Psalms · chapter 37 · verse 14
Psalm 37:14 in Hindi
दुष्ट लोग तलवार खींचे और धनुष बढ़ाए हुए हैं, ताकि दीन दरिद्र को गिरा दें, और सीधी चाल चलनेवालों को वध करें।
Dusht log talavaar kheenche aur dhanush badhaae hue haim, taaki deen daridr ko giraa dem, aur seedhee chaal chalanevaalom ko vadh karen.
Psalm 37:14 in English
- King James Version (KJV)
- The wicked have drawn out the sword, and have bent their bow, to cast down the poor and needy, [and] to slay such as be of upright conversation.
- World English Bible (WEB)
- The wicked have drawn out the sword, and have bent their bow, to cast down the poor and needy, to kill those who are upright on the path.
- American Standard Version (ASV)
- The wicked have drawn out the sword, and have bent their bow, To cast down the poor and needy, To slay such as are upright in the way.
- Bible in Basic English (BBE)
- The evil-doers have taken out their swords, their bows are bent; for crushing the poor, and to put to death those who are upright in their ways.
- Darby Translation (DBY)
- The wicked have drawn out the sword, and have bent their bow, to cast down the afflicted and needy, to slay those that are upright in [the] way:
- Webster's Bible (WBS)
- The wicked have drawn out the sword, and have bent their bow, to cast down the poor and needy, [and] to slay such as are of upright deportment.
- Young's Literal Translation (YLT)
- A sword have the wicked opened, And they have trodden their bow, To cause to fall the poor and needy, To slaughter the upright of the way.
Read in context
- 12दुष्ट धर्मी के विरूद्ध बुरी युक्ति निकालता है, और उस पर दांत पीसता है;
- 13परन्तु प्रभु उस पर हंसेगा, क्योंकि वह देखता है कि उसका दिन आनेवाला है।।
- 14दुष्ट लोग तलवार खींचे और धनुष बढ़ाए हुए हैं, ताकि दीन दरिद्र को गिरा दें, और सीधी चाल चलनेवालों को वध करें।
- 15उनकी तलवारों से उन्हीं के हृदय छिदेंगे, और उनके धनुष तोड़े जाएंगे।।
- 16धर्मी को थोड़ा से माल दुष्टों के बहुत से धन से उत्तम है।
Cross references
- Proverbs 29:27 नीतिवचन 29:27धर्मी लोग कुटिल मनुष्य से घृणा करते हैं और दुष्ट जन भी सीधी चाल चलनेवाले से घृणा करता है।।
- Psalm 11:2 भजन संहिता 11:2क्योंकि देखो, दुष्ट अपना धनुष चढ़ाते हैं, और अपना तीर धनुष की डोरी पर रखते हैं, कि सीधे मनवालों पर अन्धियारे में तीर चलाएं।
- 1 John 3:12 1 यूहन्ना 3:12और कैन के समान न बनें, जो उस दुष्ट से था, और जिस ने अपने भाई को घात किया: और उसे किस कारण घात किया? इस कारण कि उसके काम बुरे थे, और उसके भाई के काम धर्म के थे।।
- Proverbs 29:10 नीतिवचन 29:10हत्यारे लोग खरे पुरूष से बैर रखते हैं, और सीधे लोगों के प्राण की खोज करते हैं।
- Psalm 35:10 भजन संहिता 35:10मेरी हड्डी हड्डी कहेंगी, हे यहोवा तेरे तुल्य कौन है, जो दी को बड़े बड़े बलवन्तों से बचाता है, और लुटेरों से दीन दरिद्र लोगों की रक्षा करता है?
- Psalm 64:2–6 भजन संहिता 64:2–6कुकर्मियों की गोष्ठी से, और अनर्थकारियों के हुल्लड़ से मेरी आड़ हो। उन्हों ने अपनी जीभ को तलवार की नाईं तेज किया है, और अपने कड़वे बचनों के तीरों को चढ़ाया है; ताकि छिपकर खरे मनुष्य को मारें; वे निडर होकर उसको अचानक मारते भी हैं। वे बुरे काम करने को हियाव बान्धते हैं; वे फन्दे लगने के विषय बातचीत करते हैं; और कहते हैं, कि हम को कौन देखेगा? वे कुटिलता की युक्ति निकालते हैं; और कहते हैं, कि हम ने पक्की युक्ति खोजकर निकाली है। क्योंकि मनुष्य का मन और हृदय अथाह हैं!
- 1 Samuel 24:11 1 शमूएल 24:11फिर, हे मेरे पिता, देख, अपने बागे की छोर मेरे हाथ में देख; मैं ने तेरे बागे की छोर तो काट ली, परन्तु तुझे घात न किया; इस से निश्चय करके जान ले, कि मेरे मन में कोई बुराई वा अपराध का सोच नहीं है। और मैं ने तेरा कुछ अपराध नहीं किया, परन्तु तू मेरे प्राण लेने को मानो उसका अहेर करता रहता है।
- 1 Samuel 24:17 1 शमूएल 24:17फिर उस ने दाऊद से कहा, तू मुझ से अधिक धर्मी है; तू ने तो मेरे साथ भलाई की है, परन्तु मैं ने तेरे साथ बुराई की।
- Acts 7:52 प्रेरितों के काम 7:52भविष्यद्वक्ताओं में से किस को तुम्हारे बाप दादों ने नहीं सताया, और उन्होंने उस धर्मी के आगमन का पूर्वकाल से सन्देश देने वालों को मार डाला, और अब तुम भी उसके पकड़वाने वाले और मार डालने वाले हुए।
- Acts 12:11 प्रेरितों के काम 12:11तब पतरस ने सचेत होकर कहा; अब मैं ने सच जान लिया कि प्रभु ने अपना स्वर्गदूत भेजकर मुझे हेरोदेस के हाथ से छुड़ा लिया, और यहूदियों की सारी आशा तोड़ दी।
- Habakkuk 1:13 हबक्कूक 1:13तेरी आंखें ऐसी शुद्ध हैं कि तू बुराई को देख ही नहीं सकता, और उत्पात को देखकर चुप नहीं रह सकता; फिर तू विश्वासघातियों को क्यों देखता रहता, और जब दुष्ट निर्दोष को निगल जाता है, तब तू क्यों चुप रहता है?
- Matthew 23:30–34 मत्ती 23:30–34और कहते हो, कि यदि हम अपने बापदादों के दिनों में होते तो भविष्यद्वक्ताओं की हत्या में उन के साझी न होते। इस से तो तुम अपने पर आप ही गवाही देते हो, कि तुम भविष्यद्वक्ताओं के घातकों की सन्तान हो। सो तुम अपने बापदादों के पाप का घड़ा भर दो। हे सांपो, हे करैतों के बच्चो, तुम नरक के दण्ड से क्योंकर बचोगे? इसलिये देखो, मैं तुम्हारे पास भविष्यद्वक्ताओं और बुद्धिमानों और शास्त्रियों को भेजता हूं; और तुम उन में से कितनों को मार डालोगे, और क्रूस पर चढ़ाओगे; और कितनों को अपनी सभाओं में कोड़े मारोगे, और एक नगर से दूसरे नगर में खदेड़ते फिरोगे।