Jeremiah · chapter 7 · verse 28
Jeremiah 7:28 in Hindi
तब तू उन से कह देना, यह वही जाति है जो अपने परमेश्वर यहोवा की नहीं सुनती, और ताड़ना से भी नहीं मानती; सच्चाई नाश हो गई, और उनके मुंह से दूर हो गई है।
Tab too un se kah denaa, yah vahee jaati hai jo apane parameshvar yahovaa kee naheem sunatee, aur taadanaa se bhee naheem maanatee; sachchaaee naash ho gaee, aur unake munh se door ho gaee hai.
Jeremiah 7:28 in English
- King James Version (KJV)
- But thou shalt say unto them, This [is] a nation that obeyeth not the voice of the LORD their God, nor receiveth correction: truth is perished, and is cut off from their mouth.
- World English Bible (WEB)
- You shall tell them, ‘This is the nation that has not listened to the LORD their God’s voice, nor received instruction. Truth has perished, and is cut off from their mouth.’
- American Standard Version (ASV)
- And thou shalt say unto them, This is the nation that hath not hearkened to the voice of Jehovah their God, nor received instruction: truth is perished, and is cut off from their mouth.
- Bible in Basic English (BBE)
- And you are to say to them, This is the nation which has not given ear to the voice of their God, or taken his teaching to heart: good faith is dead and is cut off from their mouths.
- Darby Translation (DBY)
- And thou shalt say unto them, This is the nation which hath not hearkened unto the voice of Jehovah their God, nor received correction; fidelity is perished, and is cut off from their mouth.
- Webster's Bible (WBS)
- But thou shalt say to them, This [is] a nation that obeyeth not the voice of the LORD their God, nor receiveth correction: truth hath perished, and is cut off from their mouth.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And thou hast said unto them: This [is] the nation that hath not hearkened, To the voice of Jehovah its God, Nor have they accepted instruction, Perished hath stedfastness, Yea, it hath been cut off from their mouth.
Read in context
- 26परन्तु उन्हों ने मेरी नहीं सुनी, न अपना कान लगाया; उन्हों ने हठ किया, और अपने पुरखाओं से बढ़कर बुराइयां की हैं।
- 27तू सब बातें उन से कहेगा पर वे तेरी न सुनेंगे; तू उनको बुलाएगा, पर वे न बोलेंगे।
- 28तब तू उन से कह देना, यह वही जाति है जो अपने परमेश्वर यहोवा की नहीं सुनती, और ताड़ना से भी नहीं मानती; सच्चाई नाश हो गई, और उनके मुंह से दूर हो गई है।
- 29अपने बाल मुंड़ाकर फेंक दे; मुण्डे टीलों पर चढ़कर विलाप का गीत गा, क्योंकि यहोवा ने इस समय के निवासियों पर क्रोध किया और उन्हें निकम्मा जानकर त्याग दिया है।
- 30यहोवा की यह वाणी है, इसका कारण यह है कि यहूदियों ने वह काम किया है, जो मेरी दृष्टि में बुरा है; उन्हों ने उस भवन में जो मेरा कहलाता है, अपनी घृणित वस्तुएं रखकर उसे अशुठ्ठ कर दिया है।
Cross references
- Isaiah 59:14–15 यशायाह 59:14–15न्याय तो पीछे हटाया गया और धर्म दूर खड़ा रह गया; सच्चाई बाजार में गिर पड़ी और सिधाई प्रवेश नहीं करने पाती। हां, सच्चाई खोई, और जो बुराई से भागता है सो शिकार हो जाता है।। यह देखकर यहोवा ने बुरा माना, क्योंकि न्याय जाता रहा,
- Zephaniah 3:2 सपन्याह 3:2उस ने मेरी नहीं सुनी, उस ने ताड़ना से भी नहीं माना, उस ने यहोवा पर भरोसा नहीं रखा, वह अपने परमेश्वर के समीप नहीं आई।।
- Proverbs 1:7 नीतिवचन 1:7यहोवा का भय मानना बुद्धि का मूल है; बुद्धि और शिक्ष को मूढ़ ही लोग तुच्छ जानते हैं।।
- Isaiah 1:4–5 यशायाह 1:4–5हाय, यह जाति पाप से कैसी भरी है! यह समाज अधर्म से कैसा लदा हुआ है! इस वंश के लोग कैसे कुकर्मी हैं, ये लड़केबाले कैसे बिगड़े हुए हैं! उन्हों ने यहोवा को छोड़ दिया, उन्हों ने इस्राएल के पवित्रा को तुच्छ जाना है! वे पराए बनकर दूर हो गए हैं।। तुम बलवा कर करके क्यों अधिक मार खाना चाहते हो? तुम्हारा सिर घावों से भर गया, और तुम्हारा हृदय दु:ख से भरा है।
- Jeremiah 32:33 यिर्मयाह 32:33उन्होंने मेरी ओर मुंह नहीं वरन पीठ ही फेर दी है; यद्यपि मैं उन्हें बड़े यत्न से सिखाता आया हूँ, तौभी उन्होंने मेरी शिक्षा को नहीं माना।
- Micah 7:2–5 मीका 7:2–5भक्त लोग पृथ्वी पर से नाश हो गए हैं, और मनुष्यों में एक भी सीधा नहीं जन नहीं रहा; वे सब के सब हत्या के लिये घात लगाते, और जाल लगाकर अपने अपने भाई का आहेर करते हैं। वे अपने दोनों हाथों से मन लगाकर बुराई करते हैं; हाकिम घूस मांगता, और न्यायी घूस लेने को तैयार रहता है, और रईस अपने मन की दुष्टता वर्णन करता है; इसी प्रकार से वे सब मिलकर जालसाजी करते हैं। उन में से जो सब से उत्तम है, जो सब से सीधा है, वह कांटेवाले बाड़े से भी बुरा है। तेरे पहरूओं का कहा हुआ दिन, अर्थात् तेरे दण्ड का दिन आ गया है। अब वे शीघ्र चौंधिया जाएंगे। मित्रा पर विश्वास मत करो, परममित्रा पर भी भरोसा मत रखो; वरन अपनी अर्द्धागिन से भी संभलकर बोलना।
- Jeremiah 6:8 यिर्मयाह 6:8हे यरूशलेम, ताड़ना से ही मान ले, नहीं तो तू मेरे मन से भी उतर जाएगी; और, मैं तुझ को उजाड़कर निर्जन कर डालूंगा।
- Jeremiah 5:3 यिर्मयाह 5:3हे यहोवा, क्या तेरी दृष्टि सच्चाई पर नहीं है? तू ने उनको दु:ख दिया, परन्तु वे शोकित नहीं हुए; तू ने उनको नाश किया, परन्तु उन्हों ने ताड़ना से भी नहीं माना। उन्हों ने अपना मन चट्टान से भी अधिक कठोर किया है; उन्हों ने पश्चात्ताप करने से इनकार किया है।
- Jeremiah 9:3–8 यिर्मयाह 9:3–8अपनी अपनी जीभ को वे धनुष की नाई झूठ होलने के लिये तैयार करते हैं, और देश में बलवन्त तो हो गए, परन्तु सच्चाई के लिये नहीं; वे बुराई पर बुराई बढ़ाते जाते हैं, और वे मुझ को जानते ही नहीं, यहोवा की यही वाणी है। अपने अपने संगी से चौकस रहो, अपने भाई पर भी भरोसा न रखो; क्योंकि सब भाई निश्चय अड़ंगा मारेंगे, और हर एक पड़ोसी लुतराई करते फिरेंगे। वे एक दूसरे को ठगेंगे और सच नहीं बोलेंगे; उन्हों ने झूठ ही बोलना सीखा है; और कुटिलता ही में परिश्रम करते हैं। तेरा निवास छल के बीच है; छल ही के कारण वे मेरा ज्ञान नहीं चाहते, यहोवा की यही वाणी है। इसलिये सेनाओं का यहोवा यों कहता है, देख, मैं उनको तपाकर परखूंगा, क्योंकि अपनी प्रजा के कारण मैं उन से और क्या कर सकता हूं? उनकी जीभ काल के तीर के समान बेधनेवाली है, उस से छल की बातें निकलती हैं; वे मुंह से तो एक दूसरे से मेल की बात बोलते हैं पर मन ही मन एक दूसरे की घात में लगे रहते हैं।
- Jeremiah 5:1 यिर्मयाह 5:1यरूशलेम की सड़कों में इधर उधर दौड़कर देखो! उसके चौकों में ढूंढ़ो यदि कोई ऐसा मिल सके जो त्याय से काम करे और सच्चाई का खोजी हो; तो मैं उसका पाप क्षमा करूंगा।
- Zephaniah 3:7 सपन्याह 3:7मैं ने कहा, अब तू मेरा भय मानेगी, और मेरी ताड़ना अंगीकार करेगी जिस से उसका धाम उस सब के अनुसर जो मैं ने ठहराया था, नाश न हो। परन्तु वे सब प्रकार के बुरे बुरे काम यत्न से करने लगे।।
- Jeremiah 2:30 यिर्मयाह 2:30मैं ने व्यर्थ ही तुम्हारे बेटों की ताड़ना की, उन्हों ने कुछ भी नहीं माना; तुम ने अपने भविष्यद्वक्ताओं को अपनी ही तलवार से ऐसा काट डाला है जैसा सिंह फाड़ता है।