Deuteronomy · chapter 33 · verse 23
Deuteronomy 33:23 in Hindi
फिर नप्ताली के विषय में उस ने कहा, हे नप्ताली, तू जो यहोवा की प्रसन्नता से तृप्त, और उसकी आशीष से भरपूर है, तू पच्छिम और दक्खिन के देश का अधिकारी हो।।
Phir naptaalee ke vishay mem us ne kahaa, he naptaalee, too jo yahovaa kee prasannataa se trupt, aur usakee aasheesh se bharapoor hai, too pachchhim aur dakkhin ke desh kaa adhikaaree ho..
Deuteronomy 33:23 in English
- King James Version (KJV)
- And of Naphtali he said, O Naphtali, satisfied with favour, and full with the blessing of the LORD: possess thou the west and the south.
- World English Bible (WEB)
- About Naphtali he said, “Naphtali, satisfied with favor, full of the LORD’s blessing, Possess the west and the south.”
- American Standard Version (ASV)
- And of Naphtali he said, O Naphtali, satisfied with favor, And full with the blessing of Jehovah, Possess thou the west and the south.
- Bible in Basic English (BBE)
- And of Naphtali he said, O Naphtali, made glad with grace and full of the blessing of the Lord: the sea and its fishes will be his.
- Darby Translation (DBY)
- And of Naphtali he said, Naphtali, satisfied with favour, And full of the blessing of Jehovah, Possess thou the west and the south.
- Webster's Bible (WBS)
- And of Naphtali he said, O Naphtali, satisfied with favor, and full with the blessing of the LORD: possess thou the west and the south.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And of Naphtali he said: — O Naphtali, satisfied with pleasure, And full of the blessing of Jehovah, West and south possess thou.
Read in context
- 21और उस ने पहिला अंश तो अपने लिये चुन लिया, क्योंकि वहां रईस के योग्य भाग रखा हुआ था; तब उस ने प्रजा के मुख्य मुख्य पुरूषों के संग आकर यहोवा का ठहराया हुआ धर्म, और इस्राएल के साथ होकर उसके नियम का प्रतिपालन किया।।
- 22फिर दान के विषय में उस ने कहा, दान तो बाशान से कूदनेवाला सिंह का बच्चा है।।
- 23फिर नप्ताली के विषय में उस ने कहा, हे नप्ताली, तू जो यहोवा की प्रसन्नता से तृप्त, और उसकी आशीष से भरपूर है, तू पच्छिम और दक्खिन के देश का अधिकारी हो।।
- 24फिर आशेर के विषय में उस ने कहा, आशेर पुत्रों के विषय में आशीष पाए; वह अपने भाइयों में प्रिय रहे, और अपना पांव तेल में डुबोए।।
- 25तेरे जूते लोहे और पीतल के होंगे, और जैसे तेरे दिन वैसी ही तेरी शक्ति हो।।
Cross references
- Genesis 49:21 उत्पत्ति 49:21नप्ताली एक छूटी हुई हरिणी है; वह सुन्दर बातें बोलता है।।
- Psalm 36:8 भजन संहिता 36:8वे तेरे भवन के चिकने भोजन से तृप्त होंगे, और तू अपनी सुख की नदी में से उन्हें पिलाएगा।
- Matthew 4:16 मत्ती 4:16जो लोग अन्धकार में बैठे थे उन्हों ने बड़ी ज्योंति देखी; और जो मृत्यु के देश और छाया में बैठे थे, उन पर ज्योति चमकी।।
- Jeremiah 31:14 यिर्मयाह 31:14मैं याजकों को चिकनी वस्तुओं से अति तृप्त करूंगा, और मेरी प्रजा मेरे उत्तम दानों से सन्तुष्ट होगी, यहोवा की यही वाणी है।
- Matthew 4:13 मत्ती 4:13और नासरत को छोड़कर कफरनहूम में जो झील के किनारे जबूलून और नपताली के देश में है जाकर रहने लगा।
- Psalm 90:14 भजन संहिता 90:14भोर को हमें अपनी करूणा से तृप्त कर, कि हम जीवन भर जयजयकार और आनन्द करते रहें।
- Joshua 19:32–39 यहोशू 19:32–39छठवीं चिट्ठी नप्तालियों के कुलों के अनुसार उनके नाम पर निकली। और उनका सिवाना हेलेप से, और सानन्नीम में के बांज वृक्ष से, अदामीनेकेब और यब्नेल से हो कर, और लक्कूम को जा कर यरदन पर निकला; वहां से वह सिवाना पश्चिम की ओर मुड़कर अजनोत्ताबोर को गया, और वहां से हुक्कोक को गया, और दक्खिन, और जबूलून के भाग तक, और पश्चिम की ओर आशेर के भाग तक, और सूर्योदय की ओर यहूदा के भाग के पास की यरदन नदी पर पहुंचा। और उनके गढ़ वाले नगर ये हैं, अर्थात सिद्दीम, सेर, हम्मत, रक्कत, किन्नेरेत, अदामा, रामा, हासोर, केदेश, एद्रेई, एन्हासेर, यिरोन, मिगदलेल, होरेम, बेतनात, और बेतशेमेश; ये उन्नीस नगर गांवों समेत उन को मिले। कुलों के अुनसार नप्तालियों के गोत्र का भाग नगरों और उनके गांवों समेत यही ठहरा॥
- Isaiah 9:1–2 यशायाह 9:1–2तौभी संकट- भरा अन्धकार जाता रहेगा। पहिले तो उस ने जबूलून और नप्ताली के देशों का अपमान किया, परन्तु अन्तिम दिनों में ताल की ओर यरदन के पार की अन्यजातियों के गलील को महिमा देगा। जो लोग अन्धियारे में चल रहे थे उन्हों ने बड़ा उजियाला देखा; और जो लोग घोर अन्धकार से भरे हुए मृत्यु के देश में रहते थे, उन पर ज्योति चमकी।
- Matthew 11:28 मत्ती 11:28हे सब परिश्रम करनेवालों और बोझ से दबे लोगों, मेरे पास आओ; मैं तुम्हें विश्राम दूंगा।