Ezekiel · chapter 20 · verse 28
Ezekiel 20:28 in Hindi
क्योंकि जब मैं ने उनको उस देश में पहुंचाया, जिसके उन्हें देने की शपथ मैं ने उन से खाई थी, तब वे हर एक ऊंचे टीले और हर एक घने वृक्ष पर दृष्टि करके वहीं अपने मेलबलि करने लगे; और वहीं रिस दिलानेवाली अपनी भेंटें चढ़ाने लगे और वहीं अपना सुखदायक सुगन्धद्रव्य जलाने लगे, और वहीं अपने तपावन देने लगे।
Kyonki jab maim ne unako us desh mem pahunchaayaa, jisake unhem dene kee shapath maim ne un se khaaee thee, tab ve har ek oonche teele aur har ek ghane vruksh par drushti karake vaheem apane melabali karane lage; aur vaheem ris dilaanevaalee apanee bhentem chadhaane lage aur vaheem apanaa sukhadaayak sugandhadravy jalaane lage, aur vaheem apane tapaavan dene lage.
Ezekiel 20:28 in English
- King James Version (KJV)
- [For] when I had brought them into the land, [for] the which I lifted up mine hand to give it to them, then they saw every high hill, and all the thick trees, and they offered there their sacrifices, and there they presented the provocation of their offering: there also they made their sweet savour, and poured out there their drink offerings.
- World English Bible (WEB)
- For when I had brought them into the land which I swore to give to them, then they saw every high hill and every thick tree, and they offered there their sacrifices, and there they presented the provocation of their offering. There they also made their pleasant aroma, and there they poured out their drink offerings.
- American Standard Version (ASV)
- For when I had brought them into the land, which I sware to give unto them, then they saw every high hill, and every thick tree, and they offered there their sacrifices, and there they presented the provocation of their offering; there also they made their sweet savor, and they poured out there their drink-offerings.
- Bible in Basic English (BBE)
- For when I had taken them into the land which I made an oath to give to them, then they saw every high hill and every branching tree and made their offerings there, moving me to wrath by their offerings; and there the sweet smell of their offerings went up and their drink offerings were drained out.
- Darby Translation (DBY)
- When I had brought them into the land which I had lifted up my hand to give unto them, then they saw every high hill and all the thick trees, and they offered there their sacrifices, and there they presented the provocation of their offering; and there they placed their sweet savour, and there poured out their drink-offerings.
- Webster's Bible (WBS)
- [For] when I had brought them into the land, [for] which I lifted up my hand to give it to them, then they saw every high hill, and all the thick trees, and they offered there their sacrifices, and there they presented the provocation of their offering: there also they made their sweet savor, and poured out there their drink-offerings.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And I bring them in unto the land, That I did lift up My hand to give to them, And they see every high hill, and every thick tree, And they sacrifice there their sacrifices, And give there the provocation of their offering, And make there their sweet fragrance, And they pour out there their libations.
Read in context
- 26अर्थात् वे अपने सब पहिलौठों को आग में होम करने लगे; इस रीति मैं ने उन्हें उनहीं की भेंटों के द्वारा अशुद्ध किया जिस से उन्हें निर्वश कर डालूं; और तब वे जान लें कि मैं यहोवा हूँ।
- 27हे मनुष्य के सन्तान, तू इस्राएल के घराने से कह, प्रभु यहोवा यों कहता है, तुम्हारे पुरखाओं ने इस में भी मेरी निन्दा की कि उन्हों ने मेरा विश्वासघात किया।
- 28क्योंकि जब मैं ने उनको उस देश में पहुंचाया, जिसके उन्हें देने की शपथ मैं ने उन से खाई थी, तब वे हर एक ऊंचे टीले और हर एक घने वृक्ष पर दृष्टि करके वहीं अपने मेलबलि करने लगे; और वहीं रिस दिलानेवाली अपनी भेंटें चढ़ाने लगे और वहीं अपना सुखदायक सुगन्धद्रव्य जलाने लगे, और वहीं अपने तपावन देने लगे।
- 29तब मैं ने उन से पूछा, जिस ऊंचे स्थान को तुम लोग जाते हो, उस से क्या प्रयोजन है? इसी से उसका नाम आज तक बामा कहलाता है।
- 30इसलिये इस्राएल के घराने से कह, प्रभु यहोवा तुम से यह पूछता है, क्या तुम भी अपने पुरखाओं की रीति पर चलकर अशुद्ध होकर, और उनके घिनौने कामों के अनुसार व्यभिचारिणी की नाई काम करते हो?
Cross references
- Ezekiel 6:13 यहेजकेल 6:13और जब हर एक ऊंची पहाड़ी और पहाड़ों की हर एक चोटी पर, और हर एक हरे पेड़ के नीचे, और हर एक घने बांजवृक्ष की छाया में, जहां जहां वे अपनी सब मूरतों को सुखदायक सुगन्ध द्रव्य चढ़ाते हैं, वहां उनके मारे हुए लोग अपनी वेदियों के आस पास अपनी मूरतों के बीच में पड़े रहेंगे; तब तुम लोग जान लोगे कि मैं यहोवा हूँ।
- Jeremiah 3:6 यिर्मयाह 3:6फिर योशिरयाह राजा के दिनों में यहोवा ने मुझ से यह भी कहा, क्या तू ने देखा कि भटकनेवाली इस्राएल ने क्या किया है? उस ने सब ऊंचे पहाड़ों पर और सब हरे पेड़ों के तले जा जाकर व्यभिचार किया है।
- Isaiah 57:5–7 यशायाह 57:5–7तुम, जो सब हरे वृक्षों के तले देवताओं के कारण कामातुर होते और नालों में और चट्टानों ही दरारों के बीच बाल- बच्चों को वध करते हो? नालों के चिकने पत्थर ही तेरा भाग और अंश ठहरे; तू ने उनके लिये तपावन दिया और अन्नबलि चढ़ाया है। क्या मैं इन बातों से शान्त हो जाऊं? एक बड़े ऊंचे पहाड़ पर तू ने अपना बिछौना छिाया है, वहीं तू बलि चढ़ाने को चढ़ गई।
- Joshua 23:14 यहोशू 23:14सुनो, मैं तो अब सब संसारियों की गति पर जानेवाला हूं, और तुम सब अपने अपने हृदय और मन में जानते हो, कि जितनी भलाई की बातें हमारे परमेश्वर यहोवा ने हमारे विषय में कहीं उन में से एक भी बिना पूरी हुए नहीं रही।
- Nehemiah 9:22–26 नहेमायाह 9:22–26फिर तू ने राज्य राज्य और देश देश के लोगों को उनके वश में कर दिया, और दिशा दिशा में उनको बांट दिया; यों वे हेशबोन के राजा सीहोन और बाशान के राजा ओग दोनों के देशों के अधिकारी हो गए। फिर तू ने उनकी सन्तान को आकाश के तारों के समान बढ़ाकर उन्हें उस देश में पहुंचा दिया, जिसके विषय तू ने उनके पूर्वजों से कहा था; कि वे उस में जाकर उसके अधिकारी हो जाएंगे। सो यह सन्तान जाकर उसकी अधिकारिन हो गई, और तू ने उनके द्वारा देश के निवासी कनानियों को दबाया, और राजाओं और देश के लोगों समेत उनको, उनके हाथ में कर दिया, कि वे उन से जो चाहें सो करें। और उन्हों ने गढ़वाले नगर और उपजाऊ भूमि ले ली, और सब भांति की अच्छी वस्तुओं से भरे हुए घरों के, और खुदे हुए हौदों के, और दाख और जलपाई बारियों के, और खाने के फलवाले बहुत से वृक्षों के अधिकारी हो गए; वे उसे खा खाकर तृप्त हुए, और हृष्ट- पुष्ट हो गए, और तेरी बड़ी भलाई के कारण सुख भोगते रहे। परन्तु वे तुझ से फिरकर बलवा करनेवाले बन गए और तेरी व्यवस्था को त्याग दिया, और तेरे जो नबी तेरी ओर उन्हें फेरने के लिये उनको चिताते रहे उनको उन्हों ने घात किया, और तेरा बहुत तिरस्कार किया।
- Jeremiah 2:7 यिर्मयाह 2:7और मैं तुम को इस उपजाऊ देश में ले आया कि उसका फल और उत्तम उपज खाओ; परन्तु मेरे इस देश में आकर तुम ने इसे अशुठ्ठ किया, और मेरे इस निज भाग को घृणिात कर दिया है।
- Genesis 15:18–21 उत्पत्ति 15:18–21उसी दिन यहोवा ने अब्राम के साथ यह वाचा बान्धी, कि मि के महानद से लेकर परात नाम बड़े नद तक जितना देश है, अर्थात्, केनियों, कनिज्जियों, कद्मोनियों, हित्तियों, परीज्जियों, रपाइयों, एमोरियों, कनानियों, गिर्गाशियों और यबूसियों का देश मैं ने तेरे वंश को दिया है।।
- Ezekiel 20:15 यहेजकेल 20:15फिर मैं ने जंगल में उन से शपथ खाई कि जो देश मैं ने उनको दे दिया, और जो सब देशों का शिरोमणि है, जिस में दूध और मधु की धराएं बहती हैं, उस में उन्हें न पहुंचाऊंगा,
- Genesis 26:3–4 उत्पत्ति 26:3–4तू इसी देश में रह, और मैं तेरे संग रहूंगा, और तुझे आशीष दूंगा; और ये सब देश मैं तुझ को, और तेरे वंश को दूंगा; और जो शपथ मैं ने तेरे पिता इब्राहीम से खाई थी, उसे मैं पूरी करूंगा। और मैं तेरे वंश को आकाश के तारागण के समान करूंगा। और मैं तेरे वंश को ये सब देश दूंगा, और पृथ्वी की सारी जातियां तेरे वंश के कारण अपने को धन्य मानेंगी।
- Ezekiel 16:19 यहेजकेल 16:19और जो भोजन मैं ने तुझे दिया था, अर्थात् जो मैदा, तेल और मधु मैं तुझे खिलाता था, वह सब तु ने उनके साम्हने सुखदायक सुगत्ध करके रखा; प्रभु यहोवा की यही वाणी है कि यों ही हुआ।
- Ezekiel 20:6 यहेजकेल 20:6उसी दिन मैं ने उन से यह भी शपथ खाई, कि मैं तुम को मिस्र देश से निकालकर एक देश में पहुंचाऊंगा, जिसे मैं ने तुम्हारे लिये चुन लिया है; वह सब देशों का शिरोमणि है, और उस में दूध और मधु की धराएं बहती हैं।
- Psalm 105:8–11 भजन संहिता 105:8–11वह अपनी वाचा को सदा स्मरण रखता आया है, यह वही वचन है जो उस ने हजार पीढ़ीयों के लिये ठहराया है; वही वाचा जो उस ने इब्राहीम के साथ बान्धी, और उसके विषय में उस ने इसहाक से शपथ खाई, और उसी को उस ने याकूब के लिये विधि करके, और इस्राएल के लिये यह कहकर सदा की वाचा करके दृढ़ किया, कि मैं कनान देश को तुझी को दूंगा, वह बांट में तुम्हारा निज भाग होगा।।
Original words (Hebrew)
- brought · H935בּוֹא bôwʼ
- land · H776אֶרֶץ ʼerets
- up · H5375נָשָׂא nâsâʼ
- hand · H3027יָד yâd
- give · H5414נָתַן nâthan
- saw · H7200רָאָה râʼâh
- high · H7311רוּם rûwm
- hill · H1389גִּבְעָה gibʻâh
- thick · H5687עָבֹת ʻâbôth
- trees · H6086עֵץ ʻêts
- offered · H2076זָבַח zâbach
- sacrifices · H2077זֶבַח zebach
- presented · H5414נָתַן nâthan
- provocation · H3708כַּעַס kaʻaç
- offering · H7133קׇרְבָּן qorbân
- made · H7760שׂוּם sûwm
- sweet · H5207נִיחוֹחַ nîychôwach
- savour · H7381רֵיחַ rêyach
- out · H5258נָסַךְ nâçak
- offerings · H5262נֶסֶךְ neçek