Psalms · chapter 145 · verse 18
Psalm 145:18 in Hindi
जिनते यहोवा को पुकारते हैं, अर्थात् जितने उसको सच्चाई से पुकारते हें; उन सभों के वह निकट रहता है।
Jinate yahovaa ko pukaarate haim, arthaat jitane usako sachchaaee se pukaarate hem; un sabhom ke vah nikat rahataa hai.
Psalm 145:18 in English
- King James Version (KJV)
- The LORD [is] nigh unto all them that call upon him, to all that call upon him in truth.
- World English Bible (WEB)
- The LORD is near to all those who call on him, to all who call on him in truth.
- American Standard Version (ASV)
- Jehovah is nigh unto all them that call upon him, To all that call upon him in truth.
- Bible in Basic English (BBE)
- The Lord is near all those who give honour to his name; even to all who give honour to him with true hearts.
- Darby Translation (DBY)
- Jehovah is nigh unto all that call upon him, unto all that call upon him in truth.
- Webster's Bible (WBS)
- The LORD [is] nigh to all them that call upon him, to all that call upon him in truth.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Near [is] Jehovah to all those calling Him, To all who call Him in truth.
Read in context
- 16तू अपनी मुट्ठी खोलकर, सब प्राणियों को आहार से तृप्त करता है।
- 17यहोवा अपनी सब गति में धर्मी और अपने सब कामों मे करूणामय है।
- 18जिनते यहोवा को पुकारते हैं, अर्थात् जितने उसको सच्चाई से पुकारते हें; उन सभों के वह निकट रहता है।
- 19वह अपने डरवैयों की इच्छा पूरी करता है, ओर उनकी दोहाई सुनकर उनका उद्धार करता है।
- 20यहोवा अपने सब प्रेमियों की तो रक्षा करता, परन्तु सब दुष्टों को सत्यानाश करता है।।
Cross references
- Jeremiah 29:12–13 यिर्मयाह 29:12–13तब उस समय तुम मुझ को पुकारोगे और आकर मुझ से प्रार्थना करोगे और मैं तुम्हारी सुनूंगा। तुम मुझे ढूंढ़ोगे और पाओगे भी; क्योंकि तुम अपने सम्पूर्ण मन से मेरे पास आओगे।
- Psalm 34:18 भजन संहिता 34:18यहोवा टूटे मनवालों के समीप रहता है, और पिसे हुओं का उद्वार करता है।।
- Deuteronomy 4:7 व्यवस्थाविवरण 4:7देखो, कौन ऐसी बड़ी जाति है जिसका देवता उसके ऐसे समीप रहता हो जैसा हमारा परमेश्वर यहोवा, जब कि हम उस को पुकारते हैं?
- John 4:24 यूहन्ना 4:24परमेश्वर आत्मा है, और अवश्य है कि उसके भजन करनेवाले आत्मा और सच्चाई से भजन करें।
- Isaiah 58:9 यशायाह 58:9तब तू पुकारेगा और यहोवा उत्तर देगा; तू दोहाई देगा और वह कहेगा, मैं यहां हूं। यदि तू अन्धेर करना और उंगली मटकाना, और, दुष्ट बातें बोलना छोड़ दे,
- 1 John 3:20–22 1 यूहन्ना 3:20–22क्योंकि परमेश्वर हमारे मन से बड़ा है; और सब कुछ जानता है। हे प्रियो, यदि हमारा मन हमें दोष न दे, तो हमें परमेश्वर के साम्हने हियाव होता है। और जो कुछ हम मांगते हैं, वह हमें उस से मिलता है; क्योंकि हम उस की आज्ञाओं को मानते हैं; और जो उसे भाता है वही करते हैं।
- James 4:8 याकूब 4:8परमेश्वर के निकट आओ, तो वह भी तुम्हारे निकट आएगा: हे पापियों, अपने हाथ शुद्ध करो; और हे दुचित्ते लोगों अपने हृदय को पवित्रा करो।
- John 14:23 यूहन्ना 14:23यीशु ने उस को उत्तर दिया, यदि कोई मुझ से प्रेम रखे, तो वह मेरे वचन को मानेगा, और मेरा पिता उस से प्रेम रखेगा, और हम उसके पास आएंगे, और उसके साथ वास करेंगे।
- Psalm 46:5 भजन संहिता 46:5परमेश्वर उस नगर के बीच में है, वह कभी टलने का नहीं; पौ फटते ही परमेश्वर उसकी सहायता करता है।
- Matthew 6:5–8 मत्ती 6:5–8और जब तू प्रार्थना करे, तो कपटियों के समान न हो क्योंकि लोगों को दिखाने के लिये सभाओं में और सड़कों के मोड़ों पर खड़े होकर प्रार्थना करना उन को अच्छा लगता है; मैं तुम से सच कहता हूं, कि वे अपना प्रतिफल पा चुके। परन्तु जब तू प्रार्थना करे, तो अपनी कोठरी में जा; और द्वार बन्द कर के अपने पिता से जो गुप्त में है प्रार्थना कर; और तब तेरा पिता जो गुप्त में देखता है, तुझे प्रतिफल देगा। प्रार्थना करते समय अन्यजातियों की नाई बक बक न करो; क्योंकि वे समझते हैं कि उनके बहुत बोलने से उन की सुनी जाएगी। सो तुम उन की नाई न बनो, क्योंकि तुम्हारा पिता तुम्हारे मांगने से पहिले ही जानता है, कि तुम्हारी क्या क्या आवश्यक्ता है।
- Psalm 46:1 भजन संहिता 46:1परमेश्वर हमारा शरणस्थान और बल है, संकट में अति सहज से मिलनेवाला सहायक।
- Psalm 119:2 भजन संहिता 119:2क्या ही धन्य हैं वे जो उसकी चितौनियों को मानते हैं, और पूर्ण मन से उसके पास आते हैं!