Deuteronomy · chapter 33 · verse 7
Deuteronomy 33:7 in Hindi
और यहूदा पर यह आशीर्वाद हुआ जो मूसा ने कहा, हे यहोवा तू यहूदा की सुन, और उसे उसके लोगों के पास पहुंचा। वह अपने लिये आप अपने हाथों से लड़ा, और तू ही उसके द्रोहियों के विरूद्ध उसका सहायक हो।।
Aur yahoodaa par yah aasheervaad huaa jo moosaa ne kahaa, he yahovaa too yahoodaa kee sun, aur use usake logom ke paas pahunchaa. Vah apane liye aap apane haathom se ladaa, aur too hee usake drohiyom ke virooddh usakaa sahaayak ho..
Deuteronomy 33:7 in English
- King James Version (KJV)
- And this [is the blessing] of Judah: and he said, Hear, LORD, the voice of Judah, and bring him unto his people: let his hands be sufficient for him; and be thou an help [to him] from his enemies.
- World English Bible (WEB)
- This is for Judah. He said, “Hear, LORD, the voice of Judah. Bring him in to his people. With his hands he contended for himself. You shall be a help against his adversaries.”
- American Standard Version (ASV)
- And this is [the blessing] of Judah: and he said, Hear, Jehovah, the voice of Judah, And bring him in unto his people. With his hands he contended for himself; And thou shalt be a help against his adversaries.
- Bible in Basic English (BBE)
- And this is the blessing of Judah: he said, Give ear, O Lord, to the voice of Judah and make him one with his people: let your hands take up his cause, and be his help against his attackers.
- Darby Translation (DBY)
- And this of Judah; and he said, Hear, Jehovah, the voice of Judah, And bring him unto his people; May his hands strive for them; And be thou a help to him against his oppressors.
- Webster's Bible (WBS)
- And this [is the blessing] of Judah: and he said, Hear, LORD, the voice of Judah, and bring him to his people: let his hands be sufficient for him, and be thou a help [to him] from his enemies.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And this [is] for Judah; and he saith: — Hear, O Jehovah, the voice of Judah, And unto his people do Thou bring him in; His hand hath striven for him, And an help from his adversaries art Thou.
Read in context
- 5जब प्रजा के मुख्य मुख्य पुरूष, और इस्राएल के गोत्री एक संग होकर एकत्रित हुए, तब वह यशूरून में राजा ठहरा।।
- 6रूबेन न मरे, वरन जीवित रहे, तौभी उसके यहां के मनुष्य थोड़े हों।।
- 7और यहूदा पर यह आशीर्वाद हुआ जो मूसा ने कहा, हे यहोवा तू यहूदा की सुन, और उसे उसके लोगों के पास पहुंचा। वह अपने लिये आप अपने हाथों से लड़ा, और तू ही उसके द्रोहियों के विरूद्ध उसका सहायक हो।।
- 8फिर लेवी के विषय में उस ने कहा, तेरे तुम्मीम और ऊरीम तेरे भक्त के पास हैं, जिसको तू ने मस्सा में परख लिया, और जिसके साथ मरीबा नाम सोते पर तेरा वादविवाद हुआ;
- 9उस ने तो अपने माता पिता के विषय में कहा, कि मैं उनको नहीं जानता; और न तो उस ने अपने भाइयों को अपना माना, और न अपने पुत्रों को पहिचाना। क्योंकि उन्हों ने तेरी बातें मानी, और वे तेरी वाचा का पालन करते हैं।।
Cross references
- Genesis 49:8–12 उत्पत्ति 49:8–12हे यहूदा, तेरे भाई तेरा धन्यवाद करेंगे, तेरा हाथ तेरे शत्रुओं की गर्दन पर पड़ेगा; तेरे पिता के पुत्रा तुझे दण्डवत् करेंगे।। यहूदा सिंह का डांवरू है। हे मेरे पुत्रा, तू अहेर करके गुफा में गया है: वह सिंह वा सिंहनी की नाई दबकर बैठ गया; फिर कौन उसको छेड़ेगा।। जब तक शीलो न आए तब तक न तो यहूदा से राजदण्ड छूटेगा, न उसके वंश से व्यवस्था देनेवाला अलग होगा; और राज्य राज्य के लोग उसके अधीन हो जाएंगे।। वह अपने जवान गदहे को दाखलता में, और अपनी गदही के बच्चे को उत्तम जाति की दाखलता में बान्धा करेगा; उस ने अपने वस्त्रा दाखमधु में, और अपना पहिरावा दाखों के रस में धोया है।। उसकी आंखे दाखमधु से चमकीली और उसके दांत दूध से श्वेत होंगे।।
- Psalm 20:2 भजन संहिता 20:2वह पवित्रास्थान से तेरी सहायता करे, और सिरयोन से तुझे सम्भाल ले!
- Psalm 21:8 भजन संहिता 21:8तेरा हाथ तेरे सब शत्रुओं को ढूंढ़ निकालेगा, तेरा दहिना हाथ तेरे सब बैरियों का पता लगा लेगा।
- Revelation 19:13–16 प्रकाशितवाक्य 19:13–16और वह लोहू से छिड़का हुआ वस्त्रा पहिने है: और उसका नाम परमेश्वर का वचन है। और स्वर्ग की सेना श्वेत घोड़ों पर सवार और श्वेत और शुद्ध मलमल पहिने हुए उसके पीछे पीछे है। और जाति जाति को मारने के लिये उसके मुंह से एक चोखी तलवार निकलती है, और वह लोहे का राजदण्ड लिए हुए उन पर राज्य करेगा, और वह सर्वशक्तिमान परमेश्वर के भयानक प्रकोप की जलजलाहट की मदिरा के कुंड में दाख रौंदेगा। और उसके वस्त्रा और जांघ पर यह नाम लिखा है, राजाओं का राजा और प्रभुओं का प्रभु।।
- Isaiah 9:17 यशायाह 9:17इस कारण प्रभु न तो इनके जवानों से प्रसन्न होगा, और न इनके अनाथ बालकों और विधवाओं पर दया करेगा; क्योंकि हर एक के मुख से मूर्खता की बातें निकलती हैं। इतने पर भी उसका क्रोध शान्त नहीं हुआ और उसका हाथ अब तक बढ़ा हुआ है।।
- Psalm 146:5 भजन संहिता 146:5क्या ही धन्य वह है, जिसका सहायक याकूब का ईश्वर है, और जिसका भरोसा अपने परमेश्वर यहोवा पर है।
- 1 Corinthians 15:25 1 कुरिन्थियों 15:25क्योंकि जब तक कि वह अपने बैरियों को अपने पांवों तले न ले आए, तब तक उसका राज्य करना अवश्य है।
- Luke 19:27 लूका 19:27परन्तु मेरे उन बैरियों को जो नहीं चाहते थे कि मैं उन पर राज्य करूं, उन को यहां लाकर मेरे सामने घात करो।।
- 2 Samuel 7:9–12 2 शमूएल 7:9–12और जहां कहीं तू आया गया, वहां वहां मैं तेरे संग रहा, और तेरे समस्त शत्रुओं को तेरे साम्हने से नाश किया है; फिर मैं तेरे नाम को पृथ्वी पर के बड़े बड़े लोगों के नामों के समान महान कर दूंगा। और मैं अपनी प्रजा इस्राएल के लिये एक स्थान ठहराऊंगा, और उसको स्थिर करूंगा, कि वह अपने ही स्थान में बसी रहेेगी, और कभी चलायमान न होगी; और कुटिल लोग उसे फिर दु:ख न देने पाएंगे, जैसे कि पहिले दिनों में करते थे, वरन उस समय से भी जब मैं अपनी प्रजा इस्राएल के ऊपर न्यायी ठहराता था; और मैं तुझे तेरे समस्त शत्रुओं से विश्राम दूंगा। और यहोवा तुझे यह भी बताता है कि यहोवा तेरा घर बनाए रखेगा। जब तेरी आयु पूरी हो जाएगी, और तू अपने पुरखाओं के संग सो जाएगा, तब मैं तेरे निज वंश को तेरे पीछे खड़ा करंके उसके राज्य को स्थिर करूंगा।
- Revelation 20:10–15 प्रकाशितवाक्य 20:10–15और उन का भरमानेवाला शैतान आग और गन्धक की उस झाील में, जिस में वह पशु और झूठा भविष्यद्वक्ता भी होगा, डाल दिया जाएगा, और वे रात दिन युगानुयुग पीड़ में तड़पते रहेंगे।। फिर मैं ने एक बड़ा श्वेत सिंहासन और उस को जो उस पर बैठा हुआ है, देखा, जिस के साम्हने से पृथ्वी और आकाश भाग गए, और उन के लिये जगह न मिली। फिर मैं ने छोटे बड़े सब मरे हुओं को सिंहासन के साम्हने खड़े हुए देखा, और पुस्तकें खोली गई; और फिर एक और पुस्तक खोली गईं; और फिर एक और पुस्तक खोली गई, अर्थात् जीवन की पुस्तक; और जैसे उन पुस्तकों में लिखा हुआ था, उन के कामों के अनुसार मरे हुओं का न्याय किया गया। और समुद्र ने उन मरे हुओं को जो उस में थे दे दिया, और मृत्यु और अधोलोक ने उन मरे हुओं को जो उन में थे दे दिया; और उन में से हर एक के कामों के अनुसार उन का न्याय किया गया। और मृत्यु और अधोलोक भी आग की झील में डाले गए; यह आग की झील में डाले गए; यह आग की झील तो दूसरी मृत्यु है। और जिस किसी का नाम जीवन की पुस्तक में लिखा हुआ न मिला, वह आग की झील में डाला गया।।
- Psalm 11:1–7 भजन संहिता 11:1–7मेरा भरोसा परमेश्वर पर है; तुम क्योंकि मेरे प्राण से कहते हो कि पक्षी की नाई अपने पहाड़ पर उड़ जा? क्योंकि देखो, दुष्ट अपना धनुष चढ़ाते हैं, और अपना तीर धनुष की डोरी पर रखते हैं, कि सीधे मनवालों पर अन्धियारे में तीर चलाएं। यदि नेवें ढ़ा दी जाएं तो धर्मी क्या कर सकता है? परमेश्वर अपने पवित्रा भवन में है; परमेश्वर का सिंहासन स्वर्ग में है; उसकी आंखें मनुष्य की सन्तान को नित देखती रहती हैं और उसकी पलकें उनको जांचती हैं। यहोवा धर्मीं को परखता है, परन्तु वह उन से जो दुष्ट हैं और उपद्रव से प्रीति रखते हैं अपनी आत्मा में घृणा करता है। वह दुष्टों पर फन्दे बरसाएगा; आग और गन्धक और प्रचण्ड लूह उनके कटोरों में बांट दी जाएंगी। क्योंकि यहोवा धर्मी है, वह धर्म के ही कामों से प्रसन्न रहता है; धर्मीजन उसका दर्शन पाएंगे।।
- Hebrews 7:14 इब्रानियों 7:14तो प्रगट है, कि हमारा प्रभु यहूदा के गोत्रा में से उदय हुआ है और इस गोत्रा के विषय में मूसा ने याजक पद की कुछ चर्चा नहीं की।