2 Chronicles · chapter 33 · verse 11
2 Chronicles 33:11 in Hindi
तब यहोवा ने उन पर अश्शूर के सेनापतियों से चढ़ाई कराई, और ये मनश्शे को नकेल डालकर, और पीतल की बेड़ियां जकड़कर, उसे बाबेल को ले गए।
Tab yahovaa ne un par ashshoor ke senaapatiyom se chadhaaee karaaee, aur ye manashshe ko nakel daalakar, aur peetal kee bediyaam jakadakar, use baabel ko le gae.
2 Chronicles 33:11 in English
- King James Version (KJV)
- Wherefore the LORD brought upon them the captains of the host of the king of Assyria, which took Manasseh among the thorns, and bound him with fetters, and carried him to Babylon.
- World English Bible (WEB)
- Therefore the LORD brought on them the captains of the army of the king of Assyria, who took Manasseh in chains, bound him with fetters, and carried him to Babylon.
- American Standard Version (ASV)
- Wherefore Jehovah brought upon them the captains of the host of the king of Assyria, who took Manasseh in chains, and bound him with fetters, and carried him to Babylon.
- Bible in Basic English (BBE)
- So the Lord sent against them the captains of the army of Assyria, who made Manasseh a prisoner and took him away in chains to Babylon.
- Darby Translation (DBY)
- And Jehovah brought upon them the captains of the host of the king of Assyria, who took Manasseh with fetters, and bound him with chains of brass, and carried him to Babylon.
- Webster's Bible (WBS)
- Wherefore the LORD brought upon them the captains of the army of the king of Assyria, who took Manasseh among the thorns, and bound him with fetters, and carried him to Babylon.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and Jehovah bringeth in against them the heads of the host that the king of Asshur hath, and they capture Manasseh among the thickets, and bind him with brazen fetters, and cause him to go to Babylon.
Read in context
- 9और मनश्शे ने यहूदा और यरूशलेम के निवासियों को यहां तक भटका दिया कि उन्हों ने उन जातियों से भी बढ़कर बुराई की, जिन्हें यहोवा ने इस्राएलियों के साम्हने से विनाश किया था।
- 10और यहोवा ने मनश्शे और उसकी प्रजा से बातें कीं, परन्तु उन्हों ने कुछ ध्यान नहीं दिया।
- 11तब यहोवा ने उन पर अश्शूर के सेनापतियों से चढ़ाई कराई, और ये मनश्शे को नकेल डालकर, और पीतल की बेड़ियां जकड़कर, उसे बाबेल को ले गए।
- 12तब संकट में पड़कर वह अपने परमेश्वर यहोवा को मानने लगा, और अपने पूर्वजों के परमेश्वर के साम्हने बहुत दीन हुआ, और उस से प्रार्थना की।
- 13तब उस ने प्रसन्न होकर उसकी बिनती सुनी, और उसको यरूशलेम में पहुंचाकर उसका राज्य लौटा दिया। तब मनश्शे को निश्चय हो गया कि यहोवा ही परमेश्वर है।
Cross references
- Deuteronomy 28:36 व्यवस्थाविवरण 28:36यहोवा तुझ को उस राजा समेत, जिस को तू अपने ऊपर ठहराएगा, तेरी और तेरे पूर्वजों से अनजानी एक जाति के बीच पहुंचाएगा; और उसके मध्य में रहकर तू काठ और पत्थर के दूसरे देवताओं की उपासना और पूजा करेगा।
- 2 Chronicles 36:6 2 इतिहास 36:6उस पर बाबेल के राजा नबूकदनेस्सर ने चढ़ाई की, और बाबेल ले जाने के लिये उसको बेड़ियां पहना दीं।
- Nehemiah 9:37 नहेमायाह 9:37इसकी उपज से उन राजाओं को जिन्हें तू ने हमारे पापों के कारण हमारे ऊपर ठहराया है, बहुत धन मिलता है; और वे हमारे शरीरों और हमारे पशुओं पर अपनी अपनी इच्छा के अनुसार प्रभुता जताते हैं, इसलिये हम बड़े संकट में पड़े हैं।
- Isaiah 7:18–20 यशायाह 7:18–20उस समय यहोवा उन मक्खियों को जो मि की नदियों के सिरों पर रहती हैं, और उन मधुमक्खियों को जो अश्शूर देश में रहती हैं, सीटी बजाकर बुलाएगा। और वे सब की सब आकर इस देश के पहाड़ी नालों में, और चट्टानों की दरारों में, और सब भटकटैयों और सब चराइयों पर बैठ जाएंगी।। उसी समय प्रभु महानद के पारवाले अश्शूर के राजारूपी भाड़े के छूरे से सिर और पांवों के रोंएं मूंड़ेगा, उस से दाढ़ी भी पूरी मुंड़ जाएगी।।
- 2 Kings 23:33 2 राजा 23:33उसको फ़िरौन- नको ने हमात देश के रिबला नगर में बान्ध रखा, ताकि वह यरूशलेम में राज्य न करने पाए, फिर उस ने देश पर सौ किक्कार चान्दी और किक्कार भर सोना जुरमाना किया।
- Job 36:8–11 अय्यूब 36:8–11ओर चाहे वे बेड़ियों में जकड़े जाएं और दु:ख की रस्सियों से बान्धे जाए, तौभी ईश्वर उन पर उनके काम, और उनका यह अपराध प्रगट करता है, कि उन्हों ने गर्व किया है। वह उनके कान शिक्षा सुनने के लिये खोलता है, और आज्ञा देता है कि वे बुराई से परे रहें। यदि वे सुनकर उसकी सेवा करें, तो वे अपने दिन कल्याण से, और अपने वर्ष सुख से पूरे करते हैं।
- Isaiah 5:26–30 यशायाह 5:26–30वह दूर दूर की जातियों के लिये झण्डा खड़ा करेगा, और सींटी बजाकर उनको पृथ्वी की छोर से बुलाएगा; देखो, वे फुर्ती करके वेग से आएंगे! उन में कोई थका नहीं न कोई ठोकर खाता है; कोई ऊंघने वा सोनेवाला नहीं, किसी का फेंटा नहीं खुला, और किसी के जूतों का बन्धन नहीं टूटा; उनके तीर चोखे और धनुष चढ़ाए हुए हैं, उनके घोड़ों के खुर वज्र के से और रथों के पहिये बवण्डर सरीखे हैं। वे सिंह वा जवान सिंह की नाई गरजते हैं; वे गुर्राकर अहेर को पकड़ लेते और उसको ले भागते हैं, और कोई उसे उन से नहीं छुड़ा सकता। उस समय वे उन पर समुद्र के गर्जन की नाई गर्जेंगे और यदि कोई देश की ओर देखे, तो उसे अन्धकार और संकट देख पड़ेगा और ज्योति मेघों से छिप जाएगी।।
- Psalm 107:10–14 भजन संहिता 107:10–14जो अन्धियारे और मृत्यु की छाया में बैठे, और दु:ख में पड़े और बेड़ियों से जकड़े हुए थे, इसलिये कि वे ईश्वर के वचनों के विरूद्ध चले, और परमप्रधान की सम्मति को तुच्छ जाना। तब उसने उनको कष्ट के द्वारा दबाया; वे ठोकर खाकर गिर पड़े, और उनको कोई सहायक न मिला। तब उन्हों ने संकट में यहोवा की दोहाई दी, और उस न सकेती से उनका उद्धार किया; उस ने उनको अन्धियारे और मृत्यु की छाया में से निकाल लिया; और उनके बन्धनों को तोड़ डाला।
- Isaiah 36:9 यशायाह 36:9फिर तू रथों और सवारों के लिये मि पर भरोसा रखकर मेरे स्वामी के छोटे से छोटे कर्मचारी को भी कैसे हटा सकेगा?
- Nehemiah 9:32 नहेमायाह 9:32अब तो हे हमारे परमेश्वर! हे महान पराक्रमी और भययोग्य ईश्वर! जो अपनी वाचा पालता और करूणा करता रहा है, जो बड़ा कष्ट, अश्शूर के राजाओं के दिनों से ले आज के दिन तक हमें और हमारे राजाओं, हाकिमों, याजकों, नबियों, पुरखाओं, वरन तेरी समस्त प्रजा को भोगना पड़ा है, वह तेरी दृष्टि में थोड़ा न ठहरे।
- Lamentations 3:7 विलापगीत 3:7मेरे चारों ओर उस ने बाड़ा बान्धा है कि मैं निकल नहीं सकता; उस ने मुझे भारी सांकल से जकड़ा है;
- 1 Samuel 13:6 1 शमूएल 13:6जब इस्राएली पुरूषों ने देखा कि हम सकेती में पड़े हैं (और सचमुच लोग संकट में पड़े थे), तब वे लोग गुफाओं, झाड़ियों, चट्टानों, गढ़ियों, और गढ़हों में जा छिपे।
Original words (Hebrew)
- brought · H935בּוֹא bôwʼ
- of · H8269שַׂר sar
- of · H6635צָבָא tsâbâʼ
- king · H4428מֶלֶךְ melek
- Assyria · H804אַשּׁוּר ʼAshshûwr
- took · H3920לָכַד lâkad
- Manasseh · H4519מְנַשֶּׁה Mᵉnashsheh
- thorns · H2336חוֹחַ chôwach
- him · H631אָסַר ʼâçar
- fetters · H5178נְחֹשֶׁת nᵉchôsheth
- carried · H3212יָלַךְ yâlak
- Babylon · H894בָּבֶל Bâbel