटक गए हैं, और कितनों के विश्वास को उलट पुलट कर देते हैं।
- 2 Timothy 4:10 2 तीमुथियुस 4:10क्योंकि देमास ने इस संसार को प्रिय जानकर मुझे छोड़ दिया है, और थिस्सलुनीके को चला गया है, और क्रेसकेंस गलतिया को और तीतुस दलमतिया को चला गया है।
- 1 Timothy 6:4–5 1 तीमुथियुस 6:4–5तो वह अभिमानी हो गया, और कुछ नहीं जानता, बरन उसे विवाद और शब्दों पर तर्क करने का रोग है, जिन से डाह, और झगड़े, और निन्दा की बातें, और बुरे बुरे सन्देह। और उन मनुष्यों में व्यर्थ रगड़े झगड़े उत्पन्न होते हैं, जिन की बुद्धि बिगड़ गई है और वे सत्य से विहीन हो गए हैं, जो समझते हैं कि भक्ति कमाई का द्वार है।