Zephaniah · chapter 2 · verse 13
Zephaniah 2:13 in Hindi
वह अपना हाथ उत्तर दिशा की ओर बढ़ाकर अश्शूर को नाश करेगा, और नीनवे को उजाड़ कर जंगल के समान निर्जल कर देगा।
Vah apanaa haath uttar dishaa kee or badhaakar ashshoor ko naash karegaa, aur neenave ko ujaad kar jangal ke samaan nirjal kar degaa.
Zephaniah 2:13 in English
- King James Version (KJV)
- And he will stretch out his hand against the north, and destroy Assyria; and will make Nineveh a desolation, [and] dry like a wilderness.
- World English Bible (WEB)
- He will stretch out his hand against the north, destroy Assyria, and will make Nineveh a desolation, as dry as the wilderness.
- American Standard Version (ASV)
- And he will stretch out his hand against the north, and destroy Assyria, and will make Nineveh a desolation, and dry like the wilderness.
- Bible in Basic English (BBE)
- And his hand will be stretched out against the north, for the destruction of Assyria; and he will make Nineveh unpeopled and dry like the waste land.
- Darby Translation (DBY)
- And he will stretch out his hand against the north, and destroy Assyria; and will make Nineveh a desolation, a place of drought like the wilderness.
- Webster's Bible (WBS)
- And he will stretch out his hand against the north, and destroy Assyria; and will make Nineveh a desolation, [and] dry like a wilderness.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And He stretcheth His hand against the north, And doth destroy Asshur, And he setteth Nineveh for a desolation, A dry land like a wilderness.
Read in context
- 11यहोवा उनको डरावना दिखाई देगा, वह पृथ्वी भर के देवताओं को भूखों मार डालेगा, और अन्यजातियों के सब द्वीपों के निवासी अपने अपने स्थान से उसको दण्डवत् करेंगे।।
- 12हे कूशियों, तुम भी मेरी तलवार से मारे जाओगे।
- 13वह अपना हाथ उत्तर दिशा की ओर बढ़ाकर अश्शूर को नाश करेगा, और नीनवे को उजाड़ कर जंगल के समान निर्जल कर देगा।
- 14उसके बीच में सब जाति के वनपशु झुंड के झुंड बैठेंगे; उसके खम्भों की कंगनियों पर धनेश और साही दोनों रात को बसेरा करेंगे और उसकी खिड़कियों में बोला करेंगे; उसकी डेवढ़ियां सूनी पड़ी रहेंगी, और देवदार की लकड़ी उघारी जाएगी।
- 15यह वही नगरी है, जो मगन रहती और निडर बैठी रहती थी, औश्र सोचती थी कि मैं ही हूं, और मुझे छोड़ कोई है ही नहीं। परन्तु अब यह उजाड़ और वनपशुओं के बैठने का स्थान बन गया है, यहां तक कि जो कोई इसके पास होकर चले, वह ताली बजाएगा और हाथ हिलाएगा।
Cross references
- Nahum 3:7 नहूम 3:7और जितने तुझे देखेंगे, सब तेरे पास से भागकर कहेंगे, नीनवे नाश हो गई; कौन उसके कारण विलाप करे? हम उसके लिये शान्ति देनेवाला कहां से ढूंढ़कर ले आएं?
- Nahum 1:1 नहूम 1:1नीनवे के विषय में भारी वचन। एल्कोशी नहूम के दर्शन की पुस्तक।।
- Isaiah 10:12 यशायाह 10:12इस कारण जब प्रभु सिरयोन पर्वत पर और यरूशलेम में अपना सब काम का चुकेगा, तब मैं अश्शूर के राजा के गर्व की बातों का, और उसकी घमण्ड भरी आंखों का पलटा दूंगा।
- Nahum 3:18–19 नहूम 3:18–19हे अश्शूर के राजा, तेरे ठहराए हुए चरवाहे ऊंघते हैं; तेरे शूरवीर भारी नींद में पड़ गए हैं। तेरी प्रजा पहाड़ों पर तितर- बितर हो गई है, और कोई उनको फिर इकट्ठे नहीं करता। तेरा घाव न भर सकेगा, तेरा रोग असाध्य है। जितने तेरा समाचार सुनेंगे, वे तेरे ऊपर ताली बजाएंगे। क्योंकि ऐसा कौन है जिस पर तेरी लगातार दुष्टता का प्रभाव न पड़ा हो?
- Isaiah 10:16 यशायाह 10:16इस कारण प्रभु अर्थात् सेनाओं का प्रभु उस राजा के हृष्टपुष्ट योद्धाओं को दुबला कर देगा, और उसके ऐश्वर्य के नीचे आग की सी जलन होगी।
- Micah 5:6 मीका 5:6और वे अश्शूर के देश को वरन पैठाव के स्थानों तक निम्रोद के देश केा तलवार चलाकर मार लेंगे; और जब अश्शूरी लोग हमारे देश में आएं, और उसके सिवाने के भीतर पांव धरें, तब वही पुरूष हम को उन से बचाएगा।
- Nahum 3:15 नहूम 3:15वहां तू आग में भस्म होगी, और तलवार से तू नाश हो जाएगी। वह येलेक नाम टिड्डी की नाईं तुझे निगल जाएगी।। यद्यपि तू अर्बे नाम टिड्डी के समान अनगिनित भी हो जाए!
- Zechariah 10:10–11 जकर्याह 10:10–11मैं उनहें मि देश से लौटा लाऊंगा, और अश्शूर से इकट्ठा करूंगा, और गिलाद और लबानोन के देशों में ले आकर इतना बढ़ाऊंगा कि वहां उनकी समाई न होगी। वह उस कष्टदाई समुद्र में से होकर उसकी लहरें दबाता हुआ जाएगा और नील नदी का सब गहिरा जल सूख जाएगा। और अश्शूर का घमण्ड तोड़ा जाएगा और मि का राजदण्ड जाता रहेगा।
- Ezekiel 31:3–18 यहेजकेल 31:3–18देख, अश्शूर तो लबानोन का एक देवदार था जिसकी सुन्दर सुन्दर शाखें, घनी छाया देतीं और बड़ी ऊंची थीं, और उसकी फुनगी बादलों तक पहुंचती थी। जल ने उसे बढ़ाया, उस गहिरे जल के कारण वह ऊंचा हुआ, जिस से नदियां उसके स्थान के चारों ओर बहती थीं, और उसकी नालियां निकलकर मैदान के सारे वृक्षों के पास पहुंचती थीं। इस कारण उसकी ऊंचाई मैदान के सब वृक्षों से अधिक हुई; उसकी टहनियां बहुत हुई, और उसकी शाखाएं लम्बी हो गई, क्योंकि जब वे निकलीं, तब उनको बहुत जल मिला। उसकी टहनियों में आकाश के सब प्रकार के पक्षी बसेरा करते थे, और उसकी शाखाओं के नीचे मैदान के सब भांति के जीवजन्तु जन्मते थे; और उसकी छाया में सब बड़ी जातियां रहती थीं। वह अपनी बड़ाई और अपनी डालियों की लम्बाई के कारण सुन्दर हुआ; क्योंकि उसकी जड़ बहुत जल के निकट थी। परमेश्वर की बारी के देवदार भी उसको न छिपा सकते थे, सनौबर उसकी टहनियों के समान भी न थे, और न अम न वृक्ष उसकी शाखाओं के तुल्य थे; परमेश्वर की बारी का भी कोई वृक्ष सुन्दरता में उसके बराबर न था। मैं ने उसे डालियों की बहुतायत से सुन्दर बनाया था, यहां तक कि एदेन के सब वृक्ष जो परमेश्वर की बारी में थे, उस से डाह करते थे। इस कारण परमेश्वर यहोवा ने यों कहा है, उसकी ऊंचाई जो बढ़ गई, और उसकी फुनगी जो बादलों तक पहुंची है, और अपनी ऊंचाई के कारण उसका मन जो फूल उठा है, इसलिये जातियों में जो सामथ है, मैं उसी के हाथ उसको कर दूंगा, और वह निश्चय उस से बुरा व्यवहार करेगा। उसकी दुष्टता के कारण मैं ने उसको निकाल दिया है। परदेशी, जो जातियों में भयानक लोग हैं, वे उसको काटकर छोड़ देंगे, उसकी डालियां पहाड़ों पर, और सब तराइयों में गिराई जाएंगी, और उसकी शाखाएं देश के सब नालों में टूटी पड़ी रहेंगी, और जाति जाति के सब लोग उसकी छाया को छोड़कर चले जाएंगे। उस गिरे हुए वृक्ष पर आकाश के सब पक्षी बसेरा करते हैं, और उसकी शाखाओं के ऊपर मैदान के सब जीवजन्तु चढ़ने पाते हैं। यह इसलिये हुआ है कि जल के पास के सब वृक्षों में से कोई अपनी ऊंचाई न बढ़ाए, न अपनी फुनगी को बादलों तक पहुंचाए, और उन में से जितने जल पाकर दृढ़ हो गए हैं वे ऊंचे होने के कारण सिर न उठाएं; क्योंकि वे भी सब के सब कबर में गड़े हुए मनुष्यों के समान मृत्यु के वश करके अधोलोक में डाल दिए जाएंगे। परमेश्वर यहोवा यों कहता है, जिस दिन वह अधोलोक में उतर गया, उस दिन मैं ने विलाप कराया और गहिरे समुद्र को ढांप दिया, और नदियों का बहुत जल रूक गया; और उसके कारण मैं ने लबानोन पर उदासी छा दी, और मैदान के सब वृक्ष मूर्छित हुए। जब मैं ने उसको कबर में गड़े हुओं के पास अधोलोक में फेंक दिया, तब उसके गिरने के शब्द से जाति जाति थरथरा गई, और एदेन के सब वृक्ष अर्थात् लबानोन के उत्तम उत्तम वृक्षों ने, जितने उस से जल पाते हैं, उन सभों ने अधोलोक में शान्ति पाई। वे भी उसके संग तलवार से मारे हुओं के पास अधोलोक में उतर गए; अर्थात् वे जो उसकी भुजा थे, और जाति जाति के बीच उसकी छाया में रहते थे। सो महिमा और बड़ाई के विषय में एदेन के वृक्षों में से तू किस के समान है? तू तो एदेन के और वृक्षों के साथ अधोलोक में उतारा जाएगा, और खतनाहीन लोगों के बीच तलवार से मारे हुओं के संग पड़ा रहेगा। फिरौन अपनी सारी भेड़- भाड़ समेत यों ही होगा, परमेश्वर यहोवा की यही वाणी है।
- Nahum 2:10–11 नहूम 2:10–11वह खाली, छूछीं और सूनी हो गई है! मन कच्चा हो गया, और पांव कांपते हैं; और उन सभों कि कटियों में बड़ी पीड़ा उठी, और सभों के मुख का रंग उड़ गया है! सिंहों की वह मांद, और जवान सिंह के आखेट का वह स्थान कहां रहा जिस में सिंह और सिंहनी अपने बच्चों समेत बेखटके फिरते थे?
- Isaiah 11:11 यशायाह 11:11उस समय प्रभु अपना हाथ दूसरी बार बढ़ाकर बचे हुओं को, जो उसकी प्रजा के रह गए हैं, अश्शूर से, मि से, पत्रोस से, कूश से, एलाम से, शिनार से, हमात से, और समुद्र के द्वीपों से मोल लेकर छुड़ाएगा।
- Psalm 83:8–9 भजन संहिता 83:8–9इनके संग अश्शूरी भी मिल गए हैं; उन से भी लोतवंशियों को सहारा मिला है। इन से ऐसा कर जैसा मिद्यानियों से, और कीशोन नाले में सीसरा और याबीन से किया था, जो एन्दोर में नाश हुए,