Mark · chapter 2 · verse 3
Mark 2:3 in Hindi
और लोग एक झोले के मारे हुए को चार मनुष्यों से उठवाकर उसके पास ले आए।
Aur log ek jhole ke maare hue ko chaar manushyom se uthavaakar usake paas le aae.
Mark 2:3 in English
- King James Version (KJV)
- And they come unto him, bringing one sick of the palsy, which was borne of four.
- World English Bible (WEB)
- Four people came, carrying a paralytic to him.
- American Standard Version (ASV)
- And they come, bringing unto him a man sick of the palsy, borne of four.
- Bible in Basic English (BBE)
- And four men came to him with one on a bed who had no power of moving.
- Darby Translation (DBY)
- And there come to him [men] bringing a paralytic, borne by four;
- Webster's Bible (WBS)
- And they come to him, bringing one sick with the palsy, who was borne by four.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And they come unto him, bringing a paralytic, borne by four,
Read in context
- 1कई दिन के बाद वह फिर कफरनहूम में आया और सुना गया, कि वह घर में है।
- 2फिर इतने लोग इकट्ठे हुए, कि द्वार के पास भी जगह नहीं मिली; और वह उन्हें वचन सुना रहा था।
- 3और लोग एक झोले के मारे हुए को चार मनुष्यों से उठवाकर उसके पास ले आए।
- 4परन्तु जब वे भीड़ के कारण उसके निकट न पंहुच सके, तो उन्हों ने उस छत को जिस के नीचे वह था, खोल दिया और जब उसे उधेड़ चुके, तो उस खाट को जिस पर झोले का मारा हुआ पड़ा था, लटका दिया।
- 5यीशु न, उन का विश्वास देखकर, उस झोले के मारे हुए से कहा; हे पुत्रा, तेरे पाप क्षमा हुए।
Cross references
- Luke 5:18–26 लूका 5:18–26और देखो कई लोग एक मनुष्य को जो झोले का मारा हुआ था, खाट पर लाए, और वे उसे भीतर ले जाने और यीशु के साम्हने रखने का उपाय ढूंढ़ रहे थे। और जब भीड़ के कारण उसे भीतर न ले जा सके तो उन्हों ने कोठे पर चढ़ कर और खप्रैल हटाकर, उसे खाट समेत बीच में यीशु के साम्हने उतरा दिया। उस ने उन का विश्वास देखकर उस से कहा; हे मनुष्य, तेरे पाप क्षमा हुए। तब शास्त्री और फरीसी विवाद करने लगे, कि यह कौन है, जो परमेश्वर की निन्दा करता है? परमेश्वर का छोड़ कौन पापों की क्षमा कर सकता है? यीशु ने उन के मन की बातें जानकर, उन से कहा कि तुम अपने मनों में क्या विवाद कर रहे हो? सहज क्या है? क्या यह कहना, कि तेरे पाप क्षमा हुए, या यह कहना कि उठ, और चल फिर? परन्तु इसलिये कि तुम जानो कि मनुष्य के पुत्रा को पृथ्वी पर पाप क्षमा करने का भी अधिकार है (उस ने उस झोले के मारे हुए से कहा), मैं तुझ से कहता हूं, उठ और अपनी खाट उठाकर अपने घर चला जा। वह तुरन्त उन के साम्हने उठा, और जिस पर वह पड़ा था उसे उठाकर, परमेश्वर की बड़ाई करता हुआ अपने घर चला गया। तब सब चकित हुए और परमेश्वर की बड़ाई करने लगे, और बहुत डरकर कहने लगे, कि आज हम ने अनोखी बातें देखी हैं।।
- Matthew 9:1–8 मत्ती 9:1–8फिर वह नाव पर चढ़कर पार गया; और अपने नगर में आया। और देखो, कई लोग एक झोले के मारे हुए को खाट पर रखकर उसके पास लाए; यीशु ने उन का विश्वास देखकर, उस झोले के मारे हुए से कहा; हे पुत्रा, ढाढ़स बान्ध; तेरे पाप क्षमा हुए। और देखो, कई शास्त्रियों ने सोचा, कि यह तो परमेश्वर की निन्दा करता है। यीशु ने उन के मन की बातें मालूम करके कहा, कि तुम लोग अपने अपने मन में बुरा विचार क्यों कर रहे हो? सहज क्या है, यह कहना, कि तेरे पाप क्षमा हुए; या यह कहना कि उठ और चल फिर। परन्तु इसलिये कि तुम जान लो कि मनुष्य के पुत्रा को पृथ्वी पर पाप क्षमा करने का अधिकार है (उस ने झोले के मारे हुए से कहा ) उठ: अपनी खाट उठा, और अपने घर चला जा। वह उठकर अपने घर चला गया। लोग यह देखकर डर गए और परमेश्वर की महिमा करने लगे जिस ने मनुष्यों को ऐसा अधिकार दिया है।।
- Matthew 4:24 मत्ती 4:24और सारे सूरिया में उसका यश फैल गया; और लोग सब बीमारों को, जो नाना प्रकार की बीमारियों और दुखों में जकड़े हुए थे, और जिन में दुष्टात्माएं थीं और मिर्गीवालों और झोले के मारे हुओं को उसके पास लाए और उस ने उन्हें चंगा किया।