Psalms · chapter 43 · verse 2
Psalm 43:2 in Hindi
क्योंकि हे परमेश्वर, तू ही मेरी शरण है, तू ने क्यों मुझे त्याग दिया है? मैं शत्रु के अन्धेर के मारे शोक का पहिरावा पहिने हुए क्यों फिरता रहूं?
Kyonki he parameshvar, too hee meree sharan hai, too ne kyom mujhe tyaag diyaa hai? Maim shatru ke andher ke maare shok kaa pahiraavaa pahine hue kyom phirataa rahoom?
Psalm 43:2 in English
- King James Version (KJV)
- For thou [art] the God of my strength: why dost thou cast me off? why go I mourning because of the oppression of the enemy?
- World English Bible (WEB)
- For you are the God of my strength. Why have you rejected me? Why do I go mourning because of the oppression of the enemy?
- American Standard Version (ASV)
- For thou art the God of my strength; why hast thou cast me off? Why go I mourning because of the oppression of the enemy?
- Bible in Basic English (BBE)
- You are the God of my strength; why have you put me from you? why do I go in sorrow because of the attacks of my haters?
- Darby Translation (DBY)
- For thou art the God of my strength: why hast thou cast me off? why go I about mourning because of the oppression of the enemy?
- Webster's Bible (WBS)
- For thou [art] the God of my strength: why dost thou cast me off? why go I mourning because of the oppression of the enemy?
- Young's Literal Translation (YLT)
- For thou [art] the God of my strength. Why hast Thou cast me off? Why mourning do I go up and down, In the oppression of an enemy?
Read in context
- 1हे परमेश्वर, मेरा न्याय चुका और विधर्मी जाति से मेरा मुक मा लड़; मुझ को छली और कुटिल पुरूष से बचा।
- 2क्योंकि हे परमेश्वर, तू ही मेरी शरण है, तू ने क्यों मुझे त्याग दिया है? मैं शत्रु के अन्धेर के मारे शोक का पहिरावा पहिने हुए क्यों फिरता रहूं?
- 3अपने प्रकाश और अपनी सच्चाई को भेज; वे मेरी अगुवाई करें, वे ही मुझ को तेरे पवित्रा पर्वत पर और तेरे निवास स्थान में पहुंचाए!
- 4तब मैं परमेश्वर की वेदी के पास जाऊंगा, उस ईश्वर के पास जो मेरे अति आनन्द का कुण्ड है; और हे परमेश्वर, हे मेरे परमेश्वर मैं वीणा बजा बजाकर तेरा धन्यवाद करूंगा।।
Cross references
- Psalm 28:7 भजन संहिता 28:7यहोवा मेरा बल और मेरी ढ़ाल है; उस पर भरोसा रखने से मेरे मन को सहायता मिली है; इसलिये मेरा हृदय प्रफुल्लित है; और मैं गीत गाकर उसका धन्यवाद करूंगा।
- Psalm 42:9 भजन संहिता 42:9मैं ईश्वर से जो मेरी चट्टान है कहूंगा, तू मुझे क्यों भूल गया? मैं शत्रु के अन्धेर के मारे क्यों शोक का पहिरावा पहिने हुए चलता फिरता हूं?
- Ephesians 6:10 इफिसियों 6:10निदान, प्रभु में और उस की शक्ति में बलवन्त बनो।
- Psalm 94:14 भजन संहिता 94:14क्योंकि यहोवा अपनी प्रजा को न तजेगा, वह अपने निज भाग को न छोड़ेगा;
- Isaiah 40:31 यशायाह 40:31परन्तु जो यहोवा की बाट जोहते हैं, वे नया बल प्राप्त करते जाएंगे, वे उकाबों की नाई उड़ेंगे, वे दौड़ेंगे और श्रमित न होंगे, चलेंगे और थकित न होंगे।।
- Psalm 44:9 भजन संहिता 44:9तौभी तू ने अब हम को त्याग दिया और हमारा अनादर किया है, और हमारे दलों के साथ आगे नहीं जाता।
- Psalm 140:7 भजन संहिता 140:7हे यहोवा प्रभु, हे मेरे सामर्थी उद्धारकर्ता, तू ने युद्ध के दिन मेरे सिर की रक्षा की है।
- Psalm 71:9 भजन संहिता 71:9बुढ़ापे के समय मेरा त्याग न कर; जब मेरा बल घटे तब मुझ को छोड़ न दे।
- Zechariah 10:12 जकर्याह 10:12मैं उन्हें यहोवा द्वारा पराक्रमी करूंगा, और वे उसके नाम से चलें फिरेंगे, यहोवा की यही वाणी है।।
- Isaiah 45:24 यशायाह 45:24लोग मेरे विषय में कहेंगे, केवल यहोवा ही में धर्म और शक्ति है। उसी के पास लोग आएंगे। और जो उस से रूठे रहेंगे, उन्हें लज्जित होना पड़ेगा।
- 1 Chronicles 28:9 1 इतिहास 28:9और हे मेरे पुत्रा सुलैमान! तू अपने पिता के परमेश्वर का ज्ञान रख, और खरे मन और प्रसन्न जीव से उसकी सेवा करता रह; क्योंकि यहोवा मन को जांचता और विचार में जो कुछ उत्पन्न होता है उसे समझता है। यदि तू उसकी खोज में रहे, तो वह तुझ को मिलेगा; परन्तु यदि तू उसको त्याग दे तो वह सदा के लिये तुझ को छोड़ देगा।
- Exodus 15:2 निर्गमन 15:2यहोवा मेरा बल और भजन का विषय है, और वही मेरा उद्धार भी ठहरा है; मेरा ईश्वर वही है, मैं उसी की स्तुति करूंगा, (मैं उसके लिये निवासस्थान बनाऊंगा ), मेरे पूर्वजों का परमेश्वर वही है, मैं उसको सराहूंगा।।