Acts · chapter 22 · verse 4
Acts 22:4 in Hindi
और मैं ने पुरूष और स्त्री दोनों को बान्ध बान्धकर, और बन्दीगृह में डाल डालकर, इस पंथ को यहां तक सताया, कि उन्हें मरवा भी डाला।
Aur maim ne puroosh aur stree donom ko baandh baandhakar, aur bandeegruh mem daal daalakar, is panth ko yahaam tak sataayaa, ki unhem maravaa bhee daalaa.
Acts 22:4 in English
- King James Version (KJV)
- And I persecuted this way unto the death, binding and delivering into prisons both men and women.
- World English Bible (WEB)
- I persecuted this Way to the death, binding and delivering into prisons both men and women,
- American Standard Version (ASV)
- and I persecuted this Way unto the death, binding and delivering into prisons both men and women.
- Bible in Basic English (BBE)
- And I made attacks on this Way, even to death, taking men and women and putting them in prison.
- Darby Translation (DBY)
- who have persecuted this way unto death, binding and delivering up to prisons both men and women;
- Webster's Bible (WBS)
- And I persecuted this way even to death, binding and delivering into prisons both men and women.
- Young's Literal Translation (YLT)
- 'And this way I persecuted unto death, binding and delivering up to prisons both men and women,
Read in context
- 2वे यह सुनकर कि वह हम से इब्रानी भाषा में बोलता है, और भी चुप रहे। तब उस ने कहा;
- 3मैं तो यहूदी मनुष्य हूं, जो किलिकिया के तरसुस में जन्मा; परन्तु इस नगर में गमलीएल के पांवों के पास बैठकर पढ़ाया गया, और बापदादों की व्यवस्था की ठीक रीति पर सिखाया गया; और परमेश्वर के लिये ऐसी धुन लगाए था, जैसे तुम सब आज लगाए हो।
- 4और मैं ने पुरूष और स्त्री दोनों को बान्ध बान्धकर, और बन्दीगृह में डाल डालकर, इस पंथ को यहां तक सताया, कि उन्हें मरवा भी डाला।
- 5इस बात के लिये महायाजक और सब पुरनिये गवाह हैं; कि उन में से मैं भाइयों के नाम पर चिटि्ठयां लेकर दमिश्क को चला जा रहा था, कि जो वहां हों उन्हें भी दण्ड दिलाने के लिये बान्धकर यरूशलेम में लाऊं।
- 6जब मैं चलते चलते दमिश्क के निकट पहुंचा, तो ऐसा हुआ कि दो पहर के लगभग एकाएक एक बड़ी ज्योति आकाश से मेरे चारों ओर चमकी।
Cross references
- Acts 22:19–20 प्रेरितों के काम 22:19–20मैं ने कहा; हे प्रभु वे तो आप जानते हैं, कि मैं तुझ पर विश्वास करनेवालों को बन्दीगृह में डालता और जगह जगह आराधनालय में पिटवाता था। और जब तेरे गवाह स्तिफनुस का लोहू बहाया जा रहा था तब मैं भी वहां खड़ा था, और इस बात में सहमत था, और उसके घातकों के कपड़ों की रखवाली करता था।
- Acts 26:9–11 प्रेरितों के काम 26:9–11मैं ने भी समझा था कि यीशु नासरी के नाम के विरोध में मुझे बहुत कुछ करना चाहिए। और मैं ने यरूशलेम में ऐसा ही किया; और महायाजकों से अधिकार पाकर बहुत से पवित्रा लोगों को बन्दीगृह में डाल, और जब वे मार डाले जाते थे, तो मैं भी उन के विरोध में अपनी सम्पति देता था। और हर आराधनालय में मैं उन्हें ताड़ना दिला दिलाकर यीशु की निन्दा करवाता था, यहां तक कि क्रोध के मारे ऐसा पागल हो गया, कि बाहर के नगरों में भी जाकर उन्हें सताता था।
- 1 Timothy 1:13–15 1 तीमुथियुस 1:13–15मैं तो पहिले निन्दा करनेवाला, और सतानेवाला, और अन्धेर करनेवाला था; तौभी मुझ पर दया हुई, क्योंकि मैं ने अविश्वास की दशा में बिन समझे बूझे, ये काम किए थे। और हमारे प्रभु का अनुग्रह उस विश्वास और प्रेम के साथ जो मसीह यीशु में है, बहुतायत से हुआ। यह बात सच और हर प्रकार से मानने के योग्य है, कि मसीह यीशु पापियों का उद्धार करने के लिये जगत में आया, जिन में सब से बड़ा मैं हूं।
- Acts 16:17 प्रेरितों के काम 16:17वह पौलुस के और हमारे पीछे आकर चिल्लाने लगी कि ये मनुष्य परम प्रधान परमेश्वर के दास हैं, जो हमें उद्धार के मार्ग की कथा सुनाते हैं।
- 1 Corinthians 15:9 1 कुरिन्थियों 15:9क्योंकि मैं प्ररितों में सब से छोटा हूं, बरन प्ररित कहलाने के योग्य भी नहीं, क्योंकि मैं ने परमेश्वर की कलीसिया को सताया था।
- Acts 8:1–4 प्रेरितों के काम 8:1–4उसी दिन यरूशलेम की कलीसिया पर बड़ा उपद्रव होने लगा और प्रेरितों को छोड़ सब के सब यहूदिया और सामरिया देशों में तित्तर बित्तर हो गए। और भक्तों ने स्तिफनुस को कब्र में रखा; और उसके लिये बड़ा विलाप किया। शाऊल कलीसिया को उजाड़ रहा था; और घर घर घुसकर पुरूषों और स्त्रियों को घसीट घसीटकर बन्दीगृह में डालता था।। जो तित्तर बित्तर हुए थे, वे सुसमाचार सुनाते हुए फिरे।
- Acts 7:58 प्रेरितों के काम 7:58और उसे नगर के बाहर निकालकर पत्थरवाह करने लगे, और गवाहों ने अपने कपड़े उतार रखे।
- Acts 9:13–14 प्रेरितों के काम 9:13–14हनन्याह ने उत्तर दिया, कि हे प्रभु, मैं ने इस मनुष्य के विषय में बहुतों से सुना है, कि इस ने यरूशलेम में तेरे पवित्रा लोगों के साथ बड़ी बड़ी बुराईयां की हैं। और यहां भी इस को महायाजकों की ओर से अधिकार मिला है, कि जो लोग तेरा नाम लेते हैं, उन सब को बान्ध ले।
- Acts 24:14 प्रेरितों के काम 24:14परन्तु यह मैं तेरे साम्हने मान लेता हूं, कि जिस पन्थ को वे कुपन्थ कहते हैं, उसी की रीति पर मैं अपने बापदादों के परमेश्वर की सेवा करता हूं: और जो बातें व्यवस्था और भविष्यद्वक्ताओं की पुस्तकों में लिखी है, उन सब की प्रतीति करता हूं।
- Acts 18:26 प्रेरितों के काम 18:26वह आराधनालय में निडर होकर बोलने लगा, पर प्रिस्किल्ला और अक्विला उस की बातें सुनकर, उसे अपने यहां ले गए और परमेश्वर का मार्ग उस को और भी ठीक ठीक बताया।
- Acts 9:1–2 प्रेरितों के काम 9:1–2और शाऊल जो अब तक प्रभु के चेलों को धमकाने और घात करने की धुन में था, महायाजक के पास गया। और उस से दमिश्क की अराधनालयों के नाम पर इस अभिप्राय की चिटि्ठयां मांगी, कि क्या पुरूष, क्या स्त्री, जिन्हें वह इस पंथ पर पाए उन्हें बान्धकर यरूशलेम में ले आए।
- Philippians 3:6 फिलिप्पियों 3:6उत्साह के विषय में यदि कहो तो कलीसिया का सतानेवाला; और व्यवस्था की धार्मिकता के विषय में यदि कहो तो निर्दोष था।
Original words (Greek)
- And · G3739ὅς hós
- persecuted · G1377διώκω diṓkō
- this · G3778οὗτος hoûtos
- way · G3598ὁδός hodós
- unto · G891ἄχρι áchri
- death · G2288θάνατος thánatos
- binding · G1195δεσμεύω desmeúō
- and · G2532καί kaí
- delivering · G3860παραδίδωμι paradídōmi
- into · G1519εἰς eis
- prisons · G5438φυλακή phylakḗ
- both · G5037τέ té
- men · G435ἀνήρ anḗr
- and · G2532καί kaí
- women · G1135γυνή gynḗ