Exodus · chapter 2 · verse 23
Exodus 2:23 in Hindi
बहुत दिनों के बीतने पर मि का राजा मर गया। और इस्राएली कठिन सेवा के कारण लम्बी लम्बी सांस लेकर आहें भरने लगे, और पुकार उठे, और उनकी दोहाई जो कठिन सेवा के कारण हुई वह परमेश्वर तक पहुंची।
Bahut dinom ke beetane par mi kaa raajaa mar gayaa. Aur israaelee kathin sevaa ke kaaran lambee lambee saans lekar aahem bharane lage, aur pukaar uthe, aur unakee dohaaee jo kathin sevaa ke kaaran huee vah parameshvar tak pahunchee.
Exodus 2:23 in English
- King James Version (KJV)
- And it came to pass in process of time, that the king of Egypt died: and the children of Israel sighed by reason of the bondage, and they cried, and their cry came up unto God by reason of the bondage.
- World English Bible (WEB)
- In the course of those many days, the king of Egypt died, and the children of Israel sighed because of the bondage, and they cried, and their cry came up to God because of the bondage.
- American Standard Version (ASV)
- And it came to pass in the course of those many days, that the king of Egypt died: and the children of Israel sighed by reason of the bondage, and they cried, and their cry came up unto God by reason of the bondage.
- Bible in Basic English (BBE)
- Now after a long time the king of Egypt came to his end: and the children of Israel were crying in their grief under the weight of their work, and their cry for help came to the ears of God.
- Darby Translation (DBY)
- And it came to pass during those many days, that the king of Egypt died. And the children of Israel sighed because of the bondage, and cried; and their cry came up to God because of the bondage;
- Webster's Bible (WBS)
- And it came to pass in process of time, that the king of Egypt died: and the children of Israel sighed by reason of the bondage, and they cried; and their cry ascended to God, by reason of the bondage.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And it cometh to pass during these many days, that the king of Egypt dieth, and the sons of Israel sigh because of the service, and cry, and their cry goeth up unto God, because of the service;
Read in context
- 21और मूसा उस पुरूष के साथ रहने को प्रसन्न हुआ; उस ने उसे अपनी बेटी सिप्पोरा को ब्याह दिया।
- 22और उसके एक पुत्रा उत्पन्न हुआ, तब मूसा ने यह कहकर, कि मैं अन्य देश में परदेशी हूं, उसका नाम गेर्शोम रखा।।
- 23बहुत दिनों के बीतने पर मि का राजा मर गया। और इस्राएली कठिन सेवा के कारण लम्बी लम्बी सांस लेकर आहें भरने लगे, और पुकार उठे, और उनकी दोहाई जो कठिन सेवा के कारण हुई वह परमेश्वर तक पहुंची।
- 24और परमेश्वर ने उनका कराहना सुनकर अपनी वाचा को, जो उस ने इब्राहीम, और इसहाक, और याकूब के साथ बान्धी थी, स्मरण किया।
- 25और परमेश्वर ने इस्राएलियों पर दृष्टि करके उन पर चित्त लगाया।।
Cross references
- Genesis 18:20–21 उत्पत्ति 18:20–21क्योंकि मैं जानता हूं, कि वह अपने पुत्रों और परिवार को जो उसके पीछे रह जाएंगे आज्ञा देगा कि वे यहोवा के मार्ग में अटल बने रहें, और धर्म और न्याय करते रहें, इसलिये कि जो कुछ यहोवा ने इब्राहीम के विषय में कहा है उसे पूरा करे। इसलिये मैं उतरकर देखूंगा, कि उसकी जैसी चिल्लाहट मेरे कान तक पहुंची है, उन्हों ने ठीक वैसा ही काम किया है कि नहीं: और न किया हो तो मैं उसे जान लूंगा।
- James 5:4 याकूब 5:4देखो, जिन मजदूरों ने तुम्हारे खेत काटे, उन की वह मजदूरी जो तुम ने धोखा देकर रख ली है चिल्ला रही है, और लवने वालों की दोहाई, सेनाओं के प्रभु के कानों तक पहुंच गई है।
- Exodus 3:7–9 निर्गमन 3:7–9फिर यहोवा ने कहा, मैं ने अपनी प्रजा के लोग जो मि में हैं उनके दु:ख को निश्चय देखा है, और उनकी जो चिल्लाहट परिश्रम करानेवालों के कारण होती है उसको भी मैं ने सुना है, और उनकी पीड़ा पर मैं ने चित्त लगाया है; इसलिये अब मैं उतर आया हूं कि उन्हें मिस्त्रियों के वश से छुड़ाऊं, और उस देश से निकालकर एक अच्छे और बड़े देश में जिस में दूध और मधु की धारा बहती है, अर्थात् कनानी, हित्ती, एमोरी, परिज्जी, हिव्वी, और यबूसी लोगों के स्थान में पहुंचाऊं। सो अब सुन, इस्राएलियों की चिल्लाहट मुझे सुनाई पड़ी है, और मिस्त्रियों का उन पर अन्धेर करना भी मुझे दिखाई पड़ा है,
- Exodus 22:22–27 निर्गमन 22:22–27किसी विधवा वा अनाथ बालक को दु:ख न देना। यदि तुम ऐसों को किसी प्रकार का दु:ख दो, और वे कुछ भी मेरी दोहाई दें, तो मैं निश्चय उनकी दोहाई सुनूंगा; तब मेरा क्रोध भड़केगा, और मैं तुम को तलवार से मरवाऊंगा, और तुम्हारी पत्नियां विधवा और तुम्हारे बालक अनाथ हो जाएंगे।। यदि तू मेरी प्रजा में से किसी दीन को जो तेरे पास रहता हो रूपए का ऋण दे, तो उस से महाजन की नाई ब्याज न लेना। यदि तू कभी अपने भाईबन्धु के वस्त्रा को बन्धक करके रख भी ले, तो सूर्य के अस्त होने तक उसको लौटा देना; क्योंकि वह उसका एक ही ओढ़ना है, उसकी देह का वही अकेला वस्त्रा होगा फिर वह किसे ओढ़कर सोएगा? तोभी जब वह मेरी दोहाई देगा तब मैं उसकी सुनूंगा, क्योंकि मैं तो करूणामय हूं।।
- Acts 7:30 प्रेरितों के काम 7:30जब पूरे चालीस वर्ष बीत गए, तो एक स्वर्ग दूत ने सीनै पहाड़ के जंगल में उसे जलती हुई झाड़ी की ज्वाला में दर्शन दिया।
- Deuteronomy 26:6–7 व्यवस्थाविवरण 26:6–7और मिस्त्रियों ने हम लोगों से बुरा बर्ताव किया, और हमें दु:ख दिया, और हम से कठिन सेवा लीं। परन्तु हम ने अपने पूर्वजों के परमेश्वर यहोवा की दोहाई दी, और यहोवा ने हमारी सुनकर हमारे दुख- श्रम और अन्धेर पर दृष्टि की;
- Genesis 16:11 उत्पत्ति 16:11और यहोवा के दूत ने उस से कहा, देख तू गर्भवती है, और पुत्रा जनेगी, सो उसका नाम इश्माएल रखना; क्योंकि यहोवा ने तेरे दु:ख का हाल सुन लिया है।
- Psalm 12:5 भजन संहिता 12:5दी लोगों के लुट जाने, और दरिद्रों के कराहने के कारण, परमेश्वर कहता है, अब मैं उठूंगा, जिस पर वे फुंकारते हैं उसे मैं चैन विश्राम दूंगा।
- Nehemiah 9:9 नहेमायाह 9:9फिर तू ने मिस्र में हमारे पुरखाओं के दु:ख पर दृष्टि की; और लाल समुद्र के तट पर उनकी दोहाई सुनी।
- Isaiah 19:20 यशायाह 19:20वह मि देश में सेनाओं के यहोवा के लिये चिन्ह और साक्षी ठहरेगा; और जब वे अंधेर करनेवाले के कारण यहोवा की दोहाई देंगे, तब वह उनके पास एक उद्धारकर्ता और रक्षक भेजेगा, और उन्हें मुक्त करेगा।
- Psalm 18:6 भजन संहिता 18:6अपने संकट में मैं ने यहोवा परमेश्वर को पुकारा; मैं ने अपने परमेश्वर को दोहाई दी। और उस ने अपने मन्दिर में से मेरी बातें सुनी। और मेरी दोहाई उसके पास पहुंचकर उसके कानों में पड़ी।।
- Genesis 4:10 उत्पत्ति 4:10उस ने कहा, तू ने क्या किया है? तेरे भाई का लोहू भूमि में से मेरी ओर चिल्लाकर मेरी दोहाई दे रहा है!
Original words (Hebrew)
- process · H1992הֵם hêm
- time · H3117יוֹם yôwm
- king · H4428מֶלֶךְ melek
- Egypt · H4714מִצְרַיִם Mitsrayim
- died · H4191מוּת mûwth
- children · H1121בֵּן bên
- Israel · H3478יִשְׂרָאֵל Yisrâʼêl
- sighed · H584אָנַח ʼânach
- of · H4480מִן min
- bondage · H5656עֲבֹדָה ʻăbôdâh
- cried · H2199זָעַק zâʻaq
- cry · H7775שַׁוְעָה shavʻâh
- up · H5927עָלָה ʻâlâh
- God · H430אֱלֹהִים ʼĕlôhîym
- bondage · H5656עֲבֹדָה ʻăbôdâh