Proverbs · chapter 21 · verse 18
Proverbs 21:18 in Hindi
दुष्ट जन धर्मी की छुडौती ठहरता है, और विश्वासघाती सीधे लोगों की सन्ती दण्ड भोगते हैं।
Dusht jan dharmee kee chhudautee thaharataa hai, aur vishvaasaghaatee seedhe logom kee santee dand bhogate hain.
Proverbs 21:18 in English
- King James Version (KJV)
- The wicked [shall be] a ransom for the righteous, and the transgressor for the upright.
- World English Bible (WEB)
- The wicked is a ransom for the righteous, the treacherous for the upright.
- American Standard Version (ASV)
- The wicked is a ransom for the righteous; And the treacherous [cometh] in the stead of the upright.
- Bible in Basic English (BBE)
- The evil-doer will be given as a price for the life of the good man, and the worker of deceit in the place of the upright.
- Darby Translation (DBY)
- The wicked is a ransom for the righteous, and a treacherous [man] in the stead of the upright.
- Webster's Bible (WBS)
- The wicked [shall be] a ransom for the righteous, and the transgressor for the upright.
- Young's Literal Translation (YLT)
- The wicked [is] an atonement for the righteous, And for the upright the treacherous dealer.
Read in context
- 16जो मनुष्य बुद्धि के मार्ग से भटक जाए, उसका ठिकाना मरे हुओं के बीच में होगा।
- 17जो रागरंग से प्रीति रखता है, वह कंगाल होता है; और दो दाखमधु पीने और तेल लगाने से प्रीति रखता है, वह धनी नहीं होता।
- 18दुष्ट जन धर्मी की छुडौती ठहरता है, और विश्वासघाती सीधे लोगों की सन्ती दण्ड भोगते हैं।
- 19झगड़ालू और चिढ़नेवाली पत्नी के संग रहने से जंगल में रहना उत्तम है।
- 20बुद्धिमान के घर में उत्तम धन और तेल पाए जाते हैं, परन्तु मूर्ख उनको उड़ा डालता है।
Cross references
- Proverbs 11:8 नीतिवचन 11:8धर्मी विपत्ति से छूट जाता है, परन्तु दुष्ट उसी विपत्ति में पड़ जाता है।
- Isaiah 43:3–4 यशायाह 43:3–4क्योंकि मैं यहोवा तेरा परमेश्वर हूं, इस्राएल का पवित्रा मैं तेरा उद्धारकर्ता हूं। तेरी छुड़ौती में मैं मि को और तेरी सन्ती कूश और सबा को देता हूं। मेरी दृष्टि में तू अनमोल और प्रतिष्ठित ठहरा है और मैं तुझ से प्रेम रखता हूं, इस कारण मैं तेरी सन्ती मनुष्यों को और तेरे प्राण के बदले में राज्य राज्य के लोगों को दे दूंगा।
- Isaiah 53:4–5 यशायाह 53:4–5निश्चय उस ने हमारे रोगों को सह लिया और हमारे ही दु:खों को उठा लिया; तौभी हम ने उसे परमेश्वर का मारा- कूटा और दुर्दशा में पड़ा हुआ समझा। परन्तु वह हमारे ही अपराधो के कारण घायल किया गया, वह हमारे अधर्म के कामों के हेतु कुचला गया; हमारी ही शान्ति के लिये उस पर ताड़ना पड़ी कि उसके कोड़े खाने से हम चंगे हो जाएं।
- 1 Peter 3:18 1 पतरस 3:18इसलिये कि मसीह ने भी, अर्थात् अधर्मियों के लिये धर्मी ने पापों के कारण एक बार दुख उठाया, ताकि हमें परमेश्वर के पास पहुंचाए: वह शरीर के भाव से तो घात किया गया, पर आत्मा के भाव से जिलाया गया।
- Isaiah 55:8–9 यशायाह 55:8–9क्योंकि यहोवा कहता है, मेरे विचार और तुम्हारे विचार एक समान नहीं है, न तुम्हारी गति और मेरी गति एक सी है। क्योंकि मेरी और तुम्हारी गति में और मेरे और तुम्हारे सोच विचारों में, आकाश और पृथ्वी का अन्तर है।।