2 Chronicles · chapter 33 · verse 13
2 Chronicles 33:13 in Hindi
तब उस ने प्रसन्न होकर उसकी बिनती सुनी, और उसको यरूशलेम में पहुंचाकर उसका राज्य लौटा दिया। तब मनश्शे को निश्चय हो गया कि यहोवा ही परमेश्वर है।
Tab us ne prasann hokar usakee binatee sunee, aur usako yarooshalem mem pahunchaakar usakaa raajy lautaa diyaa. Tab manashshe ko nishchay ho gayaa ki yahovaa hee parameshvar hai.
2 Chronicles 33:13 in English
- King James Version (KJV)
- And prayed unto him: and he was intreated of him, and heard his supplication, and brought him again to Jerusalem into his kingdom. Then Manasseh knew that the LORD he [was] God.
- World English Bible (WEB)
- He prayed to him; and he was entreated by him, and heard his supplication, and brought him again to Jerusalem into his kingdom. Then Manasseh knew that the LORD was God.
- American Standard Version (ASV)
- And he prayed unto him; and he was entreated of him, and heard his supplication, and brought him again to Jerusalem into his kingdom. Then Manasseh knew that Jehovah he was God.
- Bible in Basic English (BBE)
- And made prayer to him; and in answer to his prayer God let him come back to Jerusalem and to his kingdom. Then Manasseh was certain that the Lord was God.
- Darby Translation (DBY)
- and prayed to him. And he was intreated of him and heard his supplication, and brought him again to Jerusalem into his kingdom. Then Manasseh knew that Jehovah, he was God.
- Webster's Bible (WBS)
- And prayed to him: and he was entreated by him, and heard his supplication, and brought him again to Jerusalem into his kingdom. Then Manasseh knew that the LORD he [is] God.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and prayeth unto Him, and He is entreated of him, and heareth his supplication, and bringeth him back to Jerusalem, to his kingdom, and Manasseh knoweth that Jehovah — He [is] God.
Read in context
- 11तब यहोवा ने उन पर अश्शूर के सेनापतियों से चढ़ाई कराई, और ये मनश्शे को नकेल डालकर, और पीतल की बेड़ियां जकड़कर, उसे बाबेल को ले गए।
- 12तब संकट में पड़कर वह अपने परमेश्वर यहोवा को मानने लगा, और अपने पूर्वजों के परमेश्वर के साम्हने बहुत दीन हुआ, और उस से प्रार्थना की।
- 13तब उस ने प्रसन्न होकर उसकी बिनती सुनी, और उसको यरूशलेम में पहुंचाकर उसका राज्य लौटा दिया। तब मनश्शे को निश्चय हो गया कि यहोवा ही परमेश्वर है।
- 14इसके बाद उस ने दाऊदमुर से बाहर गीहोन के पश्चिम की ओर नाले में मच्छली फाटक तक एक शहरपनाह बनवाई, फिर ओपेल को घेरकर बहुत ऊंचा कर दिया; और यहूदा के सब गढ़वाले नगरों में सेनापति ठहरा दिए।
- 15फिर उस ने पराये देवताओं को और यहोवा के भवन में की मूर्त्ति को, और जितनी वेदियां उस ने यहोवा के भवन के पर्वत पर, और यरूशलेम में बनवाई थीं, उन सब को दूर करके नगर से बाहर फेंकवा दिया।
Cross references
- 1 Chronicles 5:20 1 इतिहास 5:20उनके विरूद्ध इनको सहायता मिली, और अग्री उन सब समेत जो उनके साथ थे उनके हाथ में कर दिए गए, क्योंकि युठ्ठ में इन्हों ने परमेश्वर की दोहाई दी थी और उस ने उनकी बिनती इस कारण सुनी, कि इन्हों ने उस पर भरोसा रखा था।
- Ezra 8:23 एज्रा 8:23इसी विषय पर हम ने उपवास करके अपने परमेश्वर से प्रार्थना की, और उस ने हमारी सुनी।
- Jeremiah 29:12–13 यिर्मयाह 29:12–13तब उस समय तुम मुझ को पुकारोगे और आकर मुझ से प्रार्थना करोगे और मैं तुम्हारी सुनूंगा। तुम मुझे ढूंढ़ोगे और पाओगे भी; क्योंकि तुम अपने सम्पूर्ण मन से मेरे पास आओगे।
- Matthew 6:33 मत्ती 6:33इसलिये पहिले तुम उसे राज्य और धर्म की खोज करो तो ये सब वस्तुएं तुम्हें मिल जाएंगी।
- Matthew 7:7–8 मत्ती 7:7–8क्योंकि जो कोई मांगता है, उसे मिलता है; और जो ढूंढ़ता है, वह पाता है? और जो खटखटाता है, उसके लिये खोला जाएगा। तुम में से ऐसा कौन मनुष्य है, कि यदि उसका पुत्रा उस से रोटी मांगे, तो वह उसे पत्थर दे?
- Daniel 4:25 दानिय्येल 4:25कि तू मनुष्यों के बीच से निकाला जाएगा, और मैदान के पशुओं के संग रहेगा; तू बैलों की नाई घास चरेगा; और सात युग तुझ पर बीतेंगे, जब तक कि तू न जान ले कि मनुष्यों के राज्य में परमप्रधान ही प्रभुता करता है, और जिसे चाहे वह उसे दे देता है।
- Jeremiah 24:7 यिर्मयाह 24:7मैं उनका ऐसा मन कर दूंगा कि वे मुझे जानेंगे कि मैं यहोवा हूँ; और वे मेरी प्रजा ठहरेंगे और मैं उनका परमेश्वर ठहरूंगा, क्योंकि वे मेरी ओर सारे मन से फिरेंगे।
- Psalm 86:5 भजन संहिता 86:5क्योंकि हे प्रभु, तू भला और क्षमा करनेवाला है, और जितने तुझे पुकारते हैं उन सभों के लिये तू अति करूणामय है।
- Isaiah 55:6–9 यशायाह 55:6–9जब जब यहोवा मिल सकता है तब तक उसकी खोज में रहो, जब तक वह निकट है तब तक उसे पुकारो; दुष्ट अपनी चालचलन और अनर्थकारी अपने सोच विचार छोड़कर यहोवा ही की ओर फिरे, वह उस पर दया करेगा, वह हमारे परमेश्वर की ओर फिरे और वह पूरी रीति से उसको क्षमा करेगा। क्योंकि यहोवा कहता है, मेरे विचार और तुम्हारे विचार एक समान नहीं है, न तुम्हारी गति और मेरी गति एक सी है। क्योंकि मेरी और तुम्हारी गति में और मेरे और तुम्हारे सोच विचारों में, आकाश और पृथ्वी का अन्तर है।।
- Proverbs 21:1 नीतिवचन 21:1राजा का मन नालियों के जल की नाई यहोवा के हाथ में रहता है, जिधर वह चाहता उधर उसको फेर देता है।
- Daniel 4:34–35 दानिय्येल 4:34–35उन दिनों के बीतने पर, मुझ नबूकदनेस्सर ने अपनी आंखें स्वर्ग की ओर उठाईं, और मेरी बुद्धि फिर ज्यों की त्यों हो गई; तब मैं ने परमप्रधान को धन्य कहा, और जो सदा जीवित है उसकी स्तुति और महिमा यह कहकर करने लगा: उसकी प्रभुता सदा की है और उसका राज्य पीढ़ी से पीढ़ी तब बना रहनेवाला है। पृथ्वी के सब रहनेवाले उसके साम्हने तुच्छ गिने जाते हैं, और वह स्वर्ग की सेना और पृथ्वी के रहनेवालों के बीच अपनी इच्छा के अनुसार काम करता है; और कोई उसको रोककर उस से नहीं कह सकता है, तू ने यह क्या किया है?
- Job 22:27 अय्यूब 22:27और तू उस से प्रार्थना करेगा, और वह तेरी सुनेगा; और तू अपनी मन्नतों को पूरी करेगा।
Original words (Hebrew)
- prayed · H6419פָּלַל pâlal
- intreated · H6279עָתַר ʻâthar
- heard · H8085שָׁמַע shâmaʻ
- supplication · H8467תְּחִנָּה tᵉchinnâh
- again · H7725שׁוּב shûwb
- Jerusalem · H3389יְרוּשָׁלַ͏ִם Yᵉrûwshâlaim
- kingdom · H4438מַלְכוּת malkûwth
- Manasseh · H4519מְנַשֶּׁה Mᵉnashsheh
- knew · H3045יָדַע yâdaʻ
- God · H430אֱלֹהִים ʼĕlôhîym