Ezekiel · chapter 9 · verse 4
Ezekiel 9:4 in Hindi
और यहोवा ने उस से कहा, इस यरूशलेम नगर के भीतर इधर उधर जाकर जितने मनुष्य उन सब घृणित कामों के कारण जो उस में किए जाते हैं, सांसें भरते और दु:ख के मारे चिल्लाते हैं, उनके माथों पर चिन्ह कर दे।
Aur yahovaa ne us se kahaa, is yarooshalem nagar ke bheetar idhar udhar jaakar jitane manushy un sab ghrunit kaamom ke kaaran jo us mem kie jaate haim, saansem bharate aur du:kh ke maare chillaate haim, unake maathom par chinh kar de.
Ezekiel 9:4 in English
- King James Version (KJV)
- And the LORD said unto him, Go through the midst of the city, through the midst of Jerusalem, and set a mark upon the foreheads of the men that sigh and that cry for all the abominations that be done in the midst thereof.
- World English Bible (WEB)
- The LORD said to him, “Go through the middle of the city, through the middle of Jerusalem, and set a mark on the foreheads of the men that sigh and that cry over all the abominations that are done within it.”
- American Standard Version (ASV)
- And Jehovah said unto him, Go through the midst of the city, through the midst of Jerusalem, and set a mark upon the foreheads of the men that sigh and that cry over all the abominations that are done in the midst thereof.
- Bible in Basic English (BBE)
- The Lord said to him, Go through the town, through the middle of Jerusalem, and put a mark on the brows of the men who are sorrowing and crying for all the disgusting things which are done in it.
- Darby Translation (DBY)
- and Jehovah said unto him, Go through the midst of the city, through the midst of Jerusalem, and set a mark upon the foreheads of the men that sigh and that cry for all the abominations that are done in the midst thereof.
- Webster's Bible (WBS)
- And the LORD said to him, Go through the midst of the city, through the midst of Jerusalem, and set a mark upon the foreheads of the men that sigh and that cry for all the abominations that are done in the midst of it.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And He calleth unto the man who is clothed with linen, who hath the scribe's inkhorn at his loins, and Jehovah saith unto him, 'Pass on into the midst of the city, into the midst of Jerusalem, and thou hast made a mark on the foreheads of the men who are sighing and who are groaning for all the abominations that are done in its midst.'
Read in context
- 2इस पर छेपुरूष, उत्तर की ओर ऊपरी फाटक के मार्ग से अपने अपने हाथ में घात करने का हथियार लिए हुए आए; और उनके बीच सन का वस्त्रा पहिने, कमर में लिखने की दवात बान्धे हुए एक और पुरूष था; और वे सब भवन के भीतर जाकर पीतल की वेदी के पास खड़े हुए।
- 3और इस्राएल के परमेश्वर का तेज करूबों पर से, जिनके ऊपर वह रहा करता था, भवन की डेवढ़ी पर उठ आया था; और उस ने उस सन के वस्त्रा पहिने हुए पुरूष को जो कमर में दवात बान्धे हुए था, पुकारा।
- 4और यहोवा ने उस से कहा, इस यरूशलेम नगर के भीतर इधर उधर जाकर जितने मनुष्य उन सब घृणित कामों के कारण जो उस में किए जाते हैं, सांसें भरते और दु:ख के मारे चिल्लाते हैं, उनके माथों पर चिन्ह कर दे।
- 5तब उस ने मेरे सुनते हुए दूसरों से कहा, नगर में उनके पीछे पीछे चलकर मारते जाओ; किसी पर दया न करना और न कोमलता से काम करना।
- 6बूढ़े, युवा, कुंवारी, बालबच्चे, स्त्रियां, सब को मारकर नाश करो, परन्तु जिस किसी मनुष्य के माथे पर वह चिन्ह हो, उसके निकट न जाना। और मेरे पवित्रास्थान ही से आरम्भ करो। और उन्हों ने उन पुरनियों से आरम्भ किया जो भवन के साम्हने थे।
Cross references
- Revelation 9:4 प्रकाशितवाक्य 9:4और उन से कहा गया, कि न पृथ्वी की घास को, न किसी हरियाली को, न किसी पेड़ को हानि पहुंचाओ, केवल उन मनुष्यों को जिन के माथे पर परमेश्वर की मुहर नहीं है।
- 2 Corinthians 1:22 2 कुरिन्थियों 1:22जिस ने हम पर छाप भी कर दी है और बयान में आत्मा को हमारे मनों में दिया।।
- Revelation 14:1 प्रकाशितवाक्य 14:1फिर मैं ने दृष्टि की, और देखो, वह मेम्ना सिरयोन पहाड़ पर खड़ा है, और उसके साथ एक लाख चौआलीस हजार जन हैं, जिन के माथे पर उसका और उसके पिता का नाम लिखा हुआ है।
- Revelation 7:2–3 प्रकाशितवाक्य 7:2–3फिर मैं ने एक और स्वर्गदूत को जीवते परमेश्वर की मुहर लिए हुए पूरब से ऊपर की ओर आते देखा; उस ने उन चारों स्वर्गदूतों से जिन्हें पृथ्वी और समुद्र की हानि करने का अधिकार दिया गया था, ऊंचे शब्द से पुकारकर कहा। जब तक हम अपने परमेश्वर के दासों के माथे पर मुहर न लगा दें, तब तक पृथ्वी और समुद्र और पेड़ों को हानि न पहुंचाना।
- Revelation 20:4 प्रकाशितवाक्य 20:4फिर मैं ने सिंहासन देखे, और उन पर लोग बैठ गए, और उन को न्याय करने का अधिकार दिया गया; और उन की आत्माओं को भी देखा, जिन के सिर यीशु की गवाही देने और परमेश्वर के वचन के कारण काटे गए थे; और जिन्हों ने न उस पशु की, और न उस की मूरत की पूजा की थी, और न उस की छाप अपने माथे और हाथों पर ली थी; वे जीवित होकर मसीह के साथ हजार वर्ष तक राज्य करते रहे।
- 2 Timothy 2:19 2 तीमुथियुस 2:19तौभी परमेश्वर की पक्की नेव बनी रहती है, और उस पर यह छाप लगी है, कि प्रभु अपनों को पहिचानता है; और जो कोई प्रभु का नाम लेता है, वह अधर्म से बचा रहे।
- Ephesians 4:30 इफिसियों 4:30और परमेश्वर के पवित्रा आत्मा को शोकित मत करो, जिस से तुम पर छुटकारे के दिन के लिये छाप दी गई है।
- Psalm 119:136 भजन संहिता 119:136मेरी आंखों से जल की धारा बहती रहती है, क्योंकि लोग तेरी व्यवस्था को नहीं मानते।।
- Jeremiah 13:17 यिर्मयाह 13:17और यदि तुम इसे न सुनो, तो मैं अकेले में तुम्हारे गर्व के कारण रोऊंगा, और मेरी आंखों से आंसुओं की धारा बहती रहेगी, क्योंकि यहोवा की भेड़ें बंधुआ कर ली गई हैं।
- Exodus 12:7 निर्गमन 12:7तब वे उसके लोहू में से कुछ लेकर जिन घरों में मेम्ने को खाएंगे उनके द्वार के दोनों अलंगों और चौखट के सिरे पर लगाएं।
- Exodus 12:13 निर्गमन 12:13और जिन घरों में तुम रहोगे उन पर वह लोहू तुम्हारे निमित्त चिन्ह ठहरेगा; अर्थात् मैं उस लोहू को देखकर तुम को छोड़ जाऊंगा, और जब मैं मि देश के लोगों को मारूंगा, तब वह विपत्ति तुम पर न पड़ेगी और तुम नाश न होगे।
- Psalm 119:53 भजन संहिता 119:53जो दुष्ट तेरी व्यवस्था को छोड़े हुए हैं, उनके कारण मैं सन्ताप से जलता हूं।
Original words (Hebrew)
- said · H559אָמַר ʼâmar
- through · H5674עָבַר ʻâbar
- midst · H8432תָּוֶךְ tâvek
- city · H5892עִיר ʻîyr
- midst · H8432תָּוֶךְ tâvek
- Jerusalem · H3389יְרוּשָׁלַ͏ִם Yᵉrûwshâlaim
- set · H8427תָּוָה tâvâh
- mark · H8420תָּו tâv
- foreheads · H4696מֵצַח mêtsach
- men · H582אֱנוֹשׁ ʼĕnôwsh
- sigh · H584אָנַח ʼânach
- cry · H602אָנַק ʼânaq
- abominations · H8441תּוֹעֵבַה tôwʻêbah
- done · H6213עָשָׂה ʻâsâh
- midst · H8432תָּוֶךְ tâvek