Ezekiel · chapter 31 · verse 3
Ezekiel 31:3 in Hindi
देख, अश्शूर तो लबानोन का एक देवदार था जिसकी सुन्दर सुन्दर शाखें, घनी छाया देतीं और बड़ी ऊंची थीं, और उसकी फुनगी बादलों तक पहुंचती थी।
Dekh, ashshoor to labaanon kaa ek devadaar thaa jisakee sundar sundar shaakhem, ghanee chhaayaa deteem aur badee oonchee theem, aur usakee phunagee baadalom tak pahunchatee thee.
Ezekiel 31:3 in English
- King James Version (KJV)
- Behold, the Assyrian [was] a cedar in Lebanon with fair branches, and with a shadowing shroud, and of an high stature; and his top was among the thick boughs.
- World English Bible (WEB)
- Behold, the Assyrian was a cedar in Lebanon with beautiful branches, and with a forest-like shade, of high stature; and its top was among the thick boughs.
- American Standard Version (ASV)
- Behold, the Assyrian was a cedar in Lebanon with fair branches, and with a forest-like shade, and of high stature; and its top was among the thick boughs.
- Bible in Basic English (BBE)
- See, a pine-tree with beautiful branches and thick growth, giving shade and very tall; and its top was among the clouds.
- Darby Translation (DBY)
- Behold, Assyria was a cedar in Lebanon, with fair branches and a shadowing shroud, and of a high stature: and his top was amidst the thick boughs.
- Webster's Bible (WBS)
- Behold, the Assyrian [was] a cedar in Lebanon with fair branches, and with a shady cover, and of a high stature; and his top was among the thick boughs.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Lo, Asshur, a cedar in Lebanon, Fair in branch, and shading bough, and high in stature, And between thickets hath its foliage been.
Read in context
- 1ग्यारहवें वर्ष के तीसरे महीने के पहिले दिन को यहोवा का यह वचन मेरे पास पहुंचा,
- 2हे मनुष्य के सन्तान, मिस्र के राजा फिरौन और उसकी भीड़ से कह, अपनी बड़ाई में तू िकिस के समान है।
- 3देख, अश्शूर तो लबानोन का एक देवदार था जिसकी सुन्दर सुन्दर शाखें, घनी छाया देतीं और बड़ी ऊंची थीं, और उसकी फुनगी बादलों तक पहुंचती थी।
- 4जल ने उसे बढ़ाया, उस गहिरे जल के कारण वह ऊंचा हुआ, जिस से नदियां उसके स्थान के चारों ओर बहती थीं, और उसकी नालियां निकलकर मैदान के सारे वृक्षों के पास पहुंचती थीं।
- 5इस कारण उसकी ऊंचाई मैदान के सब वृक्षों से अधिक हुई; उसकी टहनियां बहुत हुई, और उसकी शाखाएं लम्बी हो गई, क्योंकि जब वे निकलीं, तब उनको बहुत जल मिला।
Cross references
- Isaiah 10:33–34 यशायाह 10:33–34देखो, प्रभु सेनाओं का यहोवा पेड़ों को भयानक रूप से छांट डालेगा; ऊँचे ऊँचे वृक्ष काटे जाएंगे, और जो ऊँचे हैं सो नीचे किए जाएंगे। वह घने वन को लोहे से काट डालेगा और लबानोन एक प्रतापी के हाथ से नाश किया जाएगा।।
- Daniel 4:20–23 दानिय्येल 4:20–23जिस वृक्ष हो तू ने देखा, जो बड़ा और दृढ़ हो गया, और जिसकी ऊंचाई स्वर्ग तक पहुंची और जो पृथ्वी के सिरे तक दिखाई देता था; जिसके पत्ते सुन्दर और फल बहुत थे, और जिस में सभों के लिये भोजन था; जिसके नीचे मैदान के सब पशु रहते थे, और जिसकी डालियों में आकाश की चिड़ियां बसेरा करती थीं, हे राजा, वह तू ही है। तू महान और सामर्थी हो गया, तेरी महिमा बढ़ी और स्वर्ग तक पहुंच गई, और तेरी प्रभुता पृथ्वी की छोर तक फैली है। और हे राजा, तू ने जो एक पवित्रा पहिरूए को स्वर्ग से उतरते और यह कहते देखा कि वृक्ष को काट डालो और उसका नाश करो, तौभी उसके ठूंठ को जड़ समेत भूमि में छोड़ो, और उसको लोहे और पीतल के बन्धन से बान्धकर मैदान की हरी घास के बीच में रहने दो; वह आकाश की ओस से भीगा करे, और उसको मैदान के पशुओं के संग ही भाग मिले; और जब तक सात युग उस पर बीत न चुकें, तब तक उसकी ऐसी ही दशा रहे।
- Daniel 4:10 दानिय्येल 4:10जो दर्शन मैं ने पलंग पर पाया वह यह है: मैं ने देखा, कि पृथ्वी के बीचोबीच एक वृक्ष लगा है; उसकी ऊंचाई बहुत बड़ी है।
- Judges 9:15 न्यायियों 9:15झड़बेरी ने उन वृक्षों से कहा, यदि तुम अपने ऊपर राजा होने को मेरा अभिषेक सच्चाई से करते हो, तो आकर मेरी छांह में शरण लो; और नहीं तो, झड़बेरी से आग निकलेगी जिस से लबानोन के देवदारू भी भस्म हो जाएंगे।
- Ezekiel 17:22 यहेजकेल 17:22फिर प्रभु यहोवा यों कहता है, मैं भी देवदार की ऊंची फुनगी में से कुछ लेकर लगाऊंगा, और उसकी सब से ऊपरवाली कनखाओं में से एक कोमल कनखा तोड़कर एक अति ऊंचे पर्वत पर लगाऊंगा।
- Ezekiel 17:3–4 यहेजकेल 17:3–4एक लम्बे पंखवाले, परों से भरे और रडंगे बिरडंगे बडे उकाब पक्षी ने लबानोन जाकर एक देवदार की फुनगी नोच ली। तब उस ने उस फुनगी की सब से ऊपर की पतली टहनी को तोड़ लिया, और उसे लेन देन करनेवालों के देश में ले जाकर व्योपारियों के एक नगर में लगाया।
- Ezekiel 31:6 यहेजकेल 31:6उसकी टहनियों में आकाश के सब प्रकार के पक्षी बसेरा करते थे, और उसकी शाखाओं के नीचे मैदान के सब भांति के जीवजन्तु जन्मते थे; और उसकी छाया में सब बड़ी जातियां रहती थीं।
- Isaiah 37:24 यशायाह 37:24अपने कर्मचारियों के द्वारा तू ने प्रभु की निन्दा करके कहा है कि बहुत से रथ लेकर मैं पर्वतों की चोटियों पर वरन लबानोन के बीच तक चढ़ आया हूं; मैं उसके ऊंचे ऊंचे देवदारों और अच्छे अच्छे सनौबरों को काट डालूंगा और उसके दूर दूर के ऊंचे स्थानों में और उसके वन की फलदाई बारियों में प्रवेश करूंगा।
- Nahum 3:1–19 नहूम 3:1–19हाय उस हत्यारी नगरी पर, वह तो छल और लूट के धन से भरी हुई है; लूट कम नहीं होती है। कोड़ो की फटकार और पहियों की घड़घड़ाहट हो रही है; घोड़े कूदते- फांदते और रथ उछलते चलते हैं। सवार चढ़ाई करते, तलवारें और भाले बिजली की नाईं चमकते हैं, मारे हुओं की बहुतायत और लोथों का बड़ा ढेर है; मुर्दों की कुछ गिनती नहीं, लोग मुर्दों से ठोकर खा खाकर चलते हैं! यह सब उस अति सुन्दर वेश्या, और निपुण टोनहिन के छिनाले के द्वारा जाति- जाति के लोगों को, और टोने के द्वारा कुल- कुल के लोगों को बेच डालती है।। सेनाओं के यहोवा की यह वाणी है, मैं तेरे विरूद्ध हूं, और तेरे वस्त्रा को उठाकर, तुझे जाति- जाति के साम्हने नंगी और राज्य- राज्य के साम्हने नीचा दिखाऊंगा। मैं तुझ पर घिनौनी वस्तुएं फेंककर तुझे तुच्छ कर दूंगा, और सब से तेरी हंसी कराऊंगा। और जितने तुझे देखेंगे, सब तेरे पास से भागकर कहेंगे, नीनवे नाश हो गई; कौन उसके कारण विलाप करे? हम उसके लिये शान्ति देनेवाला कहां से ढूंढ़कर ले आएं? क्या तू अमोन नगरी से बढ़कर है, जो नहरों के बीच बसी थी, और उसके लिये किला और शहरपनाह का काम देता था? कूश और मिद्दी उसको अनगिनित बल देते थे, पूत और लूबी तेरे सहायक थे।। तौभी उसको बंधुवाई में ले गए, और उसके नन्हें बच्चे सड़कों के सिरे पर पटक दिए गए; और उसके प्रतिष्ठित पुरूषों के लिये उन्हों ने चिट्ठी डाली, और उसके सब रईस बेड़ियों से जकड़े गए। तू भी मतवाली होगी, तू घबरा जाएगी; तू भी शत्रु के डर के मारे शरण का स्थान ढूंढेगी। तेरे सब गढ़ ऐसे अंजीर के वृक्षों के समान होंगे जिन में पहिले पक्के अंजीर लगे हों, यदि वे हिलाए जाएं तो फल खानेवाले के मुंह में गिरेंगे। देख, तेरे लोग जो तेरे बीच में हैं, वे स्त्रियां बन गये हैं। तेरे देश में प्रवेश करने के मार्ग तेरे शत्रुओं के लिये बिलकुल खुले पड़े हैं; और रूकावट की छड़ें आग के कौर हो गई हैं।। घिर जाने के दिनों के लिये पानी भर ले, और गढ़ों को अधिक दृढ़ कर; कीचड ले आकर गारा लताड़, और भट्ठे को सजा! वहां तू आग में भस्म होगी, और तलवार से तू नाश हो जाएगी। वह येलेक नाम टिड्डी की नाईं तुझे निगल जाएगी।। यद्यपि तू अर्बे नाम टिड्डी के समान अनगिनित भी हो जाए! तेरे व्योपारी आकाश के तारागण से भी अधिक अनगिनित हुए। टिड्डी चट करके उड़ जाती है। तेरे मुकुटधारी लोग टिडि्डयों के समान, और सेनापति टिडि्डयों के दलों सरीखे ठहरेंगे जो जाड़े के दिन में बाड़ों पर टिकते हैं, परन्तु जब सूर्य दिखाई देता है तब भाग जाते हैं; और कोई नहीं जानता कि वे कहां गए।। हे अश्शूर के राजा, तेरे ठहराए हुए चरवाहे ऊंघते हैं; तेरे शूरवीर भारी नींद में पड़ गए हैं। तेरी प्रजा पहाड़ों पर तितर- बितर हो गई है, और कोई उनको फिर इकट्ठे नहीं करता। तेरा घाव न भर सकेगा, तेरा रोग असाध्य है। जितने तेरा समाचार सुनेंगे, वे तेरे ऊपर ताली बजाएंगे। क्योंकि ऐसा कौन है जिस पर तेरी लगातार दुष्टता का प्रभाव न पड़ा हो?
- Ezekiel 31:16 यहेजकेल 31:16जब मैं ने उसको कबर में गड़े हुओं के पास अधोलोक में फेंक दिया, तब उसके गिरने के शब्द से जाति जाति थरथरा गई, और एदेन के सब वृक्ष अर्थात् लबानोन के उत्तम उत्तम वृक्षों ने, जितने उस से जल पाते हैं, उन सभों ने अधोलोक में शान्ति पाई।
- Zephaniah 2:13 सपन्याह 2:13वह अपना हाथ उत्तर दिशा की ओर बढ़ाकर अश्शूर को नाश करेगा, और नीनवे को उजाड़ कर जंगल के समान निर्जल कर देगा।
- Daniel 4:12 दानिय्येल 4:12उसके पत्ते सुन्दर, और उस में बहुत फल थे, यहां तक कि उस में सभों के लिये भोजन था। उसके नीचे मैदान के सब पशुओं को छाया मिलती थी, और उसकी डालियों में आकाश की सब चिड़ियां बसेरा करता थीं, और सब प्राणी उस से आहार पाते थे।।
Original words (Hebrew)
- Assyrian · H804אַשּׁוּר ʼAshshûwr
- cedar · H730אֶרֶז ʼerez
- Lebanon · H3844לְבָנוֹן Lᵉbânôwn
- fair · H3303יָפֶה yâpheh
- branches · H6057עָנָף ʻânâph
- shadowing · H6751צָלַל tsâlal
- shroud · H2793חֹרֶשׁ chôresh
- high · H1362גָּבָהּ gâbâhh
- stature · H6967קוֹמָה qôwmâh
- top · H6788צַמֶּרֶת tsammereth
- boughs · H5688עֲבֹת ʻăbôth