Colossians · chapter 1 · verse 12
Colossians 1:12 in Hindi
और पिता का धन्यवाद करते रहो, जिस ने हमें इस योग्य बनाया कि ज्योति में पवित्रा लोगों के साथ मीरास में समभागी हों।
Aur pitaa kaa dhanyavaad karate raho, jis ne hamem is yogy banaayaa ki jyoti mem pavitraa logom ke saath meeraas mem samabhaagee hon.
Colossians 1:12 in English
- King James Version (KJV)
- Giving thanks unto the Father, which hath made us meet to be partakers of the inheritance of the saints in light:
- World English Bible (WEB)
- giving thanks to the Father, who made us fit to be partakers of the inheritance of the saints in light,
- American Standard Version (ASV)
- giving thanks unto the Father, who made us meet to be partakers of the inheritance of the saints in light;
- Bible in Basic English (BBE)
- Giving praise to the Father who has given us a part in the heritage of the saints in light;
- Darby Translation (DBY)
- giving thanks to the Father, who has made us fit for sharing the portion of the saints in light,
- Webster's Bible (WBS)
- Giving thanks to the Father, who hath made us meet to be partakers of the inheritance of the saints in light:
- Young's Literal Translation (YLT)
- Giving thanks to the Father who did make us meet for the participation of the inheritance of the saints in the light,
Read in context
- 10ताकि तुम्हारा चाल- चलन प्रभु के योग्य हो, और वह सब प्रकार से प्रसन्न हो, और तुम में हर प्रकार के भले कामों का फल लगे, और परमेश्वर की पहिचान में बढ़ते जाओ।
- 11और उस की महिमा की शक्ति के अनुसार सब प्रकार की सामर्थ से बलवन्त होते जाओ, यहां तक कि आनन्द के साथ हर प्रकार से धीरज और सहनशीलता दिखा सको।
- 12और पिता का धन्यवाद करते रहो, जिस ने हमें इस योग्य बनाया कि ज्योति में पवित्रा लोगों के साथ मीरास में समभागी हों।
- 13उसी ने हमें अन्धकार के वश से छुड़ाकर अपने प्रिय पुत्रा के राज्य में प्रवेश कराया।
- 14जिस से हमें छुटकारा अर्थात् पापों की क्षमा प्राप्त होती है।
Cross references
- Acts 20:32 प्रेरितों के काम 20:32और अब मैं तुम्हें परमेश्वर को, और उसके अनुग्रह के वचन को सौंप देता हूं; जो तुम्हारी उन्नति कर सकता है, ओश्र सब पवित्रों में साझी करके मीरास दे सकता है।
- Ephesians 1:11 इफिसियों 1:11उसी में जिस में हम भी उसी की मनसा से जो अपनी इच्छा के मत के अनुसार सब कुछ करता है, पहिले से ठहराए जाकर मीरास बने।
- Ephesians 1:18 इफिसियों 1:18और तुम्हारे मन की आंखें ज्योतिर्मय हों कि तुम जान लो कि उसके बुलाने से कैसी आशा होती है, और पवित्रा लोगों में उस की मीरास की महिमा का धन कैसा है।
- Acts 26:18 प्रेरितों के काम 26:18कि तू उन की आंखे खोले, कि वे अंधकार से ज्योति की ओर, और शैतान के अधिकार से परमेश्वर की ओर फिरें; कि पापों की क्षमा, और उन लोगों के साथ जो मुझ पर विश्वास करने से पवित्रा किए गए हैं, मीरास पाएं।
- Ephesians 3:6 इफिसियों 3:6अर्थात् यह, कि मसीह यीशु में सुसमाचार के द्वारा अन्यजातीय लाग मीरास में साझी, और एक ही देह के और प्रतिज्ञा के भागी हैं।
- Romans 8:17 रोमियों 8:17और यदि सन्तान हैं, तो वारिस भी, बरन परमेश्वर के वारिस और मसीह के संगी वारिस हैं, जब कि हम उसके साथ दुख उठाएं कि उसके साथ महिमा भी पाएं।।
- 1 Peter 1:2–5 1 पतरस 1:2–5और परमेश्वर पिता के भविष्य ज्ञान के अनुसार, आत्मा के पवित्र करने के द्वारा आज्ञा मानने, और यीशु मसीह के लोहू के छिड़के जाने के लिये चुने गए हैं। तुम्हें अत्यन्त अनुग्रह और शान्ति मिलती रहे॥ हमारे प्रभु यीशु मसीह के परमेश्वर और पिता का धन्यवाद दो, जिस ने यीशु मसीह के हुओं में से जी उठने के द्वारा, अपनी बड़ी दया से हमें जीवित आशा के लिये नया जन्म दिया। अर्थात एक अविनाशी और निर्मल, और अजर मीरास के लिये। जो तुम्हारे लिये स्वर्ग में रखी है, जिन की रक्षा परमेश्वर की सामर्थ से, विश्वास के द्वारा उस उद्धार के लिये, जो आने वाले समय में प्रगट होने वाली है, की जाती है।
- 2 Corinthians 5:5 2 कुरिन्थियों 5:5और जिस ने हमें इसी बात के लिये तैयार किया है वह परमेश्वर है, जिस ने हमें बयाने में आत्मा भी दिया है।
- Hebrews 3:14 इब्रानियों 3:14क्योंकि हम मसीह के भागी हुए हैं, यदि हम अपने प्रथम भरोसे पर अन्त तक दृढ़ता से स्थिर रहें।
- Romans 8:29–30 रोमियों 8:29–30क्योंकि जिन्हें उस ने पहिले से जान लिया है उन्हें पहिले से ठहराया भी है कि उसके पुत्रा के स्वरूप में हों ताकि वह बहुत भाइयों में पहिलौठा ठहरे। फिर जिन्हें उन से पहिले से ठहराया, उन्हें बुलाया भी, और जिन्हें बुलाया, उन्हें धर्मी भी ठहराया है, और जिन्हें धर्मी ठहराया, उन्हें महिमा भी दी है।।
- 1 John 3:1–3 1 यूहन्ना 3:1–3देखो पिता ने हम से कैसा प्रेम किया है, कि हम परमेश्वर की सन्तान कहलाएं, और हम हैं भी: इस कारण संसार हमें नहीं जानता, क्योंकि उस ने उसे भी नहीं जाना। हे प्रियों, अभी हम परमेश्वर की सन्तान हैं, और अब तक यह प्रगट नहीं हुआ, कि हम क्या कुछ होंगे! इतना जानते हैं, कि जब वह प्रगट होगा तो हम भी उसके समान होंगे, क्योंकि उस को वैसा ही देखेंगे जैसा वह है। और जो कोई उस पर यह आशा रखता है, वह अपने आप को वैसा ही पवित्रा करता है, जैसा वह पवित्रा है।
- John 14:6 यूहन्ना 14:6यीशु ने उस से कहा, मार्ग और सच्चाई और जीवन मैं ही हूं; बिना मेरे द्वारा कोई पिता के पास नहीं पहुंच सकता।