Jeremiah · chapter 50 · verse 11
Jeremiah 50:11 in Hindi
हे मेरे भाग के लूटनेवालो, तुम जो मेरी प्रजा पर आनन्द करते और हुलसते हो, और घास चरनेवाली बछिया की नाई उछलते और बलवन्त घोड़ों के समान हिनहिनाते हो,
He mere bhaag ke lootanevaalo, tum jo meree prajaa par aanand karate aur hulasate ho, aur ghaas charanevaalee bachhiyaa kee naaee uchhalate aur balavant ghodom ke samaan hinahinaate ho,
Jeremiah 50:11 in English
- King James Version (KJV)
- Because ye were glad, because ye rejoiced, O ye destroyers of mine heritage, because ye are grown fat as the heifer at grass, and bellow as bulls;
- World English Bible (WEB)
- “Because you are glad, because you rejoice, O you who plunder my heritage, because you are wanton as a heifer that treads out the grain, and neigh as strong horses,
- American Standard Version (ASV)
- Because ye are glad, because ye rejoice, O ye that plunder my heritage, because ye are wanton as a heifer that treadeth out [the grain], and neigh as strong horses;
- Bible in Basic English (BBE)
- Because you are glad, because you are lifted up with pride, you wasters of my heritage, because you are playing like a young cow put out to grass, and you make a noise like strong horses;
- Darby Translation (DBY)
- For ye rejoiced, for ye triumphed, ye plunderers of my heritage; for ye have been wanton as the heifer at grass, and neighed as steeds.
- Webster's Bible (WBS)
- Because ye were glad, because ye rejoiced, O ye destroyers of my heritage, because ye are grown fat as the heifer at grass, and bellow as bulls;
- Young's Literal Translation (YLT)
- Because thou rejoicest, because thou exultest, O spoilers of Mine inheritance, Because thou increasest as a heifer [at] the tender grass, And dost cry aloud as bulls,
Read in context
- 9क्योंकि देखो, मैं उत्तर के देश से बड़ी जातियों को उभारकर उनकी मण्डली बाबुल पर चढ़ा ले आऊंगा, और वे उसके विरूद्व पांति बान्धेंगे; और उसी दिशा से वह ले लिया जाएगा। उनके तीर चतुर वीर के से होंगे; उन में से कोई अकारथ न जाएगा।
- 10और कसदियों का देश ऐसा लुटेगा कि सब लूटनेवालों का पेट भर जाएगा, यहोवा की यह वाणी है।
- 11हे मेरे भाग के लूटनेवालो, तुम जो मेरी प्रजा पर आनन्द करते और हुलसते हो, और घास चरनेवाली बछिया की नाई उछलते और बलवन्त घोड़ों के समान हिनहिनाते हो,
- 12तुम्हारी माता अत्यन्त लज्जित होगी और तुम्हारी जननी का मुंह काला होगा। क्योंकि वह सब जातियों में नीच होगी, वह जंगल और मरू और निर्जल देश हो जाएगी।
- 13यहोवा के क्रोध के कारण, वह देश निर्जन रहेगा, वह उजाड़ ही उजाड़ होगा; जो कोई बाबुल के पास से चलेगा वह चकित होगा, और उसके सब दु:ख देखकर ताली बजाएगा।
Cross references
- Isaiah 47:6 यशायाह 47:6मैं ने अपनी प्रजा से क्रोधित होकर अपने निज भाग को अपवित्रा ठहराया और तेरे वश में कर दिया; तू न उन पर कुछ दया न की; बूढ़ों पर तू ने अपना अत्यन्त भारी जूआ रख दिया।
- Zechariah 2:8–9 जकर्याह 2:8–9क्योंकि सेनाओं का यहोवा यों कहता है, उस तेल के प्रगट होने के बाद उस ने मुझे उन जातियों के पास भेजा है जो तुम्हें लूटती थीं, क्योंकि जो तुम को छूता है, वह मेरी आंख की पुतली ही को छूता है। देखो, मैं अपना हाथ उन पर उठाऊंगा, तब वे उन्हीं से लूटे जाएंगे जो उनके दास हुए थे। तब तुम जानोगे कि सेनाओं के यहोवा ने मुझे भेजा है।
- Psalm 74:2–8 भजन संहिता 74:2–8अपनी मण्डली को जिसे तू ने प्राचीनकाल में मोल लिया था, और अपने निज भाग का गोत्रा होने के लिये छुड़ा लिया था, और इस सिरयोन पर्वत को भी, जिस पर तू ने वास किया था, स्मारण कर! अपने डग सनातन की खंडहर की ओर बढ़ा; अर्थात् उन सब बुराइयों की ओर जो शत्राृ ने पवित्रास्थान में किए हैं।। तेरे द्रोही तेरे सभास्थान के बीच गरजते रहे हैं; उन्हों ने अपनी ही ध्वजाओं को चिन्ह ठहराया है। वे उन मनुष्यों के समान थे जो घने वन के पेड़ों पर कुल्हाड़े चलाते हैं। और अब वे उस भवन की नक्काशी को, कुल्हाडियों और हथौड़ों से बिलकुल तोड़े डालते हैं। उन्हों ने तेरे पवित्रास्थान को आग में झोंक दिया है, और तेरे नाम के निवास को गिराकर अशुद्ध कर डाला है। उन्हों ने मन में कहा है कि हम इनको एकदक दबा दें; उन्हों ने इस देश में ईश्वर के सब सभास्थानों कों फूंक दिया है।।
- Proverbs 17:5 नीतिवचन 17:5जो निर्धन को ठट्ठों में उड़ाता है, वह उसके कर्त्ता की निन्दा करता है; और जो किसी की विपत्ति पर हंसता, वह निर्दोष नहीं ठहरेगा।
- Lamentations 4:21–22 विलापगीत 4:21–22हे एदोम की पुत्री, तू जो ऊज देश में रहती है, हर्षित और आनन्दित रह; परन्तु यह कटोरा तुझ तक भी पहुंचेगा, और तू मनवाली होकर अपने आप को नंगा करेगी। हे यिरयोन की पुत्री, तेरे अधर्म का दण्ड समाप्त हुआ, वह फिर तुझे बंधुआई में न ले जाएगा; परन्तु हे एदोम की पुत्री, तेरे अधर्म का दण्ड वह तुझे देगा, वह तेरे पापों को प्रगट कर देगा।
- Ezekiel 25:15–17 यहेजकेल 25:15–17परमेश्वर यहोवा यों कहता है, क्योंकि पलिश्ती लोगों ने पलटा लिया, वरन अपनी युग युग की शत्रुता के कारण अपने मन के अभिमान से बदला लिया कि नाश करें, इस कारण परमेश्वर यहोवा यों कहता है, देख, मैं पलिश्तियों के विरूद्ध अपना हाथ बढ़ाने पर हूँ, और करेतियों को मिटा डालूंगा; और समुद्रतीर के बचे हुए रहनेवालों को नाश करूंगा। और मैं जलजलाहट के साथ मुक़ मा लड़कर, उन से कड़ाई के साथ पलटा लूंगा। और जब मैं उन से बदला ले लूंगा, तब वे जान लेंगे कि मैं यहोवा हूँ।
- Psalm 83:1–5 भजन संहिता 83:1–5हे परमेश्वर मौन न रह; हे ईश्वर चुप न रह, और न शांत रह! क्योंकि देख तेरे शत्रु धूम मचा रहे हैं; और तेरे बैरियों ने सिर उठाया है। वे चतुराई से तेरी प्रजा की हानि की सम्मति करते, और तेरे रक्षित लोगों के विरूद्ध युक्तियां निकालते हैं। उन्हों ने कहा, आओ, हम उनको ऐसा नाश करें कि राज्य भी मिट जाए; और इस्त्राएल का नाम आगे को स्मरण न रहे। उन्हों ने एक मन होकर युक्ति निकाली है, और तेरे ही विरूद्ध वाचा बान्धी है।
- Ezekiel 26:2–3 यहेजकेल 26:2–3हे मनुष्य के सन्तान, सोर ने जो यरूशलेम के विष्य में कहा है, अहा, अहा। जो देश देश के लोगों के फाटक के समान थी, वह नाश होगई। उसके उजड़ जाने से मैं भरपूर हो जाऊंगा! इस कारण परमेश्वर यहोवा कहता है, हे सोर, देख, मैं तेरे पिरूद्ध हूँ; और ऐसा करूंगा कि बहुत सी जातियां तेरे विरूद्ध ऐसी उठेंगी जैसे समुद्र की लहरें उठती हैं।
- Jeremiah 46:21 यिर्मयाह 46:21उसके जो सिपाही किराये पर आए हैं वह पोसे हुए बछड़ों के समान हैं; उन्हों ने मुंह मोड़ा, और एक संग भाग गए, वे खड़े नहीं रहे; क्योंकि उनकी विपत्ति का दिन और दण्ड पाने का समय आ गया।
- Psalm 79:1–4 भजन संहिता 79:1–4हे परमेश्वर अन्यजातियां तेरे निज भग में घुस आई; उन्हों ने तेेरे पवित्रा मन्दिर को अशुठ्ठ किया; और यरूशलेम को खंडहर कर दिया है। उन्हों ने तेरे दासों की लोथों को आकाश के पक्षियों का आहार कर दिया, और तेरे भक्तों का मांस वनपशुओें को खिला दिया है। उन्हों ने उनका लोहू यरूशलेम के चारों ओर जल की नाई बहाया, और उनको मिट्टी देनेवाला कोई न था। पड़ोसियों के बीच हमारी नामधराई हुई; चारों ओर के रहनेवाले हम पर हंसते, और ठट्ठा करते हैं।।
- Lamentations 2:15–16 विलापगीत 2:15–16सब बटोही तुझ पर ताली बजाते हैं; वे यरूशलेम की पुत्री पर यह कहकर ताली बजाते और सिर हिलाते हैं, क्या यह वही नगरी है जिसे परमसुन्दरी और सारी पृथ्वी के हर्ष का कारण कहते थे? तेरे सब शत्रुओं ने तुझ पर मुंह पसारा है, वे ताली बजाते और दांत पीसते हैं, वे कहते हैं, हम उसे निगल गए हैं! जिस दिन की बाट हम जोहते थे, वह यही है, वह हम को मिल गया, हम उसको देख चुके हैं!
- Lamentations 1:21 विलापगीत 1:21उन्होंने सुना है कि मैं कराहती हूँ, परन्तु कोई मुझे शान्ति नहीं देता। मेरे सब शत्रुओं ने मेरी विपत्ति का समाचार सुना है; वे इस से हषिर्त हो गए कि तू ही ने यह किया है। परन्तु जिस दिन की चर्चा तू ने प्रचार कर के सुनाई है उसको तू दिखा, तब वे भी मेरे समान हो जाएंगे।