Nehemiah · chapter 4 · verse 5
Nehemiah 4:5 in Hindi
और उनका अधर्म तू न ढांप, और न उनका पाप तेरे सम्मुख से मिटाया जाए; क्योंकि उन्हों ने तुझे शहरपनाह बनानेवालों के साम्हने क्रोध दिलाया है।
Aur unakaa adharm too na dhaamp, aur na unakaa paap tere sammukh se mitaayaa jaae; kyonki unhom ne tujhe shaharapanaah banaanevaalom ke saamhane krodh dilaayaa hai.
Nehemiah 4:5 in English
- King James Version (KJV)
- And cover not their iniquity, and let not their sin be blotted out from before thee: for they have provoked [thee] to anger before the builders.
- World English Bible (WEB)
- Don’t cover their iniquity. Don’t let their sin be blotted out from before you; for they have insulted the builders.”
- American Standard Version (ASV)
- and cover not their iniquity, and let not their sin be blotted out from before thee; for they have provoked [thee] to anger before the builders.
- Bible in Basic English (BBE)
- Let not their wrongdoing be covered or their sin washed away from before you: for they have made you angry before the builders.
- Darby Translation (DBY)
- And cover not their iniquity, and let not their sin be blotted out from before thee; for they have provoked the builders.
- Webster's Bible (WBS)
- And cover not their iniquity, and let not their sin be blotted out from before thee: for they have provoked [thee] to anger before the builders.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and do not cover over their iniquity, and their sin from before Thee let not be blotted out, for they have provoked to anger — over-against those building.
Read in context
- 3उसके पास तो अम्मोनी तोबियाह था, और वह कहने लगा, जो कुछ वे बना रहे हैं, यदि कोई गीदड़ भी उस पर चढ़े, तो वह उनकी बनाई हुई पत्थर की शहरपनाह को तोड़ देगा।
- 4हे हमारे परमेश्वर सुन ले, कि हमारा अपमान हो रहा है; और उनका किया हुआ अपमान उन्हीं के सिर पर लौटा दे, और उन्हें बन्धुआई के देश में लुटवा दे।
- 5और उनका अधर्म तू न ढांप, और न उनका पाप तेरे सम्मुख से मिटाया जाए; क्योंकि उन्हों ने तुझे शहरपनाह बनानेवालों के साम्हने क्रोध दिलाया है।
- 6और हम लोगों ने शहरपनाह को बनाया; और सारी शहरपनाह आधी ऊंचाई तक जुड़ गई। क्योंकि लोगों का मन उस काम में नित लगा रहा।
- 7जब सम्बल्लत और तोबियाह और अरबियों, अम्मोनियों और अशदोदियों ने सुना, कि यरूशलेम की शहरपनाह की मरम्मत होती जाती है, और उस में के नाके बन्द होने लगे हैं, तब उन्हों ने बहुत ही बुरा माना;
Cross references
- Jeremiah 18:23 यिर्मयाह 18:23हे यहोवा, तू उनकी सब युक्तियां जानता है जो वे मेरी मृत्यु के लिये करते हैं। इस कारण तू उनके इस अधर्म को न ढांप, न उनके पाप को अपने साम्हने से मिटा। वे तेरे देखते ही ठोकर खाकर गिर जाएं, अपने क्रोध में आकर उन से इसी प्रकार का व्यवहार कर।
- Psalm 109:14 भजन संहिता 109:14उसके पितरों का अधर्म यहोवा को स्मरण रहे, और उसकी माता का पाप न मिटे!
- Psalm 69:27–28 भजन संहिता 69:27–28उनके अधर्म पर अधर्म बढ़ा; और वे तेरे धर्म को प्राप्त न करें। उनका नाम जीवन की पुस्तक में से काटा जाए, और धर्मियों के संग लिखा न जाए।।
- 2 Timothy 4:14 2 तीमुथियुस 4:14सिकन्दर ठठेरे ने मुझ से बहुत बुराइयां की हैं प्रभु उसे उसके कामों के अनुसार बदला देगा।
- Isaiah 44:22 यशायाह 44:22मैं ने तेरे अपराधों को काली घटा के समान और तेरे पापों को बादल के समान मिटा दिया है; मेरी ओर फिर लौट आ, क्योंकि मैं ने तुझे छुड़ा लिया है।।
- Psalm 51:1 भजन संहिता 51:1हे परमेश्वर, अपनी करूणा के अनुसार मुझ पर अनुग्रह कर; अपनी बड़ी दया के अनुसार मेरे अपराधों को मिटा दे।
- Isaiah 43:25 यशायाह 43:25मैं वही हूं जो अपने नाम के निमित्त तेरे अपराधों को मिटा देता हूं और तेरे पापों को स्मरण न करूंगा।
- Psalm 51:9 भजन संहिता 51:9अपना मुख मेरे पापों की ओर से फेर ले, और मेरे सारे अधर्म के कामों को मिटा डाल।।
- Psalm 59:5–13 भजन संहिता 59:5–13हे सेनाओं के परमेश्वर यहोवा, हे इस्राएल के परमेश्वर सब अन्यजातिवालों को दण्ड देने के लिये जाग; किसी विश्वासघाती अत्याचारी पर अनुग्रह न कर।। वे लागे सांझ को लौटकर कुत्ते की नाईं गुर्राते हैं, और नगर के चारों ओर घूमते हैं। देख वे डकारते हैं, उनके मुंह के भीतर तलवारें हैं, क्योंकि वे कहते हैं, कौन सुनता है? परन्तु हे यहोवा, तू उन पर हंसेगा; तू सब अन्य जातियों को ठट्ठां में उड़ाएगा। हे मेरे बल, मुझे तेरी ही आस होगी; क्योंकि परमेश्वर मेरा ऊंचा गढ़ है।। परमेश्वर करूणा करता हुआ मुझ से मिलेगा; परमेश्वर मेरे द्रोहियों के विषय मेरी इच्छा पूरी कर देगा।। उन्हें घात न कर, न हो कि मेरी प्रजा भूल जाए; हे प्रभु, हे हमारी ढाल! अपनी शक्ति के उन्हें तितर बितर कर, उन्हें दबा दे। वह अपने मुंह के पाप, और ओठों के वचन, और शाप देने, और झूठ बोलने के कारण, अभिमान में फंसे हुए पकड़े जाएं। जलजलाहट में आकर उनका अन्त कर, उनका अन्त कर दे ताकि वे नष्ट हो जाएं तब लोग जानेंगे कि परमेश्वर याकूब पर, वरन पृथ्वी की छोर तक प्रभुता करता है।।